ठंड में भी डेंगू का खतरा, अब भी आ रहे मरीज

मौसम में बदलाव के बाद भी शहर व देहात क्षेत्र में डेंगू के एक-दो केस अभी भी आ रहे हैं। इसी को देखते हुए नगर निगम की ओर से शहर में कीटनाशक का छिड़काव किया जा रहा है। वहीं चिकित्सकों के अनुसार डेंगू इस मौसम में एक्टिव नहीं रहता है। लेकिन इसके बाद भी सावधान रहने की जरूरत है।

JagranWed, 08 Dec 2021 08:21 PM (IST)
ठंड में भी डेंगू का खतरा, अब भी आ रहे मरीज

संवाद सहयोगी, रुड़की : मौसम में बदलाव के बाद भी शहर व देहात क्षेत्र में डेंगू के एक-दो केस अभी भी आ रहे हैं। इसी को देखते हुए नगर निगम की ओर से शहर में कीटनाशक का छिड़काव किया जा रहा है। वहीं चिकित्सकों के अनुसार डेंगू इस मौसम में एक्टिव नहीं रहता है। लेकिन, इसके बाद भी सावधान रहने की जरूरत है।

शहर में डेंगू ने इस बार अगस्त में ही दस्तक दे दी थी। सितंबर में डेंगू पीड़ितों की संख्या बढ़ने लगी। जबकि अक्टूबर में डेंगू ने कहर ही बरपाना शुरू कर दिया था। अक्टूबर में सरकारी आंकड़ों में पूरे जिले से 511 मरीज आए। जबकि नवंबर में 41 बुखार पीड़ितों में डेंगू की पुष्टि हुई। गाधारौना में सबसे ज्यादा 175 डेंगू के मरीज मिले। हरजौली में 43, अलावलपुर में 35, भौरी में 33, दौलतपुर में 28 डेंगू पीड़ित मरीज मिले। डेंगू के प्रकोप को देखते हुए स्वास्थ्य विभाग को शिविर तक लगाने पड़े। हालांकि डेंगू के लिहाज से रुड़की शहर इस बार काफी सुरक्षित रहा। रुड़की क्षेत्र में सरकारी आंकड़ों में केवल 22 मरीज आए। वहीं इस बार मौसम में ठंडक बढ़ जाने के बाद भी डेंगू के केस आ रहे हैं। इन मरीजों का उपचार निजी अस्पताल में चल रहा है।

--------------

निगम ने समय रहते ही शुरू कर दिए थे प्रबंध

रुड़की : डेंगू से इस बार शहर में काफी राहत रही। जबकि देहात में डेंगू ने कहर बरपाया। इसका एक बड़ा कारण यह भी है कि नगर निगम रुड़की ने इस बार जुलाई से हर वार्ड में दवाओं का छिड़काव शुरू करवा दिया था। महापौर, पार्षदों व अधिकारियों ने जन जागरूक अभियान चलाया। कीटनाशक के छिड़काव के लिए पर्याप्त उपकरणों का प्रबंध किया गया। वहीं दस कर्मियों की टीम ने लगातार डेंगू जागरूकता को लेकर पंपलेट बांटे व घर-घर जाकर गमलों तथा घर के बाहर पुराने बर्तन आदि में जमा पानी से लार्वा भी नष्ट कराया।

----------

बुखार और प्लेटलेट्स कम होने के अन्य कारण भी हो सकते हैं। डेंगू इस मौसम में एक्टिव नहीं रहता है। लेकिन, इसके बाद भी सावधान रहने की जरूरत है। घरों का तापमान ज्यादा ठंडा नहीं होता है। ऐसे में डेंगू का मच्छर हो भी सकता है। यदि घर में मच्छर आदि हैं तो कीटनाशक का छिड़काव कर लें। डा. संजय कंसल, मुख्य चिकित्सा अधीक्षक, सिविल अस्पताल रुड़की

रोमांचक गेम्स खेलें और जीतें
एक लाख रुपए तक कैश अभी खेलें

Tags
This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.