चाय श्रमिकों की समस्याएं सुनने पहुंचे सांसद, दिया आश्वासन

संवाद सूत्र, चामुर्ची: सिनकोना एवं चाय बागान के श्रमिकों के विभिन्न समस्याओं को लेकर शनिवार को गैरीवास, कुमाऊं एवं रंगो इलाके के श्रमिकों ने सासद जॉन बरला से मुलाकात की। उन्होंने चाय बागान एवं सिनकोना बागान में कार्यरत श्रमिकों के न्यूनतम मजदूरी ,श्रमिकों की समस्या सहित कई विषय पर विस्तार पूर्वक चर्चा की। सिनकोना बागान के कर्मचारी भीम प्रसाद शर्मा ने बताया आज श्रमिकों के विभिन्न समस्याओं को लेकर सासद जॉन बरला से मुलाकात की गई। उन्होंने उक्त सभी समस्याओं का समाधान शीघ्र ही किए जाने का आश्वासन भी दिया है। उन्होंने बताया अभी भी सिनकोना चाय बागान में लेबर यूनियन गठन नहीं होने से कई समस्याओं को सही प्रकार से उठाया नहीं जा सका है। हम लोग चाहते हैं कुमायूं, गैरिबास एवं रंगों के चाय बागान एवं सिनकोना बागान में श्रमिक संगठन का गठन किया जाए। न्यूनतम मजदूरी अभी तक लागू नहीं होने से श्रमिक काफी हताश है। इस विषय की भी जानकारी भी सांसद जॉन बारला को दी गई। श्रमिकों ने बताया कि रंगो के सिनकोना प्लाटेशन में 1600 से भी ज्यादा श्रमिक कार्यरत है। ब्रिटिश काल से ही रंगों में सिनकोना का बागान स्थापित है। लेकिन फिलहाल सिनकोना से मलेरिया के लिए बनाए जाने वाला औषधि बंद होने के कारण सिनकोना फैक्ट्री बंद पड़ा है ।इसे खोल कर सरकार चलाने की व्यवस्था की जानी चाहिए। सिनकोना बागान में कार्यरत श्रमिकों एवं कर्मचारियों को सरकार द्वारा विकल्प व्यवस्था दिया जाए। जिससे श्रमिकों में जो निराशा देखी जा रही है उसका निवारण किया जा सके। सासद से मिलने आए श्रमिकों के प्रतिनिधि दल ने बताया सासद जॉन बरला के साथ उनलोगों की काफी सकारात्मक बातचीत हुई है। उन्होंने बताया इन सभी समस्याओं को उन्होंने संसद में भी रखे हैं एवं आने वाले दिनों में फिर से इस विषय को संसद में उठाएंगे।

दूसरी ओर सासद जॉन बारला ने बताया केंद्र सरकार पूरी तरह से श्रमिकों के साथ खड़ी है। कई विषय में राज्य सरकार द्वारा अड़चन पैदा किए जाने के कारण कई कायरें में विलंब हो रहा है। हम लोग चाहते हैं चाय बागान एवं सिनकोना बागान की सभी समस्याओं का समाधान जल्द से जल्द हो।

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