वाराणसी नगर निगम की बढ़ेगी आय, शहर के 52 स्थलों पर आउटलेट के जरिए युवाओं को मिलेगा रोजगार

शहरी क्षेत्र में घर के करीब लोगों को घरेलू सामान मिलने के साथ रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने के उद्देश्य से नगर निगम ने विभिन्न क्षेत्रों में आउटलेट खोलने का निर्णय लिया है। इसके लिए सर्वे शुरू हो गया है। अब तक 52 ऐसे स्थल सर्वे में चिन्हित हुए हैं।

Saurabh ChakravartyTue, 21 Sep 2021 06:50 AM (IST)
आउटलेट के जरिए नगर निगम को करीब 10 करोड़ सालाना राजस्व बढ़ोतरी की उम्मीद है।

जागरण संवाददाता, वाराणसी। शहरी क्षेत्र में घर के करीब लोगों को घरेलू सामान मिलने के साथ रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने के उद्देश्य से नगर निगम ने विभिन्न क्षेत्रों में आउटलेट खोलने का निर्णय लिया है। इसके लिए सर्वे शुरू हो गया है। अब तक 52 ऐसे स्थल सर्वे में चिन्हित हुए हैं जहां आउटलेट खोलने के लिए अनुकूल माहौल है। इन आउटलेट के जरिए नगर निगम को करीब 10 करोड़ सालाना राजस्व बढ़ोतरी की उम्मीद है।

नगर निगम के शहरी क्षेत्र में बहुत से ऐसे स्थल हैं जहां लोगों को दूध, दही, पनीर, श्रीखंड, चॉकलेट , लस्सी, सोया-पनीर, आइसक्रीम, फल एवं सब्जियों की जरूरत महसूस होती है लेकिन इन सामानों की खरीद के लिए उन्हें कुछ दूरी तय करनी पड़ती है। ऐसे सामानों की उपलब्धता सुगम ढंग से नजदीक में हो सके इसके लिए नगर निगम ने पराग, अमूल व मदर डेयरी के आउटलेट खोलवाने का निर्णय लिया है। नगर निगम की सैकड़ों ऐसी जगहें हैं जो पार्क या सार्वजनिक जगहों के पास किसी कोने में खाली पड़ी हैं और उसका किसी भी तरह से कोई प्रयोग नहीं है। ऐसे जगहों पर नगर निगम ने इन आउटलेट को खोलने के लिए सर्वे कराया है। कुछ जगहों पर 20 फीट लम्बे व 10 फीट चौड़े व कुछ जगहों पर 10 फीट के वर्गकार हिस्से चिह्नित हुए हैं। नगर आयुक्त प्रणय सिंह बताते हैं कि आउटलेट खोलने के लिए सर्वे कराया जा रहा है। पहले सदन के पटल पर उसे पेश किया जाएगा और महापौर व पार्षदों की सहमति के बाद इस दिशा में आगे बढ़ा जाएगा। नगर आयुक्त मानते हैं कि निश्चित तौर पर इन आउटलेट के खोलने से नगर निगम को फायदा तो होगा ही साथ में इन आउटलेट पर काम करने वाले युवाओं को रोजगार भी मिलेगा।

विवाद से बचने के लिए आउटलेट पर विचार

दरअसल, नगर निगम की संपत्तियों को आम आदमी को देने के बाद विवाद की स्थिति बन जा रही है। किरायेदारी के विवाद में सैकड़ों संपत्तियां नगर निगम की मुकदमें के मकड़जाल में फंसी हैं। इन संपत्तियों से नगर निगम को कोई फायदा नहीं है और वर्षों से नगर निगम मुकदमा लड़ रहा है। ऐसे में नगर निगम प्रशासन ने मुकदमों से बचने के लिए और राजस्व को बढ़ाने के लिए आउटलेट खोलवाने की योजना बनाई है ताकि नगर निगम की आय बढ़ने के साथ ही मुकदमों से बचा जा सके। नगर निगम प्रशासन का मानना है कि आउटलेट खोलने से इन स्थलों पर चहल-पहल बढ़ेगी जो सुरक्षा के लिहाज से भी बेहतर होगा।

 

डाउनलोड करें हमारी नई एप और पायें अपने शहर से जुड़ी हर जरुरी खबर!
This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.