Modi Putin Talk: अमेरिकी विरोध के बीच रूस के साथ रिश्तों पर नहीं आएगी कोई आंच, मोदी और पुतिन की वार्ता ने दिए बड़े संकेत

Modi Putin Talk on telephone प्रधानमंत्री नरेन्‍द्र मोदी (Prime Minister Narendra Modi) ने शुक्रवार को रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन (Russian President Vladimir Putin) से टेलीफोन पर बात की। टेलीफोन पर दुनिया के दोनों द‍िग्‍गज नेताओं के बीच क्‍या बातचीत हुई जानने के लिए पढ़ें यह रिपोर्ट...

Krishna Bihari SinghPublish: Fri, 01 Jul 2022 04:20 PM (IST)Updated: Sat, 02 Jul 2022 03:44 AM (IST)
Modi Putin Talk: अमेरिकी विरोध के बीच रूस के साथ रिश्तों पर नहीं आएगी कोई आंच, मोदी और पुतिन की वार्ता ने दिए बड़े संकेत

जागरण ब्यूरो, नई दिल्ली। अमेरिका और पश्चिमी देशों के बढ़ते दबाव के बावजूद भारत ने एक बार फिर जता दिया है कि रूस के साथ उसके कारोबारी रिश्तों पर कोई आंच नहीं आएगी। शुक्रवार को पीएम नरेन्द्र मोदी और रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के बीच टेलीफोन पर बातचीत हुई और दोनों नेताओं ने कृषि उत्पादों, उर्वरक और फार्मा उत्पादों के द्विपक्षीय कारोबार को बनाए रखने पर सहमति जताई है। हाल के महीनों में भारत व रूस के द्विपक्षीय कारोबार में हुई वृद्धि को लेकर भी दोनों नेताओं ने संतोष जताया।

खाद्यान्‍न और ऊर्जा संकट पर हुई बात 

मोदी एवं पुतिन ने वैश्विक बाजार में खाद्यान्नों और ऊर्जा उत्पादों की कीमतों में लगातार अस्थिरता बने रहने पर भी चिंता जताई है। यूक्रेन पर हमले के बाद पुतिन के साथ यह पीएम मोदी की यह चौथी बातचीत है और संभवत: पुतिन के साथ सबसे ज्यादा बार बातचीत पीएम मोदी की ही हुई है।

द्विपक्षीय कारोबार पर मंथन

विदेश मंत्रालय की तरफ से बताया गया है कि दिसंबर, 2021 में राष्ट्रपति पुतिन के भारत दौरे के समय लिए गए फैसलों की समीक्षा की गई है। द्विपक्षीय कारोबार पर बातचीत हुई और इसे बनाये रखने पर सहमति बनी।

यूक्रेन मसले पर अपने रुख से कराया अवगत 

वैश्विक मुद्दों खास तौर पर ऊर्जा व खाद्य सुरक्षा को लेकर भी बातचीत हुई है। यूक्रेन के मौजूदा हालात के बारे में पीएम मोदी ने कहा कि भारत हमेशा से बातचीत और कूटनीति के समर्थन में है। रूस की तरफ से जारी बयान में बताया गया है कि पिछले दिनों ब्रिक्स सम्मेलन के दौरान बनी सहमति के आधार पर मोदी और पुतिन के बीच बातचीत हुई है।

द्विपक्षीय कारोबार में बढ़ोतरी पर जताया संतोष

दोनों नेताओं ने हाल के महीनों में द्विपक्षीय कारोबार में अच्छी वृद्धि होने पर संतोष जताया है। पीएम मोदी के आग्रह पर राष्ट्रपति पुतिन ने रूसी सेना के विशेष अभियान के बारे में जानकारी दी और कीव सरकार के रवैये को भड़काने वाला व खतरनाक बताया। उन्होंने पश्चिमी देशों पर आरोप लगाया कि वो संकट को गहरा कर रहे हैं।

इससे राजनीतिक व कूटनीति के जरिये विवाद का समाधान निकालने की कोशिश में रुकावट पैदा हो रही है।

प्रतिबंधों को गैरकानूनी बताया

राष्ट्रपति पुतिन ने अंतरराष्ट्रीय बाजार में खाद्य व ऊर्जा संकट के गहराने के लिए रूस पर लगाये गए प्रतिबंधों को जिम्मेदार ठहराया और इन प्रतिबंधों को गैरकानूनी करार दिया। पुतिन ने मोदी को आश्वस्त किया कि रूस भारत के लिए ऊर्जा व खाद्य उत्पादों का एक भरोसेमंद आपूर्तिकर्ता बना रहेगा।

कारोबारी रिश्तों का मुद्दा उठाया

मोदी और पुतिन के बीच यह बातचीत अमेरिकी सरकार के इस बयान के एक दिन बाद ही हुई है जिसमें कहा गया है कि इस महीने पीएम मोदी की राष्ट्रपति जो बाइडन से बातचीत होगी और उसमें रूस-भारत के बढ़ते कारोबारी रिश्तों का मुद्दा उठाया जाएगा।

पैमाने पर पेट्रोलियम उत्पादों की खरीद शुरू

उधर, कारोबार क्षेत्र से जो सूचनाएं आ रही हैं उससे साफ है कि फरवरी, 2022 के बाद से भारत ने रूस से बड़े पैमाने पर पेट्रोलियम उत्पादों की खरीद शुरू कर दी है। जून, 2022 में रूस भारत के लिए सबसे बड़े क्रूड आपूर्तिकर्ता के तौर पर उभरा है।

Edited By Krishna Bihari Singh

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