चन्नी सरकार के खिलाफ सड़काें पर उतरे किसान, पंजाब के 15 जिलाें में 5 दिन का पक्का धरना शुरू; जानें कारण

भारतीय किसान यूनियन उगराहां के राज्य सचिव व जिला प्रधान शिंगारा सिंह मान ने बताया कि पंजाब सरकार ने किसानों के साथ वादा किया था कि उनको कर्ज की माफी दी जाएगी। लेकिन आज तक यह वादा पूरा नहीं हुआ।

Vipin KumarPublish: Mon, 20 Dec 2021 01:16 PM (IST)Updated: Mon, 20 Dec 2021 04:48 PM (IST)
चन्नी सरकार के खिलाफ सड़काें पर उतरे किसान, पंजाब के 15 जिलाें में 5 दिन का पक्का धरना शुरू; जानें कारण

जागरण संवाददाता, बठिंडा। दिल्ली में संघर्ष खत्म करने के बाद अब किसानों ने पंजाब सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। किसानों ने नरमे की फसल का मुआवजा लेने व कर्ज माफी को लेकर 15 जिलों में डीसी दफ्तरों के आगे 5 दिनों का धरना शुरू कर दिया है। इसके तहत बठिंडा में किसानों ने बठिंडा मानसा मुख्य सड़क पर जाम लगाकर एक तरफ की सड़क को बंद कर दिया जबकि किसानों के धरने के कारण शहर के लोग दिन भर ट्रैफिक की समस्या से जूझते रहे। किसानों ने दोपहर 12 बजे जैसे ही सड़क को बंद कर दिया तो पूरा ट्रैफिक अस्त व्यस्त हो गया। शहर की बस स्टैंड से लेकर सिविल अस्पताल तक की मुख्य सड़क पर वाहनों की लंबी लंबी लाइनें लग गई।

बठिंडा में किसान यूनियन की तरफ से मुख्य सड़क को जाम करने से फंसे वाहन। (जागरण)

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जाम में फंसे रहे वाहन चालक

 जाम के कारण सिविल लाइन एरिया व सिविल स्टेशन में वाहन चालक जाम में फंसे रहे। जबकि जाम के कारण हालात तो यह हो गए कि शहर की कोई भी ऐसी सड़क नहीं थी, जहां पर वाहनों की कतारें देखने को नहीं मिली। लोगों को जाम से निकलने के लिए काफी मशक्कत करनी पड़ी। इसके अलावा ठेका कर्मचारियों ने भी बठिंडा चंडीगढ़ नेशनल हाईवे पर गांव लहरा मोहब्बत के पास सड़क को बंद किया हुआ है। जिसके चलते लोग बठिंडा से पटियाला की तरफ जाने के लिए मानसा से होकर जाने लगे थे लेकिन अब शहर में भी सड़क को बंद कर देने से ट्रैफिक काफी प्रभावित हुआ।किसान यूनियन के नेताओं ने ऐलान किया है कि अगर 5 दिनों में उनकी मांगों को नहीं पूरा किया तो वह अपने धरने को पक्के तौर पर भी लगा सकते हैं।

भारतीय किसान यूनियन उगराहां के राज्य सचिव व जिला प्रधान शिंगारा सिंह मान ने बताया कि पंजाब सरकार ने किसानों के साथ वादा किया था कि उनको कर्ज की माफी दी जाएगी। लेकिन आज तक यह वादा पूरा नहीं हुआ। इसके अलावा नरमा की खराब हुई फसल का भी मुआवजा बेशक सरकार ने घोषित कर दिया है। मगर वह भी किसानों को नहीं मिल रहा है। इसके विरोध में अब यह संघर्ष शुरू किया है। इसके अलावा किसानों की ओर से अपने धरने के दौरान मानसा में अध्यापकों पर लाठीचार्ज करने वाले डीएसपी को नौकरी से बर्खास्त करने, बेरोजगारों को नौकरी देने, पंजाब से नशा खत्म करने, 5 एकड़ के जमीनों के किसानों को 2 लाख रुपये की आर्थिक मदद देने की भी मांग की है।

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Edited By Vipin Kumar

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