चीन ने भारतीय सीमा के पास 16 हजार फीट की ऊंचाई पर किया रात्रि युद्धाभ्यास

चीनी सेना की थिएटर कमांड शिनजियांग और तिब्बत स्वायत्त क्षेत्रों के साथ-साथ भारत के साथ लगती सीमा की देखरेख करती है जिससे यह पीएलए में एक कमांड के तहत सबसे बड़ा भौगोलिक क्षेत्र बन जाता है। पश्चिमी थिएटर कमांड ने अपनी क्षमताओं को बढ़ाने के लिए रात्रि युद्धाभ्यास किया।

Monika MinalTue, 21 Sep 2021 03:47 AM (IST)
चीन ने भारतीय सीमा के पास 16 हजार फीट की ऊंचाई पर किया रात्रि युद्धाभ्यास

नई दिल्ली, आइएएनएस।  चीन की पीपुल्स लिबरेशन आर्मी (पीएलए) ने पूर्वी लद्दाख में दोनों देशों के सीमा विवाद को हल करने के लिए चल रही सैन्य और कूटनीतिक बातचीत के बीच भारतीय सीमा के पास शिनजियांग में 16,000 फीट से अधिक की ऊंचाई पर रात्रि युद्धाभ्यास किया है। सूत्रों ने कहा कि पश्चिमी थिएटर कमांड ने हाल ही में अपनी क्षमताओं को बढ़ाने के लिए रात्रि युद्धाभ्यास किया।

चीनी सेना की थिएटर कमांड शिनजियांग और तिब्बत स्वायत्त क्षेत्रों के साथ-साथ भारत के साथ लगती सीमा की देखरेख करती है, जिससे यह पीएलए में एक कमांड के तहत सबसे बड़ा भौगोलिक क्षेत्र बन जाता है। इस साल की शुरुआत में चीन तिब्बत सैन्य क्षेत्र से शिनजियांग क्षेत्र में सैनिकों को लेकर आया था, जो दक्षिण उत्तराखंड में काराकोरम दर्रे तक के क्षेत्र की सुरक्षा के लिए जिम्मेदार है। इसके अलावा उन्होंने बड़ी संख्या में लंबी दूरी की तोपें तैनात की हैं और वे तिब्बती पठार पर तेजी से बुनियादी ढांचे का निर्माण कर रहे हैं।

इन सैनिकों को लाए जाने के बाद पीएलए ने क्षेत्र में सैन्य अभ्यास करना शुरू किया है। इसके अलावा, चीन ने तिब्बती पठार में अपने मौजूदा हवाई क्षेत्रों का नवीनीकरण किया है जिससे वहां दो इंजन वाले लड़ाकू विमानों को तैनाती हो सकेगी। वे वर्तमान में सैन्य परिवहन के लिए शिनजियांग और तिब्बत में निर्मित या निमार्णाधीन 30 हवाई अड्डों में सुधार कर रहे हैं। चीन ने तिब्बत में बुनियादी ढांचे में सुधार किया है और इस दिशा में काम करते हुए प्रांतीय राजधानी ल्हासा को अरुणाचल प्रदेश के करीब तिब्बती सीमावर्ती शहर निंगची से जोड़ने वाली एक हाई-स्पीड बुलेट ट्रेन शुरू की है।

बता दें कि भारत और चीन के बीच इसी माह 13वें दौर की सैन्य कमांडर स्तर वार्ता हो सकती है। संभावना जताई जा रही है कि इस वार्ता के दौरान दोनों देशों के बीच हाट स्प्रिंग फ्रिक्शन का मुद्दा भी उठ सकता है। दोनों तरफ से जल्द बैठक को लेकर सहमति बन गई है। इसी महीने बैठक होने की बात कही गई है। इससे पहले 12 जुलाई को दोनों देशों को 12वें दौर की बैठक हुई थी।

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