फिर आंदोलन की राह चले सीएचसी संविदा कर्मी

फिर आंदोलन की राह चले सीएचसी संविदा कर्मी
Publish Date:Fri, 16 Oct 2020 05:43 PM (IST) Author: Jagran

महराजगंज : सीमावर्ती क्षेत्र में दशकों से फलफूल रहे तस्करी, जुआ व नशे के अवैध कारोबार ने बहुत से नौजवानों की हंसती खिलखिलाती जिदगी को बर्बादी के मुहाने पर लाकर खड़ा कर दिया है। जागरुकता व रोकथाम के अभाव में तस्कर गिरोह से जुड़े लोग नौजवानों को चंद रुपयों का लालच देकर अवैध सामानों की ढुलाई के लिए कैरियर के रूप में इस्तेमाल करने से बाज नहीं आ रहे हैं। गांवों में साल दर साल ऐसे युवाओं की तादात बढ़ती जा रही है, जो जवानी की दहली•ा पर कदम रखते ही अपनी शौक व मौज को पूरा करने के लिए पेशेवर गिरोहों के झांसे में फंसते जा रहे हैं। खाली समय में यही युवा स्वजन व जान पहचान के लोगों की नजर से बचकर चोरी छुपे तंबाकू, ड्रग्स व शराब आदि का सेवन भी कर रहे हैं, जिन्हें किसे जमाने में करने से वयस्क भी हिचकता था। गुमराह हो चुके इन नौजवानों के कारण इनके परिवार टूटने व बर्बादी के कगार पर पहुंचते जा रहे हैं ।

पुलिस क्षेत्राधिकारी अजय सिंह चौहान का कहना है कि सीमा से सटे गांवों की गतिविधियों पर सुरक्षा एजेसियों की पैनी नजर है। इसके लिए पुलिस को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए हैं। युवाओं को भटकाव से बचाने के लिए प्रशासन व स्वयंसेवी संस्थाएं समय- समय पर विविध प्रकार के आयोजन भी करते हैं।

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