चुनाव बाद हिंसा मामले में सुप्रीम कोर्ट ने राज्य सरकार की याचिका पर चुनाव आयोग, सीबीआइ व केंद्र से मांगा जवाब

जवाब मिलने के बाद सात अक्टूबर को फिर होगी सु्प्रीम कोर्ट में याचिका पर सुनवाई। कोर्ट ने कहा कि हम दूसरे पक्ष को सुने बिना कोई आदेश नहीं जारी करेंगे। सीबीआइ जांच में कई लोगों को गिरफ्तार करने के साथ-साथ 40 प्राथमिकी दर्ज कर चुकी है।

Vijay KumarTue, 28 Sep 2021 04:54 PM (IST)
शीर्ष अदालत ने ममता सरकार की ओर से दायर याचिका पर यह कदम उठाया। सात अक्टूबर को अगली सुनवाई होगी।

राज्य ब्यूरो, कोलकाताः विधानसभा चुनाव के बाद बंगाल में हुई हिंसा मामले में सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को सीबीआइ, चुनाव आयोग और केंद्र सरकार से जवाब मांगा है। शीर्ष अदालत ने ममता सरकार की ओर से दायर याचिका पर यह कदम उठाया है। सुप्रीम कोर्ट सात अक्टूबर को अगली सुनवाई करेगा। सुप्रीम कोर्ट ने बंगाल सरकार की उस याचिका को स्वीकार किया, जिसमें चुनाव के बाद हिंसा के मामलों की सीबीआइ जांच का निर्देश देने वाले कलकत्ता हाईकोर्ट के आदेश को चुनौती दी गई है।

दूसरे पक्ष को सुने बिना कोई आदेश नहीं जारी करेंगे

सुप्रीम कोर्ट के न्यायाधीश विनीत सरन और न्यायाधीश अनिरुद्ध बोस की पीठ ने कहा कि जनहित याचिकाकर्ताओं को नोटिस जारी करने का मामला बनता है। इसी आधार पर हाईकोर्ट ने सीबीआइ जांच का आदेश दिया है। ममता सरकार के अधिवक्ता कपिल सिब्बल ने सुप्रीम कोर्ट से सीबीआइ जांच पर रोक लगाने कि मांग की थी। इस पर कोर्ट ने कहा कि हम दूसरे पक्ष को सुने बिना कोई आदेश नहीं जारी करेंगे।

कई लोगों को गिरफ्तार करने के साथ 40 प्राथमिकी दर्ज

ज्ञात हो कि कलकत्ता हाई कोर्ट की पांच जजों की पीछ ने चुनाव बाद हिंसा मामले में राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (एनएचआरसी) की विशेष समिति की रिपोर्ट मिलने के बाद हत्या, दुष्कर्म जैसे गंभीर अपराध की सीबीआइ व सामान्य अपराध की विशेष अनवेषण टीम (एसआइटी) जांच का आदेश दिया था। इसके बाद सीबीआइ ने जांच शुरू कर दी है और कई लोगों को गिरफ्तार करने के साथ-साथ 40 प्राथमिकी दर्ज कर चुकी है। इसी आदेश को ममता सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी है।

डाउनलोड करें हमारी नई एप और पायें अपने शहर से जुड़ी हर जरुरी खबर!
This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.