घटिया निर्माण की पुष्टि, लगाई रोक

लैंसडौन वन प्रभाग की कोटद्वार रेंज के अंतर्गत लालपानी क्षेत्र में हो रहे हाथी सुरक्षा दीवार निर्माण कार्यों पर रोक लगा दी गई है।

JagranWed, 04 Aug 2021 10:22 PM (IST)
घटिया निर्माण की पुष्टि, लगाई रोक

जागरण संवाददता, कोटद्वार: लैंसडौन वन प्रभाग की कोटद्वार रेंज के अंतर्गत लालपानी क्षेत्र में हो रहे हाथी सुरक्षा दीवार निर्माण कार्यों पर रोक लगा दी गई है। बगैर निविदाओं व कार्यादेश के हो रहे इस निर्माण कार्य पर प्रभागीय वनाधिकारी ने स्थलीय जांच के बाद रोक लगाई। इससे पूर्व, क्षेत्रीय जनता की ओर से भी निर्माण कार्यों की गुणवत्ता पर सवाल खड़े करते हुए निर्माण कार्यों की जांच की मांग की थी।

लैंसडौन वन प्रभाग में इन दिनों करोड़ों की लागत से हाथी सुरक्षा दीवार का निर्माण करवाया जा रहा है। सनेह व लालपानी क्षेत्र में बन रही इस हाथी सुरक्षा दीवार की गुणवत्ता बेहद घटिया स्तर की थी। नतीजा, क्षेत्रीय जन ने दीवार निर्माण कार्य का विरोध शुरू कर दिया। पिछले दिनों स्थानीय नागरिकों ने प्रभागीय वनाधिकारी कार्यालय में सुरक्षा दीवार निर्माण कार्य रोकने व निर्माण कार्यों की जांच की मांग को लेकर प्रदर्शन भी किया। मंगलवार शाम प्रभागीय वनाधिकारी दीपक कुमार मौके पर पहुंचे और निर्माण कार्यों की जांच की। प्रभागीय वनाधिकारी ने बताया कि निर्माण कार्यों की गुणवत्ता संतोषजनक नहीं पाई गई, जिसके चलते निर्माण कार्य पर रोक लगा दी गई है। इस मौके पर पार्षद अनिल रावत, पार्षद हरीश नेगी, संजय तिवारी, मोहन सिंह रावत, महेंद्र पाल सिंह सहित अन्य मौजूद रहे।

---------

नहीं है बजट

सनेह व लालपानी क्षेत्र में ठेकेदार जिस हाथी सुरक्षा दीवार निर्माण का कार्य करवा रहे हैं, उसके लिए लैंसडौन वन प्रभाग के पास वर्तमान में कोई बजट नहीं है। स्वयं प्रभागीय वनाधिकारी दीपक कुमार ने बताया कि दीवार निर्माण के लिए वर्तमान में कोई बजट नहीं हैं। ऐसे में किए गए निर्माण कार्य का भुगतान किसी भी स्थिति में नहीं किया जा सकता। बताया कि बजट उपलब्ध होने के कारण निर्माण कार्यों की पूरी जांच के बाद भी भुगतान किया जा सकेगा।

---------

शाम को रुकवाया, सुबह काम शुरू

लैंसडौन वन प्रभाग की कोटद्वार रेंज में बन रही जिस हाथी सुरक्षा दीवार निर्माण कार्य को रोकने के आदेश मंगलवार शाम प्रभागीय वनाधिकारी ने दिया। बुधवार को ठेकेदार उसकी दीवार पर निर्माण कार्य करते नजर आए। पार्षद अनिल रावत व हरीश नेगी ने इस संबंध में प्रभागीय वनाधिकारी को सूचित किया। पार्षदों का कहना था कि ठेकेदार जिस तरह अधिकारियों के आदेशों को ताक पर रख रहे हैं, उससे स्पष्ट हो गया है कि ठेकेदार बेलगाम हो गए हैं। पार्षदों ने प्रशासन से गुणवत्ताविहीन कार्यों की जांच की मांग की है।

डाउनलोड करें हमारी नई एप और पायें अपने शहर से जुड़ी हर जरुरी खबर!

रोमांचक गेम्स खेलें और जीतें
एक लाख रुपए तक कैश अभी खेलें

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.