Madhya Pradesh: बालिका ने लगाई गुहार- घर की छत टूट गई अब कैसे रहेंगे, जज के आदेश पर एक दिन में हुआ निर्माण

13 वर्षीय मनीषा पंवार ने जिला अदालत में अपील की उसने जज से कहा की घर की छत टूट गई है अब कैसे रहेंगे। जज के आदेश जारी करते ही नगर पालिका अधिकारियों ने उनके घर पहुंचकर निरीक्षण किया और एक दिन में ही छत बन गई।

Babita KashyapPublish: Thu, 30 Jun 2022 09:44 AM (IST)Updated: Thu, 30 Jun 2022 09:44 AM (IST)
Madhya Pradesh: बालिका ने लगाई गुहार- घर की छत टूट गई अब कैसे रहेंगे, जज के आदेश पर एक दिन में हुआ निर्माण

बड़वानी, जागरण आनलाइन डेस्‍क। कालबेलिया बस्ती निवासी 13 वर्षीय मनीषा पंवार ने जिला प्रशासन की बजाय जिला अदालत में अपील की। उसने जज से कहा- मेरे घर की छत टूट गई है, घर में बारिश का पानी आ जाएगा, अब हम कैसे रहेंगे? इस पर जज ने आदेश जारी किया। इसके बाद नगर पालिका अधिकारियों ने उनके घर पहुंचकर निरीक्षण किया और टिन शेड की छत का निर्माण कराया। किशोरी ने न केवल समाज के अन्य लोगों की स्थिति को सुधारने में बल्कि अपने घर की छत को भी सुधारने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।

जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के सचिव एवं जिला न्यायाधीश अमित कुमार सिसोदिया के अनुसार शनिवार को मनीषा चाइल्ड लाइन एवं समाजसेवियों के सहयोग से प्रधान जिला न्यायाधीश, अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण आनंद कुमार तिवारी के साथ कोर्ट में पहुंची। मनीषा की समस्या सुनकर प्रधान जिला न्यायाधीश ने आदेश जारी कर अधिकारियों को उनके घर भेज दिया।

सोमवार को नगर निगम के सीएमओ कुशलसिंह डोडवे ने क्षतिग्रस्त मकान का निरीक्षण कर मरम्मत करायी। छत की मरम्मत के बाद मनीषा खुश हो गई। उसने कहा कि अब वह एक अच्छी छत के नीचे रह सकेगी और पढ़ सकेगी। मालूम हो कि उसके पिता मजदूरी के लिए गुजरात गए हैं और वह यहां अपनी मां के साथ रहती हैं। चाइल्ड लाइन की समन्वयक ललिता गुर्जर ने बताया कि मनीषा ने चौथी कक्षा तक पढ़ाई की है। उसकी पढ़ाई के लिए प्रयास किए जा रहे हैं।

बस्ती में रहने वालों की भी हुई सुनवाई

जिला न्यायाधीश अमित कुमार सिसोदिया ने बताया कि मनीषा के अनुरोध के बाद अब बस्ती में रहने वाले सपेरों की स्थिति में भी सुधार हो रहा है। जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की ओर से जब यहां शिविर का आयोजन किया गया तो लोगों ने समस्याओं से संबंधित 90 आवेदन दिए. अब ये भी सुनने को मिल रहे हैं. इनमें राशन कार्ड, समग्र आईडी, पीएम आवास और अन्य मूलभूत समस्याओं से संबंधित आवेदन शामिल हैं।

प्रधान जिला न्यायाधीश, अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण आनंद कुमार तिवारी ने भी जिला अदालत के कर्मचारियों को निगरानी की जिम्मेदारी सौंपी है। एक सप्ताह बाद इसकी समीक्षा की जाएगी। आवेदनों का समाधान नहीं होने पर जिला प्रशासन जवाबी कार्रवाई करेगा। इसके अलावा जिला न्यायालय के प्रयास से जिला प्रशासन की ओर से गुरुवार को कालबेलिया बस्ती में कैंप भी लगाया जाएगा। इसमें उनकी समस्याओं का समाधान किया जाएगा।

Edited By Babita Kashyap

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