बीमारी फैल रही है बताएगा मोबाइल डाटा, उचित कदम उठाने की दे सकता सलाह, जानें कैसे

जिनेवा, पीटीआइ। मोबाइल फोन के डाटा संक्रामक बीमारियों के फैलने का पता लगाने के साथ-साथ स्वास्थ्य विभाग को इससे निपटने के लिए उचित कदम उठाने की सलाह दे सकता है। सिंगापुर में हुए एक अध्ययन के अनुसार, इस तरीके से रोगों के बारे में प्रभावी तरीके से भविष्यवाणी की जा सकती है। इस अध्ययन के लिए शोधकर्ताओं ने प्रतिभागियों के मोबाइल को ट्रेस कर यह पता लगाया कि वे ऐसे किन इलाकों में जाते हैं जहां संक्रामक रोग फैलने की संभावना ज्यादा होती है।

महामारी पर नजर रखने का सटीक तरीका 

शोधकर्ताओं ने कहा, ‘सेलफोन यूजरों की गोपनीयता भंग किए बगैर महामारी पर नजर रखने का यह सबसे सटीक तरीका है।’ साइंटिफिक रिपोर्ट्स नामक जर्नल में प्रकाशित अध्ययन के मुताबिक, मोबाइल फोन का लोकेशन डाटा बीमारियों के फैलने की तीव्रता को समझने के लिए महत्वपूर्ण साबित हो सकता है। इससे किसी भी संक्रामक बीमारी को फैलने या विकसित होने से रोकने में मदद मिल सकती है।

बीमारियों के बीच के संबंधों का अध्‍ययन

स्विटजरलैंड में इकोले पॉलिटेक्निक फेडेरेल डी लॉजेन (ईपीएफएल) के शोधकर्ताओं ने सिंगापुर में वर्ष 2013 और 2014 में मनुष्य की गतिशीलता यानी उसके चलने-फिरने की आदत और डेंगू के प्रकोप के बीच के संबंधों का अध्ययन किया।

30 गुना बढ़ गया है डेंगू का प्रसार

विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) के अनुसार, डेंगू का प्रसार दुनिया भर में पिछले 50 वषों में 30 गुना बढ़ गया है। विश्व के 128 देशों में 3.9 बिलियन यानी 390 करोड़ लोग इससे प्रभावित हैं। यह आंकड़ा विश्व की कुल जनसंख्या का लगभग आधा है। अध्ययन के दौरान शोधकर्ताओं ने पाया कि जिन क्षेत्रों में लोगों का आना-जाना कम होता है वहां भी महामारी फैलने का खतरा रहता है।

1952 से 2019 तक इन राज्यों के विधानसभा चुनाव की हर जानकारी के लिए क्लिक करें।

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.