लगातार बढ़ रहे पानी से किसानों की डूबी गेहूं की फसल

आक्सीजन का सही उपयोग अस्पतालों में आक्सीजन के लिए प्रशिक्षित संबंधी उपकरणों के बारे में जानकारी देना और अधीनस्थ स्टाफ को प्रशिक्षित करेंगे। आक्सीजन की उपलब्धता के बारे में जिला मुख्यालय व अधिकारियों को जानकारी उपलब्ध कराएंगे। इसे आक्सीजन का व उपलब्ध आक्सीजन उपकरणों का सही व ठीक ढंग से इस्तेमाल हो सके इस लिए शासन ने यह कदम उठाया है। इससे मरीजों को काफी फायदा पहुंचेगा।

JagranPublish: Wed, 19 Jan 2022 11:46 PM (IST)Updated: Wed, 19 Jan 2022 11:46 PM (IST)
लगातार बढ़ रहे पानी से किसानों की डूबी गेहूं की फसल

देवरिया:भलुअनी विकास खंड के छह गांवों की फसलें बढ़ रहे पानी के चलते डूब गई हैं, जिसके चलते किसान परेशान है। प्रशासनिक स्तर पर अभी तक केवल इंतजाम करने का आश्वासन मिला है।

एक सप्ताह पूर्व हुई बारिश व ओला के बाद अब गड़ेर, पिपरडाड़ी, बहोर धनौती, जमुना छापर, निविहवा, मझवलिया गांव के फसल पानी से डूब गई है। पानी लगातार खेतों में बढ़ता जा रहा है। किसानों का कहना है कि पानी का स्रोत दिन प्रतिदिन बढ़ता जा रहा है। यदि प्रशासन शीघ्र पानी का स्त्रोत रोकने के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाया तो दर्जनों गांवों में पानी फैल जाएगा।

किसान चंद्रभूषण शाही,अवनीश उपाध्याय,हरिलाल यादव,मायाशंकर सिंह, पूनकी सिंह, गिरिजेश सिंह, ध्रुवदेव सिंह, मुसाफिर अंसारी सहित अन्य किसानों ने इसकी शिकायत तहसील प्रशासन से करते हुए फसल क्षतिपूर्ति की मांग की है।

जिला कृषि अधिकारी मोहम्मद मुजम्मिल ने कहा कि कभी-कभी भूजल स्तर काफी ऊपर आ जाने के कारण ऐसी स्थिति तराई वाले इलाके में होती है, लेकिन यहां जलभराव होना शोध का विषय है। किसानों की फसलों का सर्वे कराया जाएगा।

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खेतों में अचानक जलस्तर बढ़ा है। बारिश के चलते ऐसा हो रहा है। जेसीबी से नाला बनाकर पानी निकालने का प्रयास किया जा रहा है। राजस्व कर्मियों से रिपोर्ट मांगी गई है।

ध्रुव कुमार शुक्ल

उपजिलाधिकारी

सभी ब्लाकों में तैनात होंगे आक्सीजन स्टीवार्ड

कोरोना के बढ़ते मामले को देखते हुए शुरुआती दौर में कोरोना संक्रमण के समय आक्सीजन की कमी को देखते हुए आक्सीजन के संसाधनों व आक्सीजन की उपलब्धता पर निगरानी रखने के लिए स्वास्थ्य विभाग हर ब्लाक में आक्सीजन स्टीवार्ड की तैनाती करेगा। इसके लिए एक अस्पताल से चिकित्साधिकारी व एक स्टाफ नर्स के नाम का चयन करना है, जिन्हें आनलाइन प्रशिक्षण दिया जाएगा। इसकी तैयारी की जा रही है।

जिले के 17 ग्रामीण क्षेत्रों में व शहर के तीन प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों में आक्सीजन स्टीवार्ड की तैनाती होनी है। जिसमें एक डाक्टर व एक स्टाफ नर्स को तैनात करना है, जिसकी सूची तैयार की जा रही है। बहुत जल्द इसका प्रशिक्षण करा कर इन्हें तैनाती दे दी जाएगी। ये होगा कार्य

आक्सीजन का सही उपयोग, अस्पतालों में आक्सीजन के लिए प्रशिक्षित संबंधी उपकरणों के बारे में जानकारी देना और अधीनस्थ स्टाफ को प्रशिक्षित करेंगे। आक्सीजन की उपलब्धता के बारे में जिला मुख्यालय व अधिकारियों को जानकारी उपलब्ध कराएंगे। इसे आक्सीजन का व उपलब्ध आक्सीजन उपकरणों का सही व ठीक ढंग से इस्तेमाल हो सके इस लिए शासन ने यह कदम उठाया है। इससे मरीजों को काफी फायदा पहुंचेगा।

डा. आलोक पांडेय, सीएमओ ने बताया कि सूची तैयार की जा रही है। आन लाइन प्रशिक्षण के लिए मास्टर ट्रेनर भी तैनात कर दिया गया है। बहुत जल्द प्रशिक्षण के बाद सभी ब्लाकों में आक्सीजन स्टीवार्ड की तैनाती कर दी जाएगी।

Edited By Jagran

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