पांच गांव के लोगों ने बैठक कर चुने वार्ड सदस्य, अन्य पदों के लिए नहीं करेंगे मतदान

सुंदरगढ़ जिले के गुरुंडिया ब्लॉक अंतर्गत भालूडुंगरी पंचायत के पांच गांव नलघाटी रानी अमरावती पुर खुंडामुनी बरतेंगलर व माकड़चुआं गांव के लोग मौलिक सुविधा नहीं मिलने के कारण पंचायत चुनाव का बहिष्कार करने का निर्णय लिया है।

JagranPublish: Fri, 28 Jan 2022 10:02 PM (IST)Updated: Fri, 28 Jan 2022 10:02 PM (IST)
पांच गांव के लोगों ने बैठक कर चुने वार्ड सदस्य, अन्य पदों के लिए नहीं करेंगे मतदान

जागरण संवाददाता, राउरकेला : सुंदरगढ़ जिले के गुरुंडिया ब्लॉक अंतर्गत भालूडुंगरी पंचायत के पांच गांव नलघाटी, रानी अमरावती पुर, खुंडामुनी, बरतेंगलर व माकड़चुआं गांव के लोग मौलिक सुविधा नहीं मिलने के कारण पंचायत चुनाव का बहिष्कार करने का निर्णय लिया है। इस संबंध में बरतेंगला में पांच गांव के लोगों की बैठक हुई एवं जिलापाल, उप जिलापाल, गुरुंडिया प्रखंड विकास अधिकारी को भी चुनाव बहिष्कार के संबंध में लिखित सूचना दी गई है। पांच गांवों में 860 मतदाता हैं एवं अपने अपने क्षेत्र के लिए वार्ड सदस्य का चयन सर्वसम्मति से किया है।

बरतेंगला गांव के मैदान में पांच गांवों के मतदाताओं को लेकर बैठक आयोजित की गई और चुनाव बहिष्कार का निर्णय लिया गया। बरतेंगला व माकड़ चुआं गांव के 458 मतदाता हैं। इस गांव के लोगों ने सर्व सम्मति से कुमुदिनी कालो को वार्ड सदस्य चुना। वहीं खुंटामुनी वार्ड में 66 मतदाता हैं जहां से श्रृंगाल बुड को वार्ड सदस्य चुना है। नलघाटी व रानी अमरावतीपुर वार्ड में 336 मतदाता हैं एवं यहां से मरियम लकड़ा को वार्ड सदस्य चुना गया है। जिला परिषद, सरपंच एवं समिति सदस्य के लिए इन गांवों से कोई उम्मीदवार नहीं है, इस कारण यहां से कोई भी मतदान नहीं करेंगे। स्थानीय लोगों के अनुसार ग्रामीण विकास विभाग सड़क, विभिन्न बस्ती तक कंक्रीट सड़क, पाइप से जलापूर्ति, गांव में तालाब का खनन, स्ट्रीट लाइट की व्यवस्था, कल्वर्ट निर्माण, अस्पताल, धान विक्रय केंद्र के लिए गोदाम व खलिहान निर्माण के लिए लंबे समय से मांग की जा रही है। ग्रामसभा व पल्ली सभा में स्वीकृति के बाद सरपंच एवं ब्लॉक कार्यालय में आवेदन के बावजूद इस पर ध्यान नहीं दिया गया। इससे लोग सुविधा से वंचित हो रहे हैं। ग्रामीणों की ओर से शांतनु दास की अगुवाई में मंगरा ओराम, मंगलू पात्र, बालेश्वर किसान, माताजी ओराम, शांति ओराम, भीमसेन ओराम, बासुदेव टेटे, रश्मि मुंडा, सुभाषिनी ओराम समेत अन्य लोगों ने उपजिलापाल प्रदीप डांग से मिलकर फैसले की लिखित जानकारी दी।

Edited By Jagran

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