Move to Jagran APP

बंगाल को दंगे की आग में झोंकना चाहती थीं ममता, भाजपा नेता ने मुख्‍यमंत्री का ऑडियो क्लिप जारी कर लगाए गंभीर आरोप

बंगाल के कूचबिहार जिले के शीतलकूची में चौथे चरण के मतदान के दौरान ग्रामीणों के हमले के बाद सीआरपीएफ की फायरिंग में चार लोगों की मौत की घटना के बाद मचे सियासी घमासान के बीच भाजपा ने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी का एक ऑडियो क्लिप जारी कर उनपर गंभीर आरोप लगाए

By Vijay KumarEdited By: Published: Fri, 16 Apr 2021 09:46 PM (IST)Updated: Fri, 16 Apr 2021 09:46 PM (IST)
बंगाल को दंगे की आग में झोंकना चाहती थीं ममता, भाजपा नेता ने मुख्‍यमंत्री का ऑडियो क्लिप जारी कर लगाए गंभीर आरोप
भाजपा नेता अमित मालवीय ने ममता का ऑडियो क्लिप जारी कर लगाए गंभीर आरोप

राज्य ब्यूरो, कोलकाता : बंगाल के कूचबिहार जिले के शीतलकूची में चौथे चरण के मतदान के दौरान ग्रामीणों के हमले के बाद सीआरपीएफ की फायरिंग में चार लोगों की मौत की घटना के बाद मचे सियासी घमासान के बीच भाजपा ने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी का एक ऑडियो क्लिप जारी कर उनपर गंभीर आरोप लगाए हैं। भाजपा के आइटी सेल के प्रमुख और बंगाल चुनाव के सह-प्रभारी अमित मालवीय एवं सांसद लॉकेट चटर्जी ने कोलकाता में शुक्रवार शाम को प्रेस कांफ्रेंस कर यह ऑडियो सुनाया जिसमें फायरिंग की घटना के बाद ममता अपनी पार्टी के उम्मीदवार से वहां जाने को कहती हैं।

loksabha election banner

मालवीय ने दावा किया कि इस ऑडियो में ममता बनर्जी पूरे मामले को सांप्रदायिक रंग देने के लिए अपनी पार्टी के उम्मीदवार से कहती हैं। वह कहती हैं कि सुरक्षाबलों की गोली से मारे गए लोगों के शवों के साथ प्रदर्शन किया जाए। उनकी शवयात्रा निकाली जाए। मालवीय ने दावा किया कि राजनीतिक लाभ लेने के लिए ममता राज्य को दंगे की आग में झोंक देना चाहती थीं। इसलिए उन्होंने शीतलकूची में फायरिंग में मारे गये चार लोगों के शव के साथ शवयात्रा निकलवाना चाहती थीं।

मालवीय ने कहा कि यदि उस दिन शवयात्रा निकल गई होती, तो आप सहज अनुमान लगा सकते हैं कि उसका क्या असर होता। प्रदेश में दंगे भड़क सकते थे। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री को कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए काम करना चाहिए था, लेकिन वह इसके विपरीत काम कर रहीं थीं। उन्होंने साथ ही कहा कि जीवित लोगों से ज्यादा मृत शरीर पर राजनीति करना ममता बनर्जी को बखूबी आता है। उन्हेंं मालूम हो गया है कि वह हार रही हैं, इसलिए मतदाताओं को बरगलाने के लिए हर हथकंडा अपनाने को तैयार हैं।

'एसपी, आइसी व कमांडेंट को फंसाना चाहती थी ममता

मालवीय ने आगे कहा कि मुख्यमंत्री को जिस वक्त लोगों के आक्रोश को शांत करना चाहिए था, उस वक्त वह अपनी पार्टी के नेता से कह रही हैं कि वे कूचबिहार के एसपी और मामले के जांच पदाधिकारी (आइसी) एवं सीआइएसएफ के कमांडेंट को फंसाने के लिए केस करवाएं। मालवीय ने दावा किया कि ममता बनर्जी कह रही हैं कि केस परिवारों की ओर से दर्ज न कराए जाएं। पेशेवर वकील के जरिए केस करवाया जाए।

मालवीय ने यह भी कहा कि ममता बनर्जी ने इस टेप में अपनी पार्टी के उम्मीदवार से कहा कि शीतलकूची के लोगों में यह बात फैला दो कि अगर भाजपा जीत गई, तो राष्ट्रीय जनसंख्या रजिस्टर (एनपीआर) लागू किया जाएगा और उसके बाद मुस्लिमों को डिटेंशन कैंप में भेज दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि इसका एकमात्र उद्देश्य अल्पसंख्यकों के मन में भय पैदा करना है, ताकि लोग डरकर तृणमूल को वोट करें। उन्होंने कहा कि 10 साल में ममता ने तुष्टीकरण की जो राजनीति की है, उससे प्रदेश और देश के सामाजिक ताने-बाने को कितना नुकसान हुआ होगा, इस ऑडियो टेप से इसका सहज अनुमान लगाया जा सकता है।

तृणमूल ने भाजपा पर लगाया फोन टैपिंग का आरोप

दूसरी ओर, इन आरोपों के बाद तृणमूल ने भी प्रेस कांफ्रेंस कर पलटवार किया और आरोप लगाया कि भाजपा, ममता बनर्जी सहित पार्टी के सभी सांसदों का फोन टेप करवा रही है। पार्टी के राज्यसभा सदस्य व प्रवक्ता डेरेक ओ ब्रायन एवं सुखेंदु शेखर रॉय ने अमित मालवीय का नाम लिए बिना कहा कि भाजपा की झूठ फैक्टरी के मैनेजर चुनाव के मद्देनजर लंबे समय से यहां रहकर तृणमूल के खिलाफ झूठे दुष्प्रचार में जुटे हैं। उन्होंने इसकी कड़ी निंदा की। साथ ही दावा किया कि इस ऑडियो टेप से एक बार फिर साफ हो गया कि भाजपा ममता बनर्जी सहित सभी तृणमूल सांसदों का फोन टेप करवा रही है, जो बात वह संसद में भी उठा चुके हैं।


Jagran.com अब whatsapp चैनल पर भी उपलब्ध है। आज ही फॉलो करें और पाएं महत्वपूर्ण खबरेंWhatsApp चैनल से जुड़ें
This website uses cookies or similar technologies to enhance your browsing experience and provide personalized recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.