Year Ender 2021 : छह जघन्य वारदातों से दहल गई थीं कुमाऊं की शांत वादियां

ऊधमसिंह नगर कुमाऊं का सबसे बड़ा संवेदनशील जिला है। सबसे अधिक चोरी लूट डकैती और हत्याएं इसी जिले में होती हैं। वर्ष 2019 में यहां एक दामाद से चौहरे हत्याकांड को अंजाम दे दिया था। ससुर साल व दो सालियों को मारने के बाद दफनाकर ऊपर से फर्श डाल दिया।

Prashant MishraPublish: Sat, 25 Dec 2021 10:17 AM (IST)Updated: Sat, 25 Dec 2021 10:17 AM (IST)
Year Ender 2021 : छह जघन्य वारदातों से दहल गई थीं कुमाऊं की शांत वादियां

जागरण संवाददाता, हल्द्वानी : कुमाऊं की शांत वादियों में भी अब मौत की गूंज सुनाई देने लगी है। लोगों के अंदर सहनशक्ति की कमी आक्रोश को बढ़ावा दे रही है। जरा सी कहासुनी में भी लोग हत्या करने से नहीं कतरा रहे हैं। इसी तरह की घटनाएं अल्मोड़ा जिले में देखने को मिली थी। जहां शराब पीने के बाद हुए विवाद में दो युवकों को कार के अंदर ही पेट्रोल डालकर फूंक दिया गया।

ऊधमसिंह नगर कुमाऊं का सबसे बड़ा संवेदनशील जिला है। सबसे अधिक चोरी, लूट, डकैती और हत्याएं इसी जिले में होती हैं। यहां एक दामाद से चौहरे हत्याकांड को अंजाम दे दिया था। ससुर, साल व दो सालियों को मारने के बाद उसने कमरे के अंदर ही दफनाकर ऊपर से फर्श डाल दिया था। घटना से पर्दा तब हटा था जब वह ससुर की मीरगंज बरेली में स्थित जमीन को अपने नाम कराने गया था। उसकी निशानदेही पर पुलिस ने घर के अंदर फर्श खोलकर चार लाशें निकाली थीं। ऊधमसिंह नगर को छोड़ दिया जाए तो बाकी जिलों में अपराध का ग्राफ काफी कम था। लेकिन अब नैनीताल समेत अन्य पर्वतीय जिलों में भी हत्याएं होने लगी हैं।

कोई नहीं भूला सकताये घटनाएं 

केस-1

31 अक्टूबर की सुबह अल्मोड़ा जिले धौलादेवी ब्लाक के आरतोला पास कार (यूके 04 एन-4113) में जली हुई लाश मिली थी। कुछ दूरी पर मिले घायल को इलाज के लिए अल्मोड़ा से हल्द्वानी रेफर किया गया। एक नवंबर को उसकी भी मौत हो गई थी। मृत मिले व्यक्ति की पहचान शैल निवासी सिब्बन सिंह उर्फ पप्पू (40) व स्याही देवी निवासी राजेश नाथ के रूप में हुई थी। इस मामले में पुलिस ने 10 आरोपितों को गिरफ्तार कर केस दर्ज किया। पूछताछ में उन्होंने बताया था कि एक ही रेस्टोरेंट में बैठकर उन्होंने शराब पी थी। इस दौरान दोनों पक्षों के बीच मारपीट हो गई। नशे में धुत दोनों युवकों को उन्होंने उन्हीं की कार के अंदर बैठाया। इसके बाद पेट्रोल उड़ेलकर आग लगा दी थी।

केस-2

15 जून को रुद्रपुर के मलसी लंका गांव में मेड के विवाद में एक व्यक्ति ने किसान भाई गुरकीर्तन सिंह और गुरपेज सिंह की दिनदहाड़े गोली मारकर हत्या कर दी थी। हत्या से पूरा गांव सहमा था। इस हत्या से  तराई के किसानों में आक्रोश पनप गया था। उन्होंने महापंचायत कर आंदोलन कर दिया। पुलिस ने इस मामले में आरोपित को गिरफ्तार कर जेल भेजा था। वहीं तब हल्द्वानी के दमुवाढूंगा चौकी में तैनात एसआई पर भी हत्या का केस दर्ज किया गया था। मृतकों के स्वजनों को किसानों ने चंदा कर 10 लाख की आर्थिक सहायता दी थी।

केस-3

20 अक्टूबर को रुद्रपुर के रंपुरा वार्ड नंबर 22 में राजमिस्त्री सुनील दिवाकर की उसकी पत्नी ने प्रेमी के साथ मिलकर हत्या कर दी थी। मृतक की पत्नी तीन बच्चों को छोड़कर पहले घर से भागी थी। इसके बाद घर पहुंची तो बच्चों के सामने की प्रेमी के साथ मिलकर उसकी हत्या कर दी थी। हत्या के दो दिन बाद पुलिस ने मामले का खुलासा किया था। हैरानी की बात यह थी कि पत्नी ने पुलिस से बचने के लिए पहले ही अज्ञात पर पति की हत्या करने का आरोप लगा तहरीर सौंप दी थी।

केस-4

छह अक्टूबर को बनभूलपुरा थाना क्षेत्र के इंदिरा नगर में एकतरफा प्यार में पागल आशिक ने प्रेमिका की गला घोंटकर हत्या कर दी थी। नाबालिग 29 सितंबर को घर से लापता था। उसे हत्यारोपी का दोस्त घर से बुलाकर ले गया था। इसके बाद छात्रा नहीं लौटी थी। दोनों आरोपितों ने एक पुलिस के नीचे ले जाकर छात्रा से सामूहिक दुष्कर्म किया था। इसके बाद गला घोंटकर हत्या कर दी थी। पुलिस ने दो दिन बाद दोनों आरोपितों को गिरफ्तार कर नाबालिग का शव बरामद किया था।

केस-5

24 नवंबर को ग्राम धीमरखेड़ा मंझरा काशीपुर निवासी 21 वर्षीय विशाल की यूपी के थाना टांडा चौकी दडिय़ाल स्थित रजपुरा डैम के पास दो आरोपितों ने हत्या कर दी थी। हत्या के बाद युवक के एक हाथ को रेते की ढेर में दबा दिया गया। जबकि सिर व धड़ को काटकर अलग फेंक दिया। जघन्य वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपित फरार हो गए थे। पुलिस ने एक हफ्ते बाद मामले से पर्दा हटाकर आरोपितों को गिरफ्तार कर लिया था। जिसने भी ये घटना सुनी उसकी रूह कांप उठी।

केस-6

28 अप्रैल को अल्मोड़ा के दन्या थाना क्षेत्र के आरा सलपड़ गांव में भुवन नाम के एक युवक की पीट-पीटकर हत्या कर दी गई थी। इंटरनेट मीडिया में मारपीट का वीडियों वायरल होने के बाद मामला तूल पकड़ गया। मामला प्रेम प्रसंग से जुड़ा हुआ था। युवती व युवक पक्ष के लोग आमने-सामने आ गए थे। वायरल वीडियों में आधा दर्जन लोग भुवन को पीटते हुए दिखे थे। इस घटना में आठ से 10 ग्रामीणों पर हत्या का केस दर्ज किया गया। युवती के पिता को भी नामजद किया था।

Edited By Prashant Mishra

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.Accept