दिल्ली-अमृतसर-कटरा एक्सप्रेसवे की क्या हैं खासियतें? पीएम मोदी आज रखेंगे नींव, जानें- देशवासियों को कैसे पहुंचेगा फायदा

मोदी आज दिल्ली-अमृतसर-कटरा एक्सप्रेस-वे का शिलान्यास करेंगे। एक्सप्रेसवे हरियाणा चंडीगढ़ पंजाब और जम्मू और कश्मीर के राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में अंबाला चंडीगढ़ मोहाली संगरूर पटियाला लुधियाना जालंधर कपूरथला कठुआ और सांबा जैसे प्रमुख आर्थिक केंद्रों को भी जोड़ेगा।

Nitin AroraPublish: Wed, 05 Jan 2022 10:47 AM (IST)Updated: Wed, 05 Jan 2022 01:38 PM (IST)
दिल्ली-अमृतसर-कटरा एक्सप्रेसवे की क्या हैं खासियतें? पीएम मोदी आज रखेंगे नींव, जानें- देशवासियों को कैसे पहुंचेगा फायदा

नई दिल्ली, एजेंसी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी आज पंजाब के फिरोजपुर दौरा पर हैं और वे शहर में दिल्ली-अमृतसर-कटरा एक्सप्रेसवे और एक पीजीआई उपग्रह केंद्र सहित 42,750 करोड़ रुपये से अधिक की विकास परियोजनाओं की आधारशिला रखेंगे। दिल्ली-अमृतसर-कटरा एक्सप्रेसवे की बात करें तो यह बेहद खास होने वाला है, क्योंकि दिल्ली से श्री माता वैष्णो देवी के आधार शिविर कटरा तक के सफर का समय अब घटकर आधा रह जाएगा। इससे देशभर के लोगों को फायदा पहुंचेगा।

मोदी आज को दिल्ली-अमृतसर-कटरा एक्सप्रेस-वे का शिलान्यास करेंगे। इससे प्रमुख सिख धार्मिक स्थलों को बेहतर कनेक्टिविटी मिल सकेगी। वहीं, माता वैष्णो देवी पहुंचना भी आसान हो जाएगा। 669 किलोमीटर लंबी इस सड़क को करीब 39,500 करोड़ रुपये की लागत से बनाया जाएगा। यह एक्सप्रेस-वे दिल्ली से अमृतसर और दिल्ली से कटरा तक यात्रा के समय को आधा कर देगा। ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे कटरा में प्रमुख सिख धार्मिक स्थलों सुल्तानपुर लोधी, गोइंदवाल साहिब, खडूर साहिब, तरनतारन और वैष्णो देवी के पवित्र हिंदू मंदिर को जोड़ेगा।

एक्सप्रेसवे हरियाणा, चंडीगढ़, पंजाब और जम्मू और कश्मीर के राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों में अंबाला चंडीगढ़, मोहाली, संगरूर, पटियाला, लुधियाना, जालंधर, कपूरथला, कठुआ और सांबा जैसे प्रमुख आर्थिक केंद्रों को भी जोड़ेगा।

एक आधिकारिक बयान में कहा गया है कि पूरे देश में कनेक्टिविटी में सुधार के लिए प्रधानमंत्री द्वारा लगातार किए गए प्रयासों से पंजाब में कई राष्ट्रीय राजमार्गों की नींव रखी गई है। वहीं, पिछले साल मिली जानकारी के अनुसार, दिल्ली कटरा एक्सप्रेस-वे केंद्र सरकार की महत्वकांक्षी योजना 2024 तक पूरा करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। बता दें कि उनकी सरकार द्वारा तीन कृषि कानूनों को निरस्त करने के बाद मोदी की यह पहली पंजाब यात्रा होगी। पंजाब एक प्रमुख राज्य रहा है, जिसके किसानों ने तीन कृषि कानूनों को खत्म करने के पक्ष में लगभग एक साल तक लड़ाई लड़ी।

वहीं, मोदी की पंजाब यात्रा इसलिए भी महत्वपूर्ण है क्योंकि राज्य में विधानसभा चुनाव होने वाले हैं और भाजपा ने पूर्व मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह और सुखदेव सिंह ढींडसा के नेतृत्व वाले अकाली गुट के साथ प्रतिद्वंद्वी दलों का मुकाबला करने के लिए हाथ मिलाया है।

Edited By Nitin Arora

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