अब अपना हुआ सस्‍ते घर का सपना, मेरठ में इतने लोगों को नसीब हुआ किफायती मकान

सस्ते मकान का सपना हर किसी का साकार नहीं होता है। एक अदद रहने के लिए घर भी लोगों को मयस्सर नहीं होता लेकिन सरकारी सहायता उस सपने को हकीकत में बदल देता है।

Taruna TayalPublish: Thu, 10 Sep 2020 10:15 PM (IST)Updated: Fri, 11 Sep 2020 12:27 AM (IST)
अब अपना हुआ सस्‍ते घर का सपना, मेरठ में इतने लोगों को नसीब हुआ किफायती मकान

मेरठ, [प्रदीप द्विवेदी]। शहर की ओर लोग रुख करते हैं, लेकिन वहां सस्ते मकान का सपना हर किसी का साकार नहीं होता है। एक अदद रहने के लिए घर भी लोगों को मयस्सर नहीं होता लेकिन सरकारी सहायता उस सपने को हकीकत में बदल देता है। जिले के शहरी क्षेत्र में प्रधानमंत्री आवास योजना से सहायता दी गई जिससे अब तक 11 हजार 598 दुर्बल आय वर्ग के लोगों को मकान नसीब हो गया, जबकि 96 लोगों को एमडीए की ईडब्यूएस योजना से मकान मिल गए।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अपने पहले कार्यकाल में ही सबको घर मुहैया कराने का एलान किया था। उस एलान के तहत लोगों को अनुदान मुहैया कराया जाता है। शहरी क्षेत्र के लोगों के लिए यह मकान वरदान साबित होंगे क्योंकि किफायती मकान सभी को नहीं मिल पाते। यही नहीं जब अर्थव्यवस्था बुरे दौर से गुजर रही हो और लोगों के रोजगार छिन रहे हों तब भी सरकारी सहायता से उन्हें मकान मिल जाएगा।

अब तक खुद के प्लाट पर दिया गया 2.50 लाख का अनुदान

जिले के शहरी क्षेत्र के कुल 10 हजार 600 लोगों को अब तक प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत सहायता दी जा चुकी है। यह सहायता मुहैया कराता है डूडा। जिसके पास अपनी जमीन होती है और दुर्बल आय वर्ग में आता है उसे सरकार की ओर से 2.50 लाख रुपये मकान बनाने की सहायता दी जाती है। डूडा के पीओ आशीष सिंह ने बताया कि इन लोगों को पहली किस्त दी जा चुकी है। बाकी किस्त निर्माण आगे बढऩे पर मुहैया कराई जाएगी।

एमडीए ने दो लाख रुपये में दिए फ्लैट

एमडीए ने अब तक 998 लोगों को फ्लैट आवंटित किए हैं। इन सभी को अक्टूबर से नवंबर तक कब्जा दे दिया जाएगा। ये फ्लैट शताब्दीनगर, लोहियानगर व सरायकाजी में निर्माणाधीन हैं। इसके आवंटियों को एक फ्लैट दो लाख रुपये में दिए गए हैं। इसे भी प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत सहायता मिली है। सरकार ने प्रत्येक फ्लैट के निर्माण पर एमडीए को 2.50 लाख रुपये का अनुदान दिया है। इसमें जमीन एमडीए को निश्शुल्क देनी पड़ी है। यही नहीं यहां पर जो भी विकास कार्य होगा उसे भी एमडीए को खुद से कराना है। वहीं एमडीए ने 96 ईडब्ल्यूएस मकान शताब्दीनगर में बनाए गए थे। इसका भी आवंटन कर दिया गया है। दिवाली तक इन्हें भी रहने के लिए चाबी सौंप दी जाएगी। हालांकि इन 96 मकानों को एमडीए से सरकारी सहायता प्राप्त नहीं है पर आवंटी यदि खुद से बैंक ऋण लेंगे तो उन्हें प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत 2.50 लाख तक की छूट मिल जाएगी। एमडीए वीसी राजेश पांडेय ने बताया कि एमडीए ने गंभीरता के साथ फ्लैट का कार्य पूरा कराने में प्रयासरत है।

एक नजर इन पर भी

  • 10,600 लोगों को डूडा की ओर से दी गई मकान बनाने की पहली किस्त
  • 998 लोगों को एमडीए की ओर से किया गया आवंटन
  • 96 मकान तैयार, उसे किफायती दर पर देगा एमडीए

Edited By Taruna Tayal

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.Accept