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146 चिकित्सा केंद्रों के भरोसे 30 लाख बेजुबान

जागरण संवाददाता, बांदा : पशुओं की बढ़ती संख्या के आगे चिकित्सीय सुविधा मुहैया कराने वाले स

JagranMon, 19 Feb 2018 03:02 AM (IST)
146 चिकित्सा केंद्रों के भरोसे 30 लाख बेजुबान

जागरण संवाददाता, बांदा : पशुओं की बढ़ती संख्या के आगे चिकित्सीय सुविधा मुहैया कराने वाले संसाधन कम पड़ते जा रहे हैं। मानक के पैमाने पर देखें तो लगभग 46 पशु चिकित्सा केंद्र कम हो रहे हैं। पशुपालन विभाग के मुताबिक 15 हजार की जनसंख्या पर एक पशु चिकित्सालय होना चाहिए। लेकिन मौजूदा समय तकरीबन 30 लाख मवेशियों के लिए चित्रकूटधाम मंडल में 146 पशु चिकित्सालय व सेवा केंद्र संचालित हैं और इनमें भी पर्याप्त स्टाफ भी नहीं है।

किसानों के विकास में कृषि क्षेत्र के साथ पशुपालन का अहम योगदान है। खासकर बुंदेलखंड में यह और भी कारगर माना जा रहा है क्योंकि यह एक ऐसा इलाका है जहां मुख्य व्यवसाय कृषि आधारित है। बदलते समय में मशीनीकरण के बढ़ते चलन से भले ही पशुओं की पूछ कम हुई हो लेकिन देखा जाए तो कृषि और पशुपालन हमेशा से सिक्के के दो पहलू की तरह रहे हैं। मवेशियों के बेहतर स्वास्थ्य के लिए सरकार द्वारा चिकित्सीय सुविधा मुहैया कराई जा रही है। विभागीय आंकड़ों को देखें तो चित्रकूटधाम मंडल में गोवंशीय, महिषवंशीय, बकरी, भेड़, घोड़े आदि की संख्या लगभग 30 लाख है। इनकी सेहत को बेहतर रखने का जिम्मा पशुपालन विभाग पर है। इस समय मंडल के बांदा, हमीरपुर, महोबा व चित्रकूट में कुल 146 पशु चिकित्सा केंद्र संचालित हैं जिसमें 68 चिकित्सालय व 78 पशु सेवा केंद्र हैं। विभाग के मुताबिक 15 हजार पशुओं पर एक चिकित्सा केंद्र का मानक है। इस हिसाब से देखे तों लगभग 45 से 46 चिकित्सा केंद्र और होना चाहिए। पशुओं की यह संख्या 19वीं पशु गणना 2012 पर आधारित है।

- चित्रकूटधाम मंडल में पशु चिकित्सालय व सेवा केंद्र संचालित हैं जहां पशुपालकों के पशुओं का इलाज किया जाता है। मानक के हिसाब से देखा जाए तो पशुओं की जो संख्या है उस हिसाब से चिकित्सा केंद्र कम है। साथ ही चिकित्सालयों में स्टाफ की भी कमी है। लेकिन पशुओं को निरंतर चिकित्सीय सेवा मुहैया कराई जा रही है। शासन के दिशा-निर्देशों पर समय-समय बीमारियों से बचाव के लिए टीकाकरण का कार्य भी संचालित होता है।

-एके ¨सह, अपर निदेशक पशुपालन

इनसेट

पौने पांच लाख से अधिक अन्य जानवर

बांदा : पशुपालन विभाग की गणना में पौने पांच लाख से अधिक अन्य जानवर भी शामिल हैं जिसमें 119947 कुत्ते, 63987 सूकर, 300655 मुर्गी-बतख, 772 खरगोश हैं। पशुपालन विभाग के मुताबिक गोवंशीय, महिषवंशीय, बकरी, भेड़, घोड़े आदि को मिलाकर चित्रकूटधाम मंडल में पशुओं की कुल संख्या लगभग पौने 34 लाख है।

सारिणी

मंडलवार पशुओं की संख्या

जनपद - संख्या

बांदा -1098181

चित्रकूट -805389

हमीरपुर -806825

महोबा -668325

Edited By Jagran

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