अल्मोड़ा में गुस्साए व्यापारियों ने प्रशासन से वापस मांगे ऑक्सीजन सिलिंडर, ताली, थाली व शंख बजाकर किया प्रदर्शन

व्यापारियों में राज्य सरकार के खिलाफ आक्रोश बढ़ता जा रहा है। उम्मीद के उलट नई गाइडलाइन में सभी दुकानें खोलने की अनुमति न मिलने पर व्यापारी सड़क पर उतर आए। उन्होंने थाली व शंख बजाकर प्रदर्शन किया। कारोबारियों से लिए गए ऑक्सीजन सिलिंडर वापस लौटाने की मांग कर डाली।

Prashant MishraTue, 08 Jun 2021 05:20 PM (IST)
बाजार बंद रहने से व्यापारी घाटे की मार झेल रहे हैं।

जागरण संवाददाता, अल्मोड़ा : बाजार खोलने के लिए मनमाफिक रियायत न दिए जाने पर व्यापारियों में राज्य सरकार के खिलाफ आक्रोश बढ़ता जा रहा है। उम्मीद के उलट नई गाइडलाइन में सभी दुकानें खोलने की अनुमति न मिलने पर व्यापारी सड़क पर उतर आए। उन्होंने थाली व शंख बजाकर प्रदर्शन किया। कहा कि बीते वर्ष लॉकडाउन से ही व्यापारी मंदी का मार झेल रहा है। गुस्साए व्यापारियों ने प्रशासन से वैल्डिंग कारोबारियों से लिए गए ऑक्सीजन सिलिंडर वापस लौटाने की मांग कर डाली। 

नगर इकाई के बाद मंगलवार को देवभूमि उद्योग व्यापार मंडल से जुड़े व्यापारी सरकार के खिलाफ लामबंद हो गए हैं। शिखर तिराहा स्थित शहीद पार्क पर जुटे व्यापारियों ने ताली, थाली व शंख बजाकर प्रदर्शन किया। इस दौरान हुई सभा में वक्ताओं ने कहा कि बाजार बंद रहने से व्यापारी घाटे की मार झेल रहे हैं। लगातार दुकानें बंद रहने से भारी आर्थिक चोट पहुंची है।

उन्होंने प्रात: आठ से दोपहर दो बजे तक सभी व्यावसायिक प्रतिष्ठान खोले जाने की मांग उठाई। प्रदर्शनकारी व्यापारियों ने कहा कि वैल्डिंग व्यवसायियों से जो ऑक्सीजन सिलिंडर लिए गए थे प्रशासन उन्हें वापस लौटाए। ताकि वह अपना कारोबार शुरू कर सकें। तर्क दिया कि जिला व बेस चिकित्सालय में ऑक्सीजन प्लांट ने काम करना शुरू कर दिया है। 

प्रदर्शन करने वालों में जिलाध्यक्ष मनोज वर्मा, महासचिव यूसुफ तिवारी, उपाध्यक्ष किरन पंत, सुधीर गुप्ता व अन्नू साह, सचिव जगत तिवारी व राजेंद्र प्रसाद शर्मा, मंगल सिंह बिष्टï, नगर अध्यक्ष दीपेश चंद्र जोशी, गणेश दत्त जोशी, दिनेश जोशी, स्नेहा चौहान आदि शामिल रहे। 

जिला मुख्यालय में धरना प्रदर्शन आज 

नगर उद्योग व्यापार प्रतिनिधिमंडल अध्यक्ष सुशील साह की अगुआई में बुधवार को जिला मुख्यालय में धरना प्रदर्शन किया जाएगा। व्यापारी नेता सुशील ने कहा कि कोविड-19 की गाइडलाइन का अनुपालन कर चाय व मिठाई की दुकान से लेकर रेस्तरां, सैलून आदि सभी दुकानें खोलने की अनुमति दी जानी चाहिए। उन्होंने कहा कि बीते वर्ष लॉकडाउन से दूसरी लहर तक कारोबार चौपट होने से व्यापारियों के समक्ष आर्थिक संकट गहरा गया है। अब और बर्दास्त नहीं किया जा सकता।

Uttarakhand Flood Disaster: चमोली हादसे से संबंधित सभी सामग्री पढ़ने के लिए क्लिक करें

डाउनलोड करें हमारी नई एप और पायें अपने शहर से जुड़ी हर जरुरी खबर!

रोमांचक गेम्स खेलें और जीतें
एक लाख रुपए तक कैश अभी खेलें

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.