वाराणसी में तीन साल पहले दुर्घटना में कटा पैर, इंश्योरेंस कंपनी देगी 9.60 लाख क्षतिपूर्ति

इंश्योरेंस कंपनी को 30 दिन के अंदर पीडि़त को भुगतान करने को कहा है।

तीन साल पहले सड़क हादसे में घायल होने पैर कटने और उपचार में काफी पैसा खर्च होने पर मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण ने इंश्योरेंस कंपनी को 9.60 लाख रुपये क्षतिपूर्ति देने को कहा है। श्रीराम जनरल इंश्योरेंस कंपनी को 30 दिन के अंदर पीडि़त को भुगतान करने को कहा है।

Publish Date:Wed, 27 Jan 2021 09:10 AM (IST) Author: Saurabh Chakravarty

वाराणसी, जेएनएन। तीन साल पहले सड़क हादसे में घायल होने, पैर कटने और उपचार में काफी पैसा खर्च होने पर मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण ने इंश्योरेंस कंपनी को 9.60 लाख रुपये क्षतिपूर्ति देने को कहा है। श्रीराम जनरल इंश्योरेंस कंपनी को 30 दिन के अंदर पीडि़त को भुगतान करने को कहा है। जब तक इंश्योरेंस कंपनी पीडि़त को भुगतान नहीं करेगी तब तक उसे सात फीसद ब्याज देना होगा। यह फैसला मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण के पीठासीन अधिकारी नरेंद्र बहादुर यादव ने कोर्ट में सुनवाई के बाद दिया।
जौनपुर के लाइन बाजार कद्दूपुर के रहने वाले नरायन राजभर साइकिल से चार दिसंबर-2017 को ससुराल फूलपुर थाना क्षेत्र के रतनुपर से अपने रिश्तेदार अशोक राजभर के यहां से जा रहे थे। कीरतपुर के पास शाम चार बजे पिंडरा बाजार की तरफ से आ रही ट्रैक्टर (यूपी 65बीएक्स-3542) ने जोरदार टक्कर मार दी। टक्कर में साइकिल सवार का नरायन सड़क पर गिर गया और उसके दाहिने हाथ और पैर में गंभीर चोटें आ थी। लापरवाह चालक टैक्टर लेकर फरार हो गया। घायल नरायन का पंडित दीनदयाल उपाध्याय राजकीय चिकित्सालय में उपचार के बाद निजी अस्पताल में हुआ। ट्रैक्टर के पहिए से पैर कुचलने के चलते जांघ से पैर काटना पड़ा। पैर कटने के चलते नरायन अपंग हो गए और अपने परिवार का पालन-पोषण करने में असमर्थ हो गए। नरायन अपने परिवार के इकलौते कमाने वाले थे। पत्नी नगीना देवी ने फूलपुर थाने में मुकदमा दर्ज कराया था। पहले इंश्योरेंस कंपनी ने क्लेम देने से इंकार कर दिया। कोर्ट में सुनवाई दौरान वाहन स्वामी ने प्रपत्र पेश किए जिसमें सभी सही पाए गए।

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