362 करोड़ की जीएसटी चोरी में दो मास्टरमाइंड गिरफ्तार

केंद्रीय वस्तु एवं सेवा कर (सीजीएसटी) सूचना महानिदेशालय की गाजियाबाद क्षेत्रीय इकाई ने फर्जी कंपनियां बनाकर इनवायस जारी करने वाले एक गिरोह का पर्दाफाश किया। इन कंपनियों की ओर से कुल 3189 करोड़ रुपये के फर्जी बिल जारी करते हुए 362 करोड़ रुपये की जीएसटी चोरी पकड़ी है।

Shahnawaz AliPublish: Thu, 27 Jan 2022 09:21 PM (IST)Updated: Thu, 27 Jan 2022 09:22 PM (IST)
362 करोड़ की जीएसटी चोरी में दो मास्टरमाइंड गिरफ्तार

जागरण संवाददाता, गाजियाबाद : केंद्रीय वस्तु एवं सेवा कर (सीजीएसटी) सूचना महानिदेशालय की गाजियाबाद क्षेत्रीय इकाई ने फर्जी कंपनियां बनाकर इनवायस जारी करने वाले एक गिरोह का पर्दाफाश किया। इन कंपनियों की ओर से कुल 3189 करोड़ रुपये के फर्जी बिल जारी करते हुए 362 करोड़ रुपये की जीएसटी चोरी पकड़ी है। सीजीएसटी के अपर आयुक्त ऋषिकेश ¨सह ने बताया कि डाटा माइ¨नग के बाद संदेह के आधार पर दो कंपनियों के ठिकानों पर टीम ने छापेमारी की, जहां 200 से अधिक कंपनियों की फाइल, मोबाइल नंबर, डिजिटल सिग्नेचर, डेबिट का‌र्ड्स, सिम का‌र्ड्स, आधार कार्ड, पैन कार्ड, पेन ड्राइव, आफिस की चाबियां, चेक बुक, रबर की मोहरें और अन्य कागजात बरामद हुए।

जांच में पता चला की इस नेटवर्क का पूरा डाटा क्लाउड में रखा जाता है। डाटा खंगालने और मिले साक्ष्यों के आधार पर 275 अस्तित्वहीन कंपनियां पाई गईं, जो सिर्फ कागजों में संचालित हो रही थीं। इन कंपनियों के माध्यम से 3189 करोड़ रुपये कि फर्जी बिल जारी करते हुए 362 करोड़ रुपये की जीएसटी चोरी की गई। जांच में ¨टकू यादव का नाम भी सामने आया, जो लोगों से फर्जीवाड़ा करके उनके आधार कार्ड, पैन कार्ड और अन्य कागजात लेता था।

इन कागजात के आधार पर फर्जी कंपनियां बनाता था, जो कुछ समय पहले गिरफ्तार हो चुका है। टिंकू यादव के बयान के बाद ही गिरोह के दो मास्टरमाइंड विपिन कुमार गुप्ता उर्फ निक्कू निवासी विकासपुरी दिल्ली एवं योगेश मित्तल निवासी माडल टाउन दिल्ली को उनके आवास से गिरफ्तार किया गया। यह दोनों इससे पूर्व में राजस्व खुफिया निदेशालय (डीआरआइ) द्वारा गिरफ्तार किए जा चुके हैं। फिलहाल प्रवर्तन निदेशालय मामले की जांच में जुटा है।

Edited By Shahnawaz Ali

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.Accept