Bengal Chunav 2021: चुनाव आयोग का बड़ा कदम, अगले तीन दिनों तक शीतलकूची में राजनीतिक दलों के प्रवेश पर रोक

राजनीतिक दलों को मतदान के 72 घंटे पहले चुनाव प्रचार बंद करने का भी निर्देश।

बंगाल में शनिवार को चौथे चरण के मतदान के दौरान कूचबिहार जिले के शीतलकूची में हुई फायङ्क्षरग की घटना के मद्देनजर चुनाव आयोग ने बड़ा कदम उठाया है। आयोग ने आज से अगले तीन दिनों तक शीतलकूची में राजनीतिक दलों के प्रवेश पर रोक लगा दी है।

Vijay KumarSat, 10 Apr 2021 10:23 PM (IST)

राज्य ब्यूरो, कोलकाता : बंगाल में शनिवार को चौथे चरण के मतदान के दौरान कूचबिहार जिले के शीतलकूची में हुई फायङ्क्षरग की घटना के मद्देनजर चुनाव आयोग ने बड़ा कदम उठाया है। आयोग ने आज से अगले तीन दिनों तक शीतलकूची में राजनीतिक दलों के प्रवेश पर रोक लगा दी है। बता दें कि कल रविवार को मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के शीतलकूची में जाने का कार्यक्रम था।

वह फायरिंग में मारे गए चार लोगों के स्वजनों से मिलने जाने वाली थी। इसके साथ ही चुनाव आयोग ने एक और बड़ा कदम उठाते हुए राजनीतिक दलों को मतदान के 72 घंटे पहले चुनाव प्रचार बंद करने का निर्देश दिया है। पहले यह अवधि 48 घंटे की थी। जानकारों के मुताबिक, विधानसभा चुनाव के इतिहास में यह पहली बार है जब चुनाव आयोग ने यह कदम उठाया है। इससे पहले 2019 के लोकसभा चुनाव में आयोग ने बंगाल में 72 घंटे पहले चुनाव प्रचार बंद करने का निर्देश दिया था। 

आयोग के फैसले पर तृणमूल ने जताई आपत्ति, कहा- ममता को रोकने के लिए लिया गया फैसला 

इधर, चुनाव आयोग द्वारा शीतलकूची जाने पर अगले तीन दिनों तक रोक लगाए जाने के फैसले पर तृणमूल कांग्रेस ने कड़ी आपत्ति जताई है। तृणमूल के वरिष्ठ सांसद व प्रवक्ता सौगत राय ने कहा कि ममता बनर्जी को वहां जाने से रोकने के लिए आयोग ने यह फैसला लिया है। उन्होंने इसे पक्षपातपूर्ण बताते हुए इसकी कड़ी आलोचना की। बता दें कि मतदान के दौरान शीतलकूची में एक पोलिंग बूथ पर उपद्रवी ग्रामीणों की भीड़ ने गलतफहमी में सीआइएसएफ जवानों पर हमला कर दिया। भीड़ को काबू में करने के लिए जवानों ने आत्मरक्षा में हवाई फायरिंग की। इसमें चार लोगों की मौत हो गई। इसके बाद से राजनीति गर्मा गई है। ममता बनर्जी ने इस घटना के लिए सीआइएसएफ व गृहमंत्री अमित शाह को जिम्मेदार ठहराया है।

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