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वाराणसी में पोस्ट कोविड आयुर्वेद का अर्जुन क्षीर पाक औषधि देगा श्वांस रोगों से मुक्ति

समस्याओं से बचने के लिए हम महीनों से एलोपैथिक दवाओं के गुलाम बने हुए हैं।

कोरोना से बचने के बाद श्वांस फूलने मानसिक अवसाद घबराहट थकावट भारीपन और ह्दयाघात बड़ी तेजी से लोगों को झकझाेर रहा है। कोरोना से उबरने के बावजूद इन समस्याओं से बचने के लिए हम महीनों से एलोपैथिक दवाओं के गुलाम बने हुए हैं।

Abhishek SharmaSun, 16 May 2021 06:30 AM (IST)

वाराणसी, जेएनएन। कोरोना से बचने के बाद श्वांस फूलने, मानसिक अवसाद, घबराहट, थकावट, भारीपन और ह्दयाघात बड़ी तेजी से लोगों को झकझाेर रहा है। कोरोना से उबरने के बावजूद इन समस्याओं से बचने के लिए हम महीनों से एलोपैथिक दवाओं के गुलाम बने हुए हैं। इसका नकारात्मक असर हमें एक लंबे समय के बाद देखने को मिल सकता है। इन सब समस्याओं का उपाय आयुर्वेद में भी है वह भी बगैर किसी साइड इफेक्ट के।

आइएमएस-बीएचयू में कायचिकित्सा के चिकित्सक प्रो. जेएस त्रिपाठी के अनुसार काेविड के बाद सबसे कॉमन समस्या श्वांस फूलने की सामने आ रही है, वहीं कई बार यह कार्डियक का भी स्वरूप ले ले रहा है।

आयुर्वेद में इस विकार को खत्म करने के लिए अर्जुन क्षीर पाक, चिंतामणि रस और अभ्रक भस्म का उपयोग करना बताया गया है। इससे श्वांस सामान्य होने के साथ ही फेफड़े में जो भी घाव होंगे वे भी ठीक हो जाएंगे। अर्जुन क्षीर पाक को दूध के साथ लेना बेहतर होता है। इसके अलावा मानसिक अवसाद और तनाव होने पर अश्वगंधा चूर्ण, कपिकच्छू चूर्ण, सारस्वत चूर्ण व शिरोधारा में से किसी एक का प्रयोग करें।  शरीर में दर्द और भारीपन होने पर आमपाचन औषधियां, शुंडी चूर्ण, संजीवनी बटी को डाक्टर की सलाह पर डोज निर्धारित कर लें। वहीं कमजाेरी होने पर च्यवनप्राशलेह रोज दो चम्मच और अगस्त रसायन लें।

पोस्ट कोविड रोगियों में ब्लैक फंगस का भयानक स्वरूप हमारे सामने मुंह बाए खड़ा है। कोरोना से रिकवर हुए वे मरीज जो आइसीयू में रह चुके हैं और उन्होंने स्टेरायड का बहुत ही हाई डोज ले रखा है साथ में उन्हें हाई शुगर की भी समस्या है  उन्हें बेहद ध्यान देने की जरूरत है। कोरोना के ऐसे मरीज तत्काल अपने नाक की हाइजीन बनाए रखे। इसके लिए शिरोविरेचन नस्य ड्रॉप की दो बूंद सुबह शाम नाक में डालते रहें। इससे नाक का पूर्ण शुद्धिकरण होता रहता है।

यहां पर इस बात का ध्यान रहे कि यह निदान फंगस इंफेक्शन के शुरूआती स्टेज पर ही कारगर है। प्रो. त्रिपाठी ने बताया कि पोस्ट कोविड मरीजों के फेफडों में रक्त जमने की समस्या आ रही है। ऐसे में उन्हें हाइ पावर ब्लड थिनर दिया जाता है। मगर आयुर्वेद में इस समस्या के लिए पुष्कर गुगलु भी दिया जा सकता है जो कि रक्तचाप को भी सामान्य स्तर पर लाता है।

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