प्रयागराज में सामूहिक हत्याकांड के पीड़ित परिवार से मिलीं प्रियंका, बोलीं- कातिलों को जल्द किया जाए गिरफ्तार

सामूहिक दुष्कर्म कर परिवार की कुल्हाड़ी से हत्या की घटना मंगलवार की रात फाफामऊ थाना क्षेत्र के एक गांव में अंजाम दी गई थी। गमगीन परिवार को सांत्‍वना देने के लिए अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी की महासचिव प्रियंका गांधी शुक्रवार को प्रयागराज पहुंची और फिर घटनास्थल पर गईं

Brijesh SrivastavaPublish: Fri, 26 Nov 2021 10:10 AM (IST)Updated: Fri, 26 Nov 2021 07:44 PM (IST)
प्रयागराज में सामूहिक हत्याकांड के पीड़ित परिवार से मिलीं प्रियंका, बोलीं- कातिलों को जल्द किया जाए गिरफ्तार

प्रयागराज, जागरण संवाददाता। प्रयागराज के फाफामऊ में चार लोगों की हत्‍या का मामले की गूंज लखनऊ, दिल्‍ली तक पहुंच चुकी है। इस नृशंस हत्‍याकांड से राजनीतिक अलमा भी आहत है। फाफामऊ के जिस गांव में चार लोगों की हत्या हुई है, उनके स्वजनों से मिलने के लिए अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी की महासचिव प्रियंका वाड्रा प्रयागराज पहुंची। दोपहर में प्रयागराज एयरपोर्ट पर प्रियंका गांधी का आगमन हुआ। फिर शाम को वह फाफामऊ हत्याकांड में घटनास्थल पर जाकर पीड़ित परिवार से मिलीं।, परिवार की महिलाओं के साथ बैठकर करीब 40 मिनट तक बातचीत की। उनका दुख बांटा और कहा कि कातिलों को जल्द गिरफ्तार किया जाना चाहिए। पीड़ित परिवार से बात करने के बाद प्रियंका प्रयागराज से रवाना हो गईं। 

प्रियंका वाड्रा ने कहा कि न्याय सिर्फ उन लोगों के लिए है जिनकी सत्ता है। जो बड़े उद्योगपति हैं केवल उनके लिए ही न्याय है। लेकिन उत्तर प्रदेश में दलिताें किसानों और महिलाओं और अल्पसंख्यकों के लिए न्याय नहीं है। उन्होंने कहा कि दो साल से मैं यहां काम कर रही हूं और मुझे बार बार देखने का मिला कि उत्तर प्रदेश में संविधान को नष्ट किया जा रहा है। फाफामऊ में एक ही परिवार के चार लोगों की हत्या और मां और बेटी के साथ दुष्कर्म के मामले में प्रियंका परिजनों उनके घर पहुंचीं प्रियंका ने कहा कि 2019 में परिवार की तरफ से पुलिस को शिकायत की गई लेकिन कोई कार्रवाई नहीं की गई। इसके बाद सितंबर 2021 में दोबारा पुलिस से शिकायत की गई। सवाल यह है कि आखिर पुलिस ने उन्हें रोका क्यों नहीं। इसके अलावा उनहोंने सुरक्षा नहीं देने पर भी पुलिस की कार्यशैली पर सवाल उठाए।

प्रियंका के आने पर जिला प्रशासन रहा सतर्क

दोपहर में कांग्रेस महासचिव प्रियंका वाड्रा के फाफामऊ में पीडि़त के घर पहुंचने की जानकारी पर प्रयागराज प्रशासन सतर्क हो गया। प्रशासन एयरपोर्ट पर ही प्रियंका वाड्रा को रोकने की तैयारी कर रहा था। फिर वहां से  प्रियंका वाड्रा को पांच सदस्यों की कमेटी के साथ प्रशासन ने घटनास्थल पर ले जाने की तैयारी की थी। प्रशासन में मंथन चल रहा था कि एयरपोर्ट से सीधे प्रियंका वाड्रा को पांच सदस्यों की कमेटी के साथ घटनास्थल पर ले जाया जाए। शेष कांग्रेसियों को यहीं रोक दिया जाए। जबकि कांग्रेसी पूरेे दल-बल के साथ पीडि़त के गांव जाने की तैयारी में थे। घटनास्थल पर नेताओं के जमघट को देखते हुए सुरक्षा बढ़ा दी गई थी। शाम को प्रियंका जब घटनास्थल पर पहुंची तो पुलिस फोर्स सक्रिय रही। प्रियंका के साथ पूर्व विधायक अनुग्रह नारायण सिंह भी मौजूद रहे।

फाफामऊ के गांव में पुलिस बल तैनात

फाफामऊ के जिस गांव में चार लोगों की हत्या हुई थी। वहां मृतक के घर पर शुक्रवार की सुबह एसपी गंगापार की मौजूदगी में भारी पुलिस बल तैनात कर दिया गया है। चारों शवों को लेकर पुलिस पोस्टमार्टम के बाद स्वरूपरानी अस्पताल से घर के लिए लेकर रवाना हुई। वहीं मृतक के स्वजनों मिलने कांग्रेस की महासचिव प्रियंका वाड्रा के पहुंचने की सूचना पर उनकी सुरक्षा को लेकर कमांडो मृतक के घर पहुंच गए हैं।

नाबालिग दलित से सामूहिक दुष्‍कर्म के बाद पूरे परिवार की हत्‍या

जमीन की रंजिश में नाबालिग दलित से सामूहिक दुष्कर्म कर पूरे परिवार की कुल्हाड़ी से काटकर हत्या कर दी गई। फाफामऊ थाना क्षेत्र के एक गांव में इस सनसनीखेज वारदात को अंजाम मंगलवार रात दिया गया। दो दिन तक लाशें घर में ही पड़ी रहीं और किसी को इसकी भनक तक नहीं लगी। गुरुवार सुबह इसकी जानकारी मिलने पर ग्रामीणों की भीड़ जुट गई। आइजी, डीएम, एसएसपी समेत अन्य अधिकारी मौके पर पहुंचे। फोरेंसिंक और डाग स्क्वायड की टीम ने जांच पड़ताल की। मामले के राजफाश के लिए पुलिस की चार टीमें बनाई गईं हैं, साथ ही क्राइम ब्रांच और एसटीएफ को भी लगाया गया है। मृतक के भाई की तहरीर पर गांव के 11 लोगों पर मुकदमा दर्ज किया गया है।

पोस्टमार्टम में मां-बेटी की स्लाइड सुरक्षित

फाफामऊ थाना क्षेत्र में चार लोगों की हत्या के मामले में गुरुवार रात डाक्टरों ने वीडियोग्राफी के बीच शवों का पोस्टमार्टम किया। दो डाक्टरों के पैनल ने मां-बेटी का पोस्टमार्टम किया। सूत्रों के मुताबिक मां-बेटी की स्लाइड सुरक्षित कर ली गई है। इसे तभी सुरक्षित किया जाता है, जब दुष्कर्म की संभावना होती है। अब इसे फोरेंसिक लैब में जांच के लिए भिजवाया जाएगा। अधेड़, उसकी पत्नी, 17 वर्षीया पुत्री और 13 वर्ष के पुत्र का गुरुवार अपराह्न शव पोस्टमार्टम हाउस लाया गया। इसके बाद तीन दारोगाओं को पंचनामा भरने के लिए लगाया गया। लिखापढ़ी में अधिक वक्त लग गया। इस दौरान बड़ी संख्या में ग्रामीणों की भीड़ पोस्टमार्टम हाउस पर डटी रही। किसी प्रकार का हंगामा न हो, इसलिए पुलिसकर्मियों को भी यहां तैनात किया गया था। रात करीब 8:45 बजे डाक्टरों ने वीडियोग्राफी के बीच शवों का पोस्टमार्टम शुरू किया। लगभग डेढ़ घंटे तक पोस्टमार्टम की कार्रवाई चली। सूत्रों के मुताबिक मां-बेटी के शव का पोस्टमार्टम हुआ तो इसमें दोनों की स्लाइड को सुरक्षित कर लिया गया।

Edited By Brijesh Srivastava

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.Accept