फ्लीट रोककर मंत्री भगत को दिखाए काले झंडे, बोले-भाजपा नेताओं को गांव में घुसने नहीं देंगे

किसान कानून के विरोध में शुरू हुआ आंदोलन भाजपा नेताओं और पदाधिकारियों के लिए मुसीबत का सबब बन गया है। कानून रद्द करने की मांग को लेकर किसान जगह-जगह भाजपा नेता और मंत्रियों का विरोध कर रहे हैं।

Skand ShuklaFri, 17 Sep 2021 04:18 PM (IST)
रामनगर में किसानों ने कैबिनेट मंत्री बंशीधर भगत को दिखाए काले झंडे, बोले-भाजपा नेताओं को गांव में नहीं घुसने देंगे

रामनगर, जागरण संवाददाता : शहरी आवास विकास मंत्री बंशीधर भगत को शुक्रवार को सड़क पर किसानों के विरोध का सामना करना पड़ गया। पुलिस के मुताबिक भगत हल्द्वानी से देहरादून जा रहे थे। बैलपड़ाव से पहले चूनाखान के पास जुटे किसानों ने उनकी फ्लीट रोककर नारेबाजी शुरू कर दी और काले झंडे भी दिखाए। भगत वापस जाओ और काले कानून वापस लो के नारों के बीच प्रदर्शनकारियों को हटाने में पुलिस को भी मशक्कत करनी पड़ी।

कृषि कानूनों के खिलाफ विरोध-प्रदर्शन का सिलसिला लगातार जारी है। कैबिनेट मंत्री भगत के निकलने की सूचना मिलने पर शुक्रवार सुबह 11 बजे करीब किसान चूनाखान में सड़क किनारे झंडे लेकर खड़े हो गए। जैसे ही मंत्री की गाड़ी वहां पहुंची तो सभी लोग काले झंडे लेकर बीच सड़क पर आ गए। किसान एकता जिंदाबाद के नारों के बीच काले कानून वापस लो के नारे लगाने लगे। इस बीच बैलपड़ाव पुलिस भी पहुंच गई, जिसके बाद फ्लीट के जवानों और चौकी की टीम ने किसानों को सड़क से हटाया।

प्रदर्शन करने वालों में करमजीत सिंह, भगवान रौतेला, मोहित आर्य, सोहन सिंह, पीयूष बिष्ट, ओमकार सिंह, रमनदीप संधू, प्रवीन कंबोज, गुरदेव सिंह, सुखचरण सिंह, विपिन बिष्ट समेत अन्य किसान शामिल थे। वहीं, चौकी इंचार्ज बैलपड़ाव भूपाल राम ने बताया कि घटना के दौरान कैबिनेट मंत्री गाड़ी में थे। पुलिस टीम ने तुरंत किसानों को हाईवे से हटा दिया था, जिसके बाद वाहन दून के लिए रवाना हो गया।

किसानों की अनदेखी भाजपा एवं स्थानीय विधायक बंशीधर भगत को भारी पड़ेगी। अभी मंत्री व भाजपा के नेता सत्ता के अंहकार में डूबे हुए हैं। लेकिन आने वाले चुनाव में जनता इसका जवाब जरूर देगी।

महेश शर्मा, प्रदेश महासचिव कांग्रेस

 

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