उत्तराखंड में बारिश से नदियां उफान पर, चीला और खटीमा जलविद्युत परियोजना में उत्पादन ठप

भारी बारिश के चलते नदियां उफान पर हैं। खासकर गंगा और शारदा नदी में जलस्तर काफी बढ़ गया है। इसके चलते ऋषिकेश के चीला और ऊधमसिंह नगर के खटीमा जल विद्युत गृह में सोमवार देर रात से उत्पादन ठप है।

Raksha PanthriWed, 20 Oct 2021 02:09 PM (IST)
उत्तराखंड में बारिश से नदियां उफान पर, चीला और खटीमा जलविद्युत परियोजना में उत्पादन ठप।

जागरण संवाददाता, देहरादून। उत्तराखंड में बारिश आफत बनकर बरस रही है। भारी बारिश के चलते नदियां उफान पर हैं। खासकर गंगा और शारदा नदी में जलस्तर काफी बढ़ गया है। इसके चलते ऋषिकेश के चीला और ऊधमसिंह नगर के खटीमा जल विद्युत गृह में सोमवार देर रात से उत्पादन ठप है।

दो दिन की लगातार बारिश से सोमवार को दोपहर बाद गंगा के जलस्तर में वृद्धि होने लगी थी। मध्य रात्रि तक स्थिति सामान्य रही, लेकिन इसके बाद जलस्तर की बढ़ोतरी में तेजी आ गई। 144 मेगावाट की चीला जल विद्युत परियोजना में सोमवार मध्यरात्रि तक 125 मेगावाट विद्युत उत्पादन हो रहा था। लेकिन, अचानक गंगा के जलस्तर में वृद्धि तेज होने से वीरभद्र बैराज के गेट खोलकर पानी को पास करना पड़ा।

इससे रात एक बजे चीला जल विद्युत गृह में उत्पादन ठप हो गया। जल विद्युत निगम के कंट्रोल रूम के मुताबिक मंगलवार को देर शाम तक गंगा में पानी का डिस्चार्ज 8000 क्यूमेक्स से अधिक था। ऐसे में लगातार बैराज के गेट खोलकर फ्लड पास किया जा रहा था। वहीं, सिल्ट की मात्रा 85000 पीपीएम तक बनी हुई थी। इन हालात में फिलहाल यहां उत्पादन शुरू होने की उम्मीद नहीं है। उधर, शारदा नदी पर स्थित 40.41 मेगावाट की खटीमा जल विद्युत परियोजना में भी सोमवार देर रात से तीनों टरबाइन ठप पड़ी हैं। इनके आज चालू होने की संभावना है।

राहत और बचाव कार्यों में तेजी लाए सरकार: कर्नल

आम आदमी पार्टी (आप) के वरिष्ठ नेता सेवानिवृत्त कर्नल अजय कोठियाल ने प्रदेश में लगातार हो रही तेज बारिश से हुए नुकसान और जनहानि पर दुख जताया है। साथ ही उन्होंने सरकार को तत्काल आपदा प्रभावित क्षेत्रों में राहत व बचाव कार्यों में तेजी लाने की अपील की है। उन्होंने कहा कि शासन, प्रशासन और आमजन की मदद के लिए आप कार्यकर्त्ता हर वक्त तैयार हैं।

कर्नल कोठियाल ने प्रेस को जारी बयान में कहा कि भारी बारिश के चलते अलग-अलग स्थानों में जानमाल के साथ ही घर, खेत, प्रतिष्ठानों समेत अन्य संपत्ति को भारी नुकसान हुआ है। प्रदेश भर में कई जगहों पर पैदल रास्ते, सड़क और पुल टूट गए हैं। कई इलाकों का मुख्य मार्गों से संपर्क टूट गया है। ऐसे में उन्होंने सरकार से प्रभावित व्यक्तियों को तत्काल मदद पहुंचाने की मांग की है। उन्होंने कहा कि अतिवृष्टि के चलते आम जन के साथ किसानों का भारी नुकसान हुआ है। ऐसे में सरकार किसानों को राहत देने के लिए तत्काल कदम उठाए।

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