बदायूं में ताबड़तोड़ चोरियां, रात में सड़कों से गायब पुलिस

सर्दी में चोरी की वारदातें बढ़ना कोई नई बात नहीं है। पुलिस भी यह अच्छे से जानती है। लेकिन इसके बाद इसे रोकने की कोई रूपरेखा पुलिस तैयार नहीं करती। पुलिस का दावा होता है कि रात्रि गश्त से चोरी को रोका जाएगा। एसएसपी ने भी जिले चार्ज संभालते ही इसे और मजबूत करने के आदेश दिए थे।

JagranPublish: Fri, 10 Dec 2021 12:58 AM (IST)Updated: Fri, 10 Dec 2021 12:58 AM (IST)
बदायूं में ताबड़तोड़ चोरियां, रात में सड़कों से गायब पुलिस

बदायूं, जेएनएन : सर्दी में चोरी की वारदातें बढ़ना कोई नई बात नहीं है। पुलिस भी यह अच्छे से जानती है। लेकिन, इसके बाद इसे रोकने की कोई रूपरेखा पुलिस तैयार नहीं करती। पुलिस का दावा होता है कि रात्रि गश्त से चोरी को रोका जाएगा। एसएसपी ने भी जिले चार्ज संभालते ही इसे और मजबूत करने के आदेश दिए थे। लेकिन, बीते दिनों में चोरी की वारदातों ने इसकी पोल खोल दी है।

पुलिस की लचर गश्त व्यवस्था को देखते हुए दैनिक जागरण ने सोमवार, मंगलवार और बुधवार रात पुलिस की रात्रि गश्त की पड़ताल की। देखने में आया कि रात्रि 1 बजे तक तो पुलिस सड़कों पर दिखती है। लेकिन, इसके बाद चीता मोबाइल से लेकर थाने की गाड़ियां गायब हो जाती हैं। यह या तो कहीं बैठे मिलते हैं या किसी एक स्थान पर ही गाड़ी लगाकर उसमें आराम फरमाने लगते हैं। यही स्थिति मुख्य बाजारों और चौराहे पर लगने वाली पिकेट की भी है। सराफा बाजार से लेकर अन्य मार्गों पर लगने वाली पुलिस पिकेट भी पड़ताल में नजर नहीं आई। सिर्फ छह सड़का पर पुलिस के कुछ जवान बैठे थे, बाकी हर जगह सन्नाटा था। समय : बुधवार रात 1 बजे स्थान : नवादा चौराहा

शहर से निकलकर नवादा चौराहे पर पहुंचे तो यहां सन्नाटा पसरा था। शहर से आने वाली दोनों सड़कों की ओर कोई पुलिस गाड़ी नहीं थी। न ही चीता मोबाइल गश्त करती नजर आई। वहीं, नवादा चौकी पर एक होमगार्ड लगभग नींद की मुद्रा में ही कुर्सी पर सो रहा था। संवाददाता के जाने का भी उसे अहसास नहीं हुआ। यहां बरेली मार्ग और वजीरगंज को जाने वाले दोनों रास्तों पर पुलिस की गाड़ी दूर-दूर तक नजर नहीं आई। समय : बुधवार रात 1.30 बजे, स्थान : घंटाघर

नवादा से शहबाजपुर होते हुए हम घंटाघर की ओर पहुंचे। यहां न चीता मोबाइल की कोई गाड़ी गश्त करती मिली, न यूपी-112 पुलिस मौजूद थी। घंटाघर के आसपास पूरे बाजार में कोई पिकेट भी नहीं थी। हर ओर सन्नाटा पसरा था। इसके आसपास के बाजार में नजर डाली तो वहां भी कोई पुलिस कर्मी नहीं दिखाई दिया। घंटाघर पर वापस आकर कुछ आगे बढ़ने पर छह सड़का पर पुलिस के कुछ जवान ड्यूटी करते मिले। समय : मंगलवार रात : 1.30 बजे, स्थान : इंदिरा चौक

इंदिरा चौका का यह क्षेत्र सिविल लाइंस थाना क्षेत्र में आता है। मंगलवार को सीधे हम यहां पहुंचे तो यहां भी सन्नाटा ही पाया। लगभग 10 मिनट यहां समय बिताने के बाद हम गद्दी चौक पहुंचे। पुलिस की कोई गाड़ी गश्त करते नहीं मिली। इंदिरा चौक पर अक्सर दिखने वाली पिकेट भी नजर नहीं आ रही थी। वापस इंदिरा चौक होते हुए हम दातागंज तिराहे की ओर बढ़े। रास्ते में जवाहरपुर चौकी मिली तो रुक कर देखा। यहां भी चौकी खाली थी, एक होमगार्ड कुर्सी पर ही सो रहा था। समय : सोमवार रात : 2 बजे, स्थान : पुलिस लाइन चौराहा, रोडवेज

सोमवार को हम सीधे पुलिस लाइन चौराहा पहुंचे। यहां कुछ देर रुकने के बाद रोडवेज चौकी पहुंच गए। इस दौरान रास्ते में कहीं भी पुलिस नहीं दिखाई दी। रोडवेज पर यात्रियों की भीड़ थी और पुलिस चौकी खाली पड़ी थी। कुछ आगे चलने पर एक चाय की दुकान के पास यूपी-112 की गाड़ी खड़ी थी, जिसमें गाड़ी का पायलट सीट खोलकर सो रहा था। यहां से जिला अस्पताल होते हुए कचहरी से होकर सिविल लाइंस थाने पहुंचे। इसके बाद नेकपुर, डीएम रोड होते हुए मंडी चौकी पहुंचे। इन रास्तों पर भी सन्नाटे के सिवाय कुछ नहीं था। पुलिस की गाड़ी ही नहीं कोई सिपाही तक गश्त करता नहीं मिला। बीते पांच दिनों में चोरी की वारदातें

- बिनावर में सर्राफा व्यवसायी के यहां थाने से कूछ दूरी पर मुख्य बाजार में चोरी।

- दातागंज में मंगलवार को सभासद समेत तीन दुकानों में चोरी।

- दातागंज में ही मंगलवार को ईदगाह के सामने बाजार में पांच दुकानों में चोरी।

- फैजगंज बेहटा के ओरछी चौराहा पर मंगलवार रात सूने मकान का ताला तोड़कर चोरी।

- कुंवरगांव क्षेत्र में बुधवार रात खाद बीज की दुकान और सूने घर से चोरी। वर्जन

रात्रि गश्त को लेकर लगातार निर्देश दिए जाते हैं। अगर पुलिस रात्रि में गश्त नहीं कर रही है तो यह गलत है। इसे लेकर सभी थानाध्यक्षों को निर्देशित किया जाएगा। खुद भी जाकर देखेंगे। वहीं चोरी की वारदातों के राजफाश के लिए भी टीमें लगाई हैं। जल्द ही चोरों की गिरफ्तारी की जाएगी।

- डा. ओपी सिंह, एसएसपी

Edited By Jagran

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