बच्चों को मुख्यधारा से जोड़ने का बताया तरीका

विकास खंड के प्राथमिक विद्यालय से पलायित बच्चों को शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ कर उन्हें शिक्षा देने के लिए तीन दिवसीय प्रशिक्षण का आयोजन बिहारी महिला महाविद्यालय के सभागार में किया गया है। मंगलवार को आयोजित प्रशिक्षण कार्यक्रम में 156 विद्यालयों के एक-एक शिक्षकों ने प्रतिभाग किया।

JagranPublish: Tue, 18 Jan 2022 04:49 PM (IST)Updated: Tue, 18 Jan 2022 04:49 PM (IST)
बच्चों को मुख्यधारा से जोड़ने का बताया तरीका

जागरण संवाददाता, मछलीशहर (जौनपुर) : विकास खंड के प्राथमिक विद्यालय से पलायित बच्चों को शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ कर उन्हें शिक्षा देने के लिए तीन दिवसीय प्रशिक्षण का आयोजन बिहारी महिला महाविद्यालय के सभागार में किया गया है। मंगलवार को आयोजित प्रशिक्षण कार्यक्रम में 156 विद्यालयों के एक-एक शिक्षकों ने प्रतिभाग किया।

प्रशिक्षकों ने बताया कि पांच से 14 वर्ष के जो बच्चे शिक्षा लेने की बजाय घर पर रहते हैं या जिनके माता पिता का स्थानांतरण अन्यत्र हो गया है उनको सर्वेक्षण कर चिन्हित करके शारदा एप के माध्यम से जोड़ा जाएगा। फिर उन्हें स्कूल लाकर घर जैसा माहौल दिया जाएगा। स्कूल आने की आदत पड़ने के बाद उन्हें शिक्षा दी जाएगी। कार्यक्रम का शुभारंभ खंड शिक्षा अधिकारी पंकज यादव ने मां सरस्वती के चित्र पर माल्यार्पण और दीप प्रज्ज्वलित कर किया। प्रशिक्षक डा. संतोष कुमार तिवारी, राजेश कुमार यादव, शिवाकांत तिवारी, अमला प्रसाद समेत अन्य मौजूद थे।

Edited By Jagran

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