माकपा ने तृणमूल कांग्रेस पर वोट लूटकर कोलकाता नगर निगम केएमसी का चुनाव जीतने का आरोप लगाया

वरिष्ठ माकपा नेता राबिन देब ने चुनाव के नतीजे आने के बाद संवाददाता सम्मेलन कर कहा-वोट लूटने के लिए तृणमूल राज्य चुनाव आयोग और पुलिस सब एकजुट हो गए थे। भाजपा ने भी इसमें मदद की। माकपा तृणमूल के काले कारनामों का पर्दाफाश करना जारी रखेगी।

Vijay KumarPublish: Tue, 21 Dec 2021 09:41 PM (IST)Updated: Tue, 21 Dec 2021 09:41 PM (IST)
माकपा ने तृणमूल कांग्रेस पर वोट लूटकर कोलकाता नगर निगम केएमसी का चुनाव जीतने का आरोप लगाया

राज्य ब्यूरो, कोलकाता : माक्र्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) ने तृणमूल कांग्रेस पर वोट लूटकर कोलकाता नगर निगम (केएमसी) का चुनाव जीतने का आरोप लगाया है। वरिष्ठ माकपा नेता राबिन देब ने चुनाव के नतीजे आने के बाद संवाददाता सम्मेलन कर कहा-'वोट लूटने के लिए तृणमूल, राज्य चुनाव आयोग और पुलिस सब एकजुट हो गए थे। भाजपा ने भी इसमें मदद की। तृणमूल लोकतंत्र की निर्ममतापूर्वक हत्या कर रही है। माकपा तृणमूल के काले कारनामों का पर्दाफाश करना जारी रखेगी।

देब ने आगे कहा-'वाममोर्चा ने दो वार्ड में जीत दर्ज की। कुछ वार्ड में हम बहुत कम वोटों के अंतर से हारे हैं। हमें 11 प्रतिशत वोट मिले हैं, जो पिछले दो चुनावों की तुलना में पांच प्रतिशत ज्यादा है। तृणमूल को 90 प्रतिशत सीटें और 72 प्रतिशत वोट दिलाने में भाजपा ने मदद की है। तृणमूल ने भी त्रिपुरा में हुए नगर निकायों के चुनाव में भाजपा की मदद की थी।

वहीं वरिष्ठ माकपा नेता सुजन चक्रवर्ती ने उपहास उड़ाते हुए कहा कि इतनी धांधली करने के बाद भी तृणमूल केएमसी के सभी 144 वार्डों पर कब्जा नहीं कर पाई। यह उसके लिए शर्म की बात है। राज्य चुनाव आयोग और पुलिस को साथ लेकर तृणमूल ने अपना सिंडिकेट तैयार किया, फिर भी वह 100 प्रतिशत रिजल्ट नहीं कर पाई। इस चुनावी नतीजे से बंगाल का सिर झुक गया है। यह लोकतंत्र के लिए बेहद शर्म की बात है। केएमसी चुनाव में कुछ तृणमूल प्रत्याशियों को 90 फीसद से अधिक वोट मिले हैं। नगर निकायों के चुनाव में कहीं ऐसा होता है? इस चुनाव का कोई महत्व नहीं है। दूसरी तरफ बंगाल भाजपा के प्रवक्ता शमिक भïट्टाचार्य ने कहा कि चुनावी नतीजे दर्शा रहे हैं कि केएमसी चुनाव में तृणमूल ने किस तरह से लोकतंत्र की हत्या की है।

Edited By Vijay Kumar

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