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सही तरीके से मास्क न पहनना बढ़ा देगा कोविड-19 का खतरा, टीका लगाने के बाद भी न भूलें काेविड नियम

मास्क पहनने से लेकर उसके निस्तारण तक सतर्कता जरूरी है।

कोरोना महामारी की दूसरी लहर में न केवल संक्रमण तीव्र गति से हो रहा है बल्कि मौत का ग्राफ भी तेजी से बढ़ रहा है। इस पर प्रभावी नियंत्रण के लिए कोविड-19 नियमों का पालन शत-प्रतिशत कारगर है।

Saurabh ChakravartyTue, 11 May 2021 09:10 AM (IST)

वाराणसी, जेएनन। कोरोना महामारी की दूसरी लहर में न केवल संक्रमण तीव्र गति से हो रहा है, बल्कि मौत का ग्राफ भी तेजी से बढ़ रहा है। इस पर प्रभावी नियंत्रण के लिए कोविड-19 नियमों का पालन शत-प्रतिशत कारगर है। पुलिस के डर से लोग मास्क तो लगा रहे हैं, लेकिन न तो मास्क की गुणवत्ता ही सही होती है और न ही लगाने का तरीका। ऐसे में कोविड-19 संक्रमण का खतरा काफी हद तक बढ़ जाता है। विशेषज्ञों का कहना है कि मास्क पहनने से लेकर उसके निस्तारण तक सतर्कता जरूरी है। यदि इस प्रक्रिया में चूक होती है तो मास्क के जरिए भी बीमारी का प्रसार हो सकता है।

इस संदर्भ में स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय इंटरनेट मीडिया के जरिए अभियान चला कर लोगों को जागरूक कर रहा है। लोगों से अपील की जा रही है कि घर से बेवजह बाहर न निकलें। बहुत जरूरी हो तभी घर से बाहर निकलें, वो भी डबल मास्क लगाकर। सीएमओ डा. वीबी सिंह ने कहा कि मास्क के प्रति सतर्कता बेहद जरूरी है। मास्क को डोरी के जरिए ही पहनना चाहिए और डोरी की मदद से ही उतारना चाहिए। जहां एक से अधिक लोग इकट्ठा हों, वहां मास्क न उतारें। अकेले बैठे हों तो मास्क उतार सकते हैं, खासतौर से भोजन करते समय।

इन बातों का रखें ध्यान

- मास्क को कभी भी सामने से पकड़ कर न उतारें।

- मास्क पहनते समय ऊपर की डोरी हमेशा पहले बांधनी चाहिए।

- बहुत से लोग मास्क नाक के नीचे पहनते हैं जो कि सही तरीका नहीं है।

- सभी को सुनिश्चित करना चाहिए कि मास्क से मुंह और नाक अच्छी तरह से ढंका हो।

- मास्क इतनी सख्ती से भी न बांधें कि सांस लेने में परेशानी हो।

- आवश्यक नहीं है कि सभी लोग एन-95 मास्क ही पहनें। डबल मास्क का भी प्रयोग किया जा सकता है।

- कपड़े के दो लेयर मास्क के ऊपर एक सर्जिकल मास्क पहन कर भी कोविड से बचाव किया जा सकता है।

मास्क खिसकाकर नीचे करना है अनुचित व्यवहार

डा. सिंह ने कहा कि बहुत से लोग मास्क को सरका कर ठुड्डी पर रख लेते हैं। यह उचित व्यवहार नहीं है। जब कुछ खाना या पीना हो तो मास्क को सही तरीके से उतार कर रख दें। मास्क को हमेशा खूंटी पर टागें। यदि गलती से किसी सतह पर मास्क रख दिया है तो उसे सैनिटाइज करना न भूलें। अपने मास्क को कभी भी सामने से न छुएं। मास्क हटाते समय नीचे की डोरी पहले खोलें। मास्क को डोरी की सहायता से ही उतारना चाहिए। कपड़े का मास्क है तो धुल कर दोबारा इस्तेमाल कर सकते हैं लेकिन सर्जिकल मास्क धुल कर इस्तेमाल करना सुरक्षित नहीं है। एक ही सर्जकल मास्क को कई दिनों तक इस्तेमाल न करें। सर्जिकल मास्क छह से आठ घंटे में बदल दें। खांसते-छींकते समय मास्क का इस्तेमाल अवश्य करें। प्रयोग किए गए मास्क को पेपर बैग में लपेट कर तीन दिन के बाद ही सामान्य कचरा पात्र में डालें।

टीकाकरण के बाद भी करें मास्क का प्रयोग

डा. वीबी सिंह ने कहा कि कोरोना टीकाकरण के बाद भी कोविड नियमों का सभी को पालन करना चाहिए। टीके की दोनों डोज लगने के बावजूद मास्क का इस्तेमाल अवश्य करें। अगर कोई कोविड मरीज मास्क लगाए है और उसके सामने बैठा आदमी भी मास्क पहने हुए है तो बीमारी के एक व्यक्ति से दूसरे व्यक्ति में प्रसार की आशंका अत्यंत कम हो जाती है। यदि दोनों ने मास्क नहीं लगाया है तो संक्रमण फैलने की आशंका प्रबल हो जाती है। लोगों को हमेशा ट्रिपल लेयर मास्क पहनना चाहिए।

ये हैं मास्क के फायदे 

- यह कोविड-19 के साथ-साथ अन्य वायरस से भी बचाव करता है।

- टीबी के बैक्टीरिया से भी बचाव होता है।

- नाक और मुंह को धूल-मिट्टी से भी बचाता है।

- हर प्रकार के संक्रमण से बचाव करता है।

 

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