नगर निकाय कर्मचारियों को उत्तराखंड सरकार ने मनाया, हड़ताल टली; एक माह में निकलेगा समाधान

नगर निकाय कर्मचारियों को सरकार ने फिलहाल मना लिया है। गुरूवार को नगर निकाय कर्मचारियों एवं शहरी विकास मंत्री बंशीधर भगत के बीच हुई वार्ता में सहमति बनी कि एक माह के भीतर निकाय कर्मियों की मांगों और समस्या का समाधान निकाल लिया जाएगा।

Raksha PanthriFri, 17 Sep 2021 03:06 PM (IST)
नगर निकाय कर्मचारियों को उत्तराखंड सरकार ने मनाया, हड़ताल टली।

जागरण संवाददाता, देहरादून। प्रदेशभर में 20 सितंबर से बेमियादी हड़ताल पर जा रहे नगर निकाय कर्मचारियों को सरकार ने फिलहाल मना लिया है। गुरूवार को नगर निकाय कर्मचारियों एवं शहरी विकास मंत्री बंशीधर भगत के बीच हुई वार्ता में सहमति बनी कि एक माह के भीतर निकाय कर्मियों की मांगों और समस्या का समाधान निकाल लिया जाएगा। हड़ताल टलने से सरकार को बड़ी राहत मिली है। दरअसल, चेतावनी दी गई थी कि हड़ताल में समूचे सूबे में सफाई व्यवस्था ठप कर दी जाएगी।

नगर निकाय कर्मियों की सामूहिक बीमा योजना के वर्ष 2014 से लंबित भुगतान को जल्द जारी करने और अन्य मांगों को लेकर नगर निकाय कर्मचारी महासंघ के आह्वान पर समस्त निकाय कर्मी गत छह सितंबर से आंदोलन पर हैं। पहले चरण में काले फीते बांधकर काम किया गया था, जबकि बीती 13 सितंबर को समस्त नगर निकाय में एक दिन की हड़ताल की गई। कर्मचारियों ने 20 सितंबर से प्रदेशव्यापी बेमियादी हड़ताल पर जाने का ऐलान किया हुआ था।

इस दौरान सरकार ने शहरी विकास मंत्री को आंदोलन कर रहे कर्मचारियों को मनाने की कमान दी थी। इसी क्रम में दोनों पक्षों के बीच सुलह वार्ता हुई। नगर विकास कर्मचारी महासंघ के प्रदेश अध्यक्ष नाम बहादुर के नेतृत्व में हुई वार्ता में सरकार पर उनके प्रति उदासीन रवैया अपनाने का आरोप लगाया गया। इस दौरान कर्मियों ने कहा कि उन्हें वित्तीय वर्ष 2014 से सामूहिक बीमा का लाभ सरकार नहीं दे रही। इसके अलावा सरकार राजस्व एवं सफाई निरीक्षक संवर्ग की पदोन्नति की सूची भी जारी नहीं कर रही। कर्मचारियों ने राज्य कर्मचारियों के समान मकान किराया भत्ता देने का शासनादेश भी जारी नहीं होने का आरोप लगाया।

इन मांगों को पूरा करने के साथ नगर निकायों में भी राज्य सरकार स्वास्थ्य योजना लागू करने व चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों को केंद्रीयकृत सेवा में पदोन्नति का मौका देने, राज्य कर्मचारियों की वेतन व्यवस्था के अनुसार निकाय कर्मचारियों का वेतन भी कोषागार के माध्यम से देने समेत निकायों में रिक्त पदों पर नियमित नियुक्ति की मांग की।

उरमू ने 16 मांगों को लेकर किया प्रदर्शन

उत्तरीय रेलवे मजदूर यूनियन (उरमू) के देहरादून शाखा के सदस्यों ने यूनियन की 16 सूत्रीय मांगों को लेकर देहरादून रेलवे स्टेशन के मेन गेट पर प्रदर्शन किया। उरमू देहरादून शाखा अध्यक्ष चौधरी विक्रम सिंह के नेतृत्व में गुरुवार को कर्मचारी एकत्र हुए। विक्रम सिंह ने कहा कि केंद्र की कर्मचारी विरोधी नीतियों के खिलाफ मुरादाबाद मंडल के सभी रेलवे स्टेशन पर प्रदर्शन किया गया है। कर्मचारियों की केंद्र सरकार से 16 मांगें हैं।

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इसमें मुख्य रूप से महंगाई भत्ते की तीन किश्त के एरियर का शीघ्र भुगतान करने, निजीकरण व ठेकेदारी प्रथा बंद करने, वर्कशाप प्रोडक्शन यूनिट एवं प्रिंटिंग प्रेस को नहीं बेचने, जनता को बेहतर सुविधा देने के लिए खाली पदों पर शीघ्र नियुक्ति किए जाने, ट्रैकमैन को पदोन्नति ओपन टू आल किए जाने, एनपीएस हटाकर पुरानी पेंशन बहाल किए जाने, रेलकíमयों के आश्रित माता-पिता को मेडिकल व पास सुविधा दिए जाना शामिल हैं। प्रदर्शन करने वालों में शाखा सचिव अरुण कुमार पासवान, राहुल खेड़ा, विनोद रावत, दीपक चतुर्वेदी, एसके राय आदि मौजूद रहे।

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