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ईटों के फूल और नाम से मिलेगा क्लू

सीतापुर : लखीमपुर खीरी जिले की सीमा से चंद किलो मीटर के फासले पर हरगांव इलाके में मिली

JagranSun, 14 Jan 2018 09:57 PM (IST)
ईटों के फूल और नाम से मिलेगा क्लू

सीतापुर : लखीमपुर खीरी जिले की सीमा से चंद किलो मीटर के फासले पर हरगांव इलाके में मिली दो मासूम बेटियों की लाशों की शिनाख्त और कातिलों तक पहुंचने की सही राह पुलिस को अब तक भले ही न मिली हो, लेकिन लाश के साथ बैग से बरामद ईंटों के फूल व नाम से पुलिस घटना का राजफाश करने में जुट गई। मौका ए वारदात से मिले ईटों के नाम व चिन्ह पुलिस को दोनों बालिकाओं के परिवारीजन व कातिलों के करीब तक पहुंचा सकती है।

दरअसल, हरगांव के शारदा सहायक नहर खीरी ब्रांच के रिक्श पुल के पास मिली लाश काले बैग में बंद थी और अंदर शव में बोरा भी लिपटा था, साथ ही उसमें नमक व दो ईट रखे थे। वहीं दूसरा शव टाट के बोरे में लिपटा मिला है। सूत्र बताते हैं कि मौके से पुलिस को अब तक कोई ऐसा ठोस सबूत नहीं मिला है, जिससे पुलिस कातिलों या बालिकाओं के परिवारीजन तक पहुंच सके। पुलिस ने घटना से स्थल से कई साक्ष्य संकलित किए हैं, उनमें से बैग के अंदर से मिले दो ईट काफी अहम माने जा रहे हैं। बताते हैं कि दोनों ईटों में सीमेंट का मसाला लगा हुआ था। पुलिस ने मसाला तोड़ा तो एक ईट में दो फूल बने हुए थे, तो दूसरी ईट में यूडीडी लिखा हुआ है। इससे पुलिस अब पता लगा रही है कि दो फूल वाली ईट और यूडीडी नाम की ईट कौन और कहां का ईट भट्ठा बना रहा है। पुलिस सूत्रों की मानें तो ईट भट्ठों का पता लगने से पुलिस को कुछ न कुछ क्लू जरूर मिल सकता है। हो सकता है कि जिस भट्ठे की ये ईट हैं, उसके आसपास या तो बालिकाओं का घर हो सकता है या फिर कातिल उसके आसपास के हो सकते हैं। हालांकि पुलिस फिलवक्त दोनों शवों की पहचान कराने पर फोकस कर रही है। साथ ही मौके से बरामद साक्ष्यों के आधार पर कातिलों तक पहुंचने की योजना बना रही है।

2015 में मानपुर में पुलिस के नीचे सूटकेस में मिले थे सिर

सीतापुर: प्रदेश की राजधानी से सटा सीतापुर जिला जघन्य आपराधिक वारदातों की वजह से हमेशा सुर्खियों में रहा है। चार दिसंबर 2015 को मानपुर इलाके में एक पुलिया के नीचे सूटकेस में दो युवतियों के सिर बरामद हुए थे। उसी दिन लखनऊ के मड़ियांव थाना क्षेत्र में आइआइएम रोड स्थित सहारा सिटी होम्स की दीवार के किनारे दो महिलाओं के धड़ बोरे में मिले थे। जिले के मानपुर की इस घटना को तीन साल से अधिक हो गए, लेकिन अब तक सीतापुर से लेकर राजधानी तक की पुलिस उन सिर व धड़ की न ही पहचान कर पाई और न ही उस घटना को अंजाम देने वालों तक पहुंची है। अब हरगांव में बोरे व बैग में बरामद हुई दो मासूम बेटियों की लाशों को देख मानपुर की घटना एक बार फिर लोगों के जेहन में कौंध गई है।

पड़ोसी जिले की ओर जा रहा इशारा

जिस स्थान पर दो बालिकाओं के लावारिस शव मिले हैं, वह घटनास्थल पड़ोसी जनपद लखीमपुर खीरी की सीमा से महज तीन किलोमीटर के फासले पर बताया जा रहा है। जिससे इस घटना को लेकर लोगों का ध्यान पड़ोसी जनपद की ओर जा रहा है। कहा जा रहा है कि संभवत: मरने वाली दो बालिकाएं या फिर उनके कातिल पड़ोसी जनपद के हो सकते हैं। उन लोगों ने दोनों बालिकाओं की हत्या कर दी और घटना पर पर्दा डालने के लिए लाशें यहां लाकर फेंक दी हों। हालांकि पुलिस इन सब बातों को ध्यान रखकर काम कर रही है। सीओ सदर अंकित कुमार का कहना है कि आसपास के जिलों में सूचना भेजी जा रही है।

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