बोर्ड परीक्षा : 12-13 प्रश्नों को कम न समझें, करें पूरी तैयारी

सीबीएसई की टर्म-टू परीक्षा में 50 प्रतिशत सिलेबस ही पढ़ना है। पर परीक्षा का पैटर्न टर्म-वन से पूरी तरह अलग है। इसलिए ऐसा मानना ही उचित होगा कि टर्म-वन और टर्म-टू दो अलग बोर्ड परीक्षाएं हैं जिनकी तैयारी भी अलग है।

JagranPublish: Thu, 20 Jan 2022 06:34 AM (IST)Updated: Thu, 20 Jan 2022 06:34 AM (IST)
बोर्ड परीक्षा : 12-13 प्रश्नों को कम न समझें, करें पूरी तैयारी

मेरठ, जेएनएन। सीबीएसई की टर्म-टू परीक्षा में 50 प्रतिशत सिलेबस ही पढ़ना है। पर परीक्षा का पैटर्न टर्म-वन से पूरी तरह अलग है। इसलिए ऐसा मानना ही उचित होगा कि टर्म-वन और टर्म-टू दो अलग बोर्ड परीक्षाएं हैं जिनकी तैयारी भी अलग है। शिक्षक भी परीक्षार्थियों को आधे सिलेबस को पूरा मानकर तैयारी करने का सुझाव दे रहे हैं। टर्म-टू परीक्षा में ज्यादातर विषयों में 12 प्रश्न पूछे जाएंगे जिसके लिए दो घंटे का समय होगा।

बीएसटी में गहन जानकारी जरूरी

कामर्स के छात्रों के लिए बिजनेस स्टडीज का पेपर महत्वपूर्ण है और इसमें गहन जानकारी होना आवश्यक है। बीएसटी में भी 12 प्रश्न होंगे। चार प्रश्न दो-दो अंक के, चार प्रश्न तीन-तीन अंक के और चार प्रश्न पांच-पांच अंक के होंगे। तीन इंटर्नल च्वाइस होंगे। सीबीएसई की ओर से जारी माडल पेपर में केस स्टडी व सोर्स आधारित प्रश्नों को समाहित किया गया है। छात्रों को केस स्टडी आधारित प्रश्नों को हल करने का अभ्यास करना शुरू कर देना चाहिए। इसके लिए पिछले सालों के पेपर भी देखें। अच्छी तैयारी के लिए बीएसटी के बिंदुओं पर पकड़ मजबूत करते चलें।

-सौरभ अरोरा, पीजीटी बिजनेस स्टडी, श्रीराम स्कूल मवाना

पांच यूनिट से आएंगे प्रश्न

फिजिकल एजुकेशन के पेपर को भी तीन खंड में विभाजित किया गया है। अच्छी बात यह है कि छात्रों को प्रश्नों के सापेक्ष इंटर्नल च्वाइस मिलेंगे। सीबीएसई के माडल पेपर में पांच यूनिट से प्रश्न पूछे गए हैं जो अच्छा है। अच्छे अंक के लिए छात्रों को अभी से पढ़ाई ठीक से शुरू करना चाहिए। बोर्ड परीक्षा में 18 प्रश्न होंगे जिनमें से 13 प्रश्नों के उत्तर देने होंगे। इसके लिए दो घंटे मिलेंगे जो पर्याप्त होंगे। परीक्षार्थियों को अंक के अनुरूप निर्धारित शब्द संख्या को ध्यान में रखते हुए ही उत्तर लिखना होगा। सभी यूनिट्स को बराबर वेटेज दिया गया है।

-प्रदीप त्यागी, एचओडी फिजिकल एजुकेशन, ट्रांसलेम एकेडमी

बायो में केस स्टडी कम न कर दे समय

टर्म-टू में बायोलाजी के पेपर की तैयारी छात्र-छात्राओं को बहुत ध्यान से करना चाहिए। प्रश्न भले ही महज 13 ही हैं लेकिन इसमें केस स्टडी यानी संकल्पना या धारणा आधारित प्रश्नों को पूरा पढ़ना होगा। इसमें समय लगेगा और जल्दबाजी में पढ़ने से उत्तर देने में गलती की गुंजाइश बनी रहेगी। केस स्टडी में प्रश्न सीधे नहीं पूछे जाते हैं। पिछले सालों में औसत बच्चों को ध्यान में रखते हुए कुछ प्रश्न सीधे पूछे गए थे। बायोलाजी के माडल पेपर में भी दो, तीन और पांच अंकों के प्रश्न पूछे जाएंगे। सीबीएसई के माडल पेपर में ज्यादातर प्रश्न तार्किक सोच पर आधारित हैं। टर्म-टू में ऐसे ही प्रश्न पूछे जाएंगे।

-गीतिका भटनागर, पीजीटी बायोलाजी, केएल इंटरनेशनल स्कूल

Edited By Jagran

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