सूर सरोवर पर मिली आठ संकटग्रस्त जलीय प्रजातियां

सूर सरोवर में 32 जोधपुर झाल मे 29 समान बर्ड सेंक्चुरी मे 27 जलीय प्रवासी प्रजातियां

JagranPublish: Tue, 25 Jan 2022 02:15 AM (IST)Updated: Tue, 25 Jan 2022 02:15 AM (IST)
सूर सरोवर पर मिली आठ संकटग्रस्त जलीय प्रजातियां

आगरा, जागरण संवाददाता । एशियन वाटर बर्ड सेंसस- 2022 की गणना में सूर सरोवर में 32, जोधपुर झाल मे 29, समान बर्ड सेंक्चुरी पर 27 जलीय प्रवासी प्रजातियां पाई गईं। सूर सरोवर पर 2,861, जोधपुर झाल पर 1,347 और समान बर्ड सेंक्चुरी पर 2,281 जलीय पक्षी मिले। वहीं सूर सरोवर पर आठ, जोधपुर झाल पर छह और समान बर्ड सेंक्चुरी पर पांच संकटग्रस्त पक्षियों की प्रजातियां भी मिलीं।

आगरा मंडल के तीन वेटलैंड्स सूर सरोवर आगरा, जोधपुर झाल मथुरा और समान बर्ड सेंक्चुरी मैनपुरी पर एशियन वाटरबर्ड सेंसस-22 के अंतर्गत जलीय पक्षियों की गणना की गई। वेटलैंड्स इंटरनेशनल के इस गणना कार्यक्रम का आयोजन बायोडायवर्सिटी रिसर्च एंड डेवलपमेंट सोसाइटी, नेशनल चंबल सेंक्चुरी प्रोजेक्ट और वन विभाग के सहयोग से हुआ। पक्षियों की गणना निर्धारित वैज्ञानिक पद्धति से की गई। डा.श्रीनू , समी सैयद, नेहा शर्मा, हिमांशी सागर, निधि यादव , पलक, अनुज यादव, पलक आदि ने गणना में सहयोग किया। कहां कितने पक्षी मिले

सूर सरोवर पर 60 प्रजातियों की पहचान की गई, जिनमें 32 प्रवासी व 28 आवासीय प्रजातियां चिन्हित की गईं। जोधपुर झाल पर जलीय पक्षियों की गणना में 51 प्रजातियों की पहचान की गई, जिनमें 29 प्रवासी व 22 स्थानीय प्रजातियां चिन्हित की गई हैं। समान बर्ड सेंक्चुरी पर कुल 49 प्रजातियों में 27 प्रवासी और 25 स्थानीय आवासीय प्रजातियां चिन्हित की गई। सूर सरोवर पर नोर्दन शोवलर 572, ग्रेट व्हाइट पेलिकन 424 , कामन टील 255, बार हेडेड गूज 154, टैमिनिक स्टिट 81 और नोर्दन पिनटेल 50 की संख्या में दर्ज किए गए। जोधपुर झाल पर कामन टील 434, बार हेडेड गूज 192, यलो वेगटेल 55, रफ 42, गेडवाल 34 और नोर्दन शोवलर 25 की संख्या के अतिरिक्त पाइड एवोसेट, स्पून-बिल, नोर्दन पिनटेल, पेन्टेड स्टार्क, रूडी शेल्डक व ब्लैक टेल्ड गोडविट भी रिकार्ड किए गए। समान बर्ड सेंक्चुरी पर एक समूह में 1,540 नोर्दन शोवलर, कामन टील और नोर्दन पिनटेल रिकार्ड किए गये। ब्लैक टेल्ड गोडविट 66, लेशर विशलिग डक 55, कामन कूट 27, रेड-क्रेस्टेड पोचार्ड 26 सहित यूरेशियन स्पून-बिल, गेडवाल, पिजेन्ट टेल्ड जेकाना आदि पक्षी भी दर्ज किए गए। सूरसरोवर पर कम हुईं जलीय प्रजातियां

वेटलैंड्स इंटरनेशनल के ईकोलोजिस्ट टीके राय के अनुसार समान बर्ड सेंक्चुरी और जोधपुर झाल पर जलीय प्रजातियों व संख्या में वृद्धि हुई, लेकिन सूर सरोवर पर कमी दर्ज की गई है। इसके पीछे कोहरा और गणना में हुई देरी है। इसके अलावा पक्षी नए छोटे वेटलैंड्स पर चले गए। बीआरडीएस के पक्षी वैज्ञानिक डा. केपी सिंह ने बताया कि भारतीय क्षेत्र में प्रवासी पक्षियों का माइग्रेशन मुख्यत: सेंट्रल एशियन फ्लाइ-वे से होता है। सूर सरोवर, जोधपुर झाल और समान बर्ड सेंक्चुरी इसी फ्लाई-वे के अंतर्गत आने वाले वेटलैंड्स में शामिल हैं। गणना में एक वल्नरेबल और सात नियर थ्रेटेन्डेड प्रजातियों की पहचान की गई, जिनमें सारस क्रेन, डालमेशन पेलिकन, रिवर टर्न, पेन्टेड स्टार्क, ब्लैक हेडेड आईबिश, ब्लैक-नेक्ड स्टार्क, रिवर लेपविग, ओरिएंटल डार्टर शामिल हैं। सूर सरोवर पर लेशर स्पोटिड ईगल और समुद्री पक्षी आस्प्रे भी रिकार्ड हुआ है।

Edited By Jagran

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.Accept