अब देहरादून में बनेगा रोबोटिक लैब, स्टार्टअप को मिलेगा बढ़ावा

मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने कहा कि दून में जल्द ही रोबोटिक लैब की स्थापना की जाएगी।

दून में जल्द ही रोबोटिक लैब की स्थापना की जाएगी। इसके लिए भूमि भी उपलब्ध है। यह बात शुक्रवार को मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने सहस्रधारा रोड स्थित आइटी पार्क में कही। वह यहां केंद्रीय सूचना तकनीकी राज्य मंत्री संजय धोत्रे के साथ ई-वेस्ट स्टूडियो का उद्घाटन करने पहुंचे थे।

Publish Date:Fri, 27 Nov 2020 10:32 PM (IST) Author: Sunil Negi

देहरादून, जेएनएन। दून में जल्द ही रोबोटिक लैब की स्थापना की जाएगी। इसके लिए भूमि भी उपलब्ध है। यह बात शुक्रवार को मुख्यमंत्री त्रिवेंद्र सिंह रावत ने सहस्रधारा रोड स्थित आइटी पार्क में कही। वह यहां केंद्रीय सूचना तकनीकी राज्य मंत्री संजय धोत्रे के साथ ई-वेस्ट स्टूडियो का उद्घाटन करने पहुंचे थे। इसी कार्यक्रम में केंद्रीय मंत्री रविशंकर प्रसाद ने एसटीपीआइ के इन्क्यूबेशन सेंटर का शिलान्यास किया। 

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश में इन्फॉर्मेशन टेक्नोलॉजी डेवलपमेंट एजेंसी (आइटीडीए) इलेक्ट्रिॉनिक कचरे का बेहतर इस्तेमाल कर रही है। आइटीडीए के निदेशक अमित कुमार सिन्हा ने ई-वेस्ट स्टूडियो की जानकारी देते हुए बताया कि इलेक्ट्रॉनिक कचरे को उपयोगी बनाने के लिए यह बेहद कारगर है। इसमें आंतरिक ड्रोन रेसिंग ट्रैक भी बनाया गया है। इस स्टूडियो को बनाने के लिए एकत्र किए गए ई-कचरे से 25 कंप्यूटर भी तैयार किए गए हैं, जो जिले के 10 प्राथमिक विद्यालयों को दिए गए। इस मौके पर महापौर सुनील उनियाल गामा, सांसद माला राज्यलक्ष्मी शाह, एसटीपीआइ के महानिदेशक डॉ. ओंकार राय मौजूद रहे। 

इन्क्यूबेशन सेंटर से प्रदेश में स्टार्टअप को मिलेगा बढ़ावा

वित्तीय वर्ष 2019-20 में आइटी पार्क ने 150 करोड़ रुपये का व्यापार किया। इससे ढाई हजार से अधिक व्यक्तियों को प्रत्यक्ष रोजगार मिला है। उन्होंने कहा कि देहरादून में एसटीपीआइ का इन्क्यूबेशन सेंटर बनने से स्टार्टअप को सभी सुविधाएं प्राप्त होंगी। जिससे प्रदेश में स्टार्टअप को बढ़ावा मिलेगा। इसके साथ ही यह इन्क्यूबेशन सेंटर उत्तराखंड में निवेश को आकर्षित करेगा और आइटी कंपनियां को स्थापित करने के लिए प्रोत्साहन देने में मददगार साबित होगा। इससे रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने केंद्रीय मंत्री रविशंकर प्रसाद से काशीपुर में आरक्षित सौ एकड़ भूमि में इलेक्ट्रॉनिक एवं मैन्युफैक्चरिंग कलस्टर के लिए सहयोग देने का आग्रह भी किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश के युवा ऑनलाइन बिजनेस की दिशा में आगे बढ़ रहे हैं। ड्रोन एप्लीकेशन के क्षेत्र में राज्य में अच्छे कार्य हो रहे हैं। 

5991 और ग्राम पंचायतों में भी पहुंचाया जाएगा इंटरनेट

मुख्यमंत्री ने कहा कि भारत नेट परियोजना के फेज-दो में दो हजार कराड़ रुपये से 5991 ग्राम पंचायतों में इंटरनेट पहुंचाया जाएगा। उन्होंने कहा कि इंटरनेट कनेक्टिविटी का प्रसार राज्य के पर्वतीय क्षेत्रों में पलायन रोकने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। 

यह भी पढ़ें: एम्स निदेशक रवि कांत बोले, सर्वाइकल कैंसर की रोकथाम के लिए टीकाकरण जरूरी

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.