नवरात्र : दूसरे दिन श्रद्धालुओं ने मां ब्रह्माचारिणी की पूजा कर लिया आशीर्वाद Shahjahanpur News

नवरात्र के दूसरे दिन मंदिर मां भगवती के छंद व भजनों से गूंज उठे।

Tue, 01 Oct 2019 12:01 AM (IST)
नवरात्र : दूसरे दिन श्रद्धालुओं ने मां ब्रह्माचारिणी की पूजा कर लिया आशीर्वाद Shahjahanpur News

जेएनएन, शाहजहांपुर : नवरात्र के दूसरे दिन मंदिर मां भगवती के छंद व भजनों से गूंज उठे। दुर्गा मंदिर, कालीदेवी मंदिर, गायत्री शक्तिपीठ, कालीबाड़ी फैक्ट्री इस्टेट, बाबा विश्वनाथ, बनखंडी नाथ समेत मंदिरों में देवी दर्शन को सुबह से शाम तक श्रद्धालुओं का तांता रहा। महिलाओं ने ढोल मजीरा, झींका सरीखे वाद्य यंत्रों पर छंद व भजन गाकर भगवती की आराधना की। हनुमतधाम जाने वाले श्रद्धालुओं ने काली देवी तथा बने वैष्णो दरबार में जरूर हाजिरी लगाई।

टाउनहाल स्थित बाबा विश्वनाथ, संकट मोचन, खिरनी बाग के कालीबाड़ी तथा गौहरपुरा का गायत्री शक्तिपीठ में सुबह से शाम श्रद्धालुओं का तांता लगा रहा। शाम को कीर्तन भजन व आरती के साथ श्रद्धालुओं ने स्तुति की। नारी शक्ति की श्रद्धा में ई- रिक्शा मददगार बने। महिलाओं ने ढोलक मजीरा के साथ देवी के छंद गाए। मइया एक अरज मेरी ये सुनना, मेरे माथे की ¨बदी अमर करना.. आदि छंदों व आरती पर तमाम महिलाएं भावमग्न हो थिरकने लगी।  

कालीदेवी मंदिर में गूंजे कीर्तन

हनुमत धाम परिक्षेत्र के कालीदेवी मंदिर में सोमवार शाम महिलाओं की काफी भीड़ थी। उन्होंने ढोल मजीरा, झींका पर छंद व गीत गाए। इससे वातावरण भक्तिमय हो गया। ई- रिक्शा व निजी वाहनों से यहां रेती व रोजा तक की महिलाएं यहां पहुंची। उनकी श्रद्धा में नया पुल मददगार साबित हुआ।

अखंड जप में प्रतिभाग के साथ यज्ञ व आरती

गायत्री शक्ति पीठ में नवरात्र के उपलक्ष्य में अखंड गायत्री मंत्र जप अनुष्ठान शुरू किया गया है। नवरात्र का उपवास रखने वाले साधक सुबह मंत्र जप के 8.30 से 9.30 तक होने वाले गायत्री यज्ञ के प्रतिभाग कर रहे हैं। शाम को दीप यज्ञ व आरती में महिलाओं की संख्या बढ़ रही है।

डाउनलोड करें हमारी नई एप और पायें अपने शहर से जुड़ी हर जरुरी खबर!

रोमांचक गेम्स खेलें और जीतें
एक लाख रुपए तक कैश अभी खेलें

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.
You have used all of your free pageviews.
Please subscribe to access more content.
Dismiss
Please register to access this content.
To continue viewing the content you love, please sign in or create a new account
Dismiss
You must subscribe to access this content.
To continue viewing the content you love, please choose one of our subscriptions today.