सड़कों पर काल बनकर दौड़ते अज्ञात वाहन, छीनी 205 लोगों की जिंदगी

नैनीताल, [किशोर जोशी]: कुमाऊं में अज्ञात वाहन दो सौ पांच लोगों की जिंदगी छीन चुके हैं। बावजूद इसके सरकारी तंत्र अज्ञात वाहनों की टक्कर से काल कवलित लोगों के परिजनों को नियमानुसार मुआवजा नहीं दे रहा है। पुलिस से लेकर प्रशासन की लापरवाही का आलम यह है कि अज्ञात वाहनों की टक्कर के मामलों की रिपोर्ट न कोतवाली से मुआवजे की संस्तुति के लिए एसडीएम को भेजी जा रही है और न किसी एसडीएम द्वारा पुलिस से रिपोर्ट मांगी ही जा रही है। 

कुमाऊं में सड़क हादसे बढ़ते ही जा रहे हैं। खासकर अज्ञात वाहनों की टक्कर से मौतों का आंकड़ा पुलिस व प्रशासन के लिए चिंता का सबब बना है। खुद पुलिस के आंकड़े इसकी तस्दीक करते हैं। आइजी दफ्तर से मिले आंकड़ों के मुताबिक, मंडल में 2015 से इस साल जून तक अज्ञात वाहनों की टक्कर से हुई दुर्घटनाओं में 205 लोग मारे गए, जबकि 240 घायल हुए। ऊधमसिंह नगर में सर्वाधिक 268 सड़क हादसों में 159 लोग मारे गए तो 164 घायल हुए। इसी तरह नैनीताल जिले में 83 हादसों में 42 की मौत व 67 घायल हुए। अल्मोड़ा में पांच हादसों में एक की मौत, पांच घायल, बागेश्वर में दो हादसों में एक की मौत, दो घायल, पिथौरागढ़ में अज्ञात वाहन की टक्कर से एक घायल तो चम्पावत में एक अज्ञात वाहन की टक्कर से एक व्यक्ति की मौत हुई। 

मृतक के परिजनों को 25 हजार और घायल को दस हजार मुआवजे का है प्रावधान 

अज्ञात वाहन की टक्कर से मौत होने पर मृतक के परिजनों को नियमानुसार 25 हजार, जबकि घायल को दस हजार मुआवजा देने का प्रावधान है। अज्ञात वाहन से हादसा होने पर संबंधित थाना-कोतवाली के माध्यम से एसडीएम को रिपोर्ट भेजी जाती है, यदि पुलिस ने रिपोर्ट नहीं भेजी तो एसडीएम की जिम्मेदारी है कि वह रिपोर्ट मंगाए। पुलिस व एसडीएम की संयुक्त रिपोर्ट के आधार पर डीएम या जिला निपटान आयुक्त मुआवजा देता है। यहां बता दें कि पिछले दिनों हरिद्वार में डीएम दीपक रावत ने अज्ञात वाहनों की टक्कर में जान गंवाने वालों के परिजनों व घायलों को मुआवजा नहीं देने पर सभी एसडीएम का वेतन रोक दिया था, उसके बाद 35 मामलों में मुआवजा दिया गया। 

मंडलायुक्त राजीव रौतेला का कहना है कि अज्ञात वाहनों की टक्कर से मौत होने पर परिजनों को तथा घायलों को मुआवजा देने का प्रावधान है। यदि नहीं मिल रहा है तो यह गंभीर प्रकरण है। सभी जिलाधिकारियों व पुलिस प्रमुखों को इस संबंध में सर्कुलर भेजा जाएगा। इसकी मॉनीटरिंग भी होगी। 

वहीं, एसएसपी जन्मेजय खंडूडी ने बताया कि अज्ञात वाहनों से संबंधित हादसों में पुलिस आमतौर पर प्रशासन को रिपोर्ट भेजती है। भेजी भी हैं, फिर भी इस संबंध में अधीनस्थों को निर्देश जारी किए जाएंगे। 

जिलाधिकारी विनोद सुमन का कहना है कि अज्ञात वाहनों से लोगों के हताहत होने से संबंधित पांच मामलों में मुआवजा जारी किया गया है। इसमें और तेजी लाने की जरूरत है। लेटलतीफी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। जबकि संभागीय परिवहन अधिकारी राजीव मेहरा का कहना है कि अज्ञात वाहनों से मौत तथा घायल होने पर संबंधित को मुआवजा दिया जाता है। किस जिले में कितनों को मुआवजा दिया गया, जल्द रिपोर्ट मंगाई जाएगी। यह काम प्राथमिकता से किया जाएगा। 

यह भी पढ़ें: बोलेरो और कार की टक्कर में व्यावसायी की मौत

यह भी पढ़ें: सड़क पर अचानक हुए भूस्खलन से टैंपो ट्रेवलर खार्इ में गिरा, 13 की मौत; दो घायल

यह भी पढ़ें: मैक्स वाहन के खाई में गिरने से चार की मौत, सात घायल

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.