किसान आंदोलन में शहीद हुए किसानों के स्वजन को मील 15 लाख मुआवजा

किसान आंदोलन के दौरान शहीद हुए किसानों के स्वजन को 15 लाख मुआवजा दिए जाने समेत विभिन्न मांगों को लेकर सोमवार को भारतीय किसान यूनियन (तोमर) के कार्यकर्ताओं ने उपजिलाधिकारी कार्यालय परिसर में धरना-प्रदर्शन करते हुए मुख्यमंत्री को सम्बोधित ज्ञापन एसडीएम को सौंपा।

JagranPublish:Mon, 29 Nov 2021 11:09 PM (IST) Updated:Mon, 29 Nov 2021 11:09 PM (IST)
किसान आंदोलन में शहीद हुए किसानों के स्वजन को मील 15 लाख मुआवजा
किसान आंदोलन में शहीद हुए किसानों के स्वजन को मील 15 लाख मुआवजा

सहारनपुर, जेएनएन। किसान आंदोलन के दौरान शहीद हुए किसानों के स्वजन को 15 लाख मुआवजा दिए जाने समेत विभिन्न मांगों को लेकर सोमवार को भारतीय किसान यूनियन (तोमर) के कार्यकर्ताओं ने उपजिलाधिकारी कार्यालय परिसर में धरना-प्रदर्शन करते हुए मुख्यमंत्री को सम्बोधित ज्ञापन एसडीएम को सौंपा।

सोमवार को भाकियू तोमर के जिला महामंत्री हाजी मोहम्मद अब्बास के नेतृत्व में किसानों ने धरना प्रदर्शन किया। बाद में एसडीएम दीपक कुमार को ज्ञापन दिया गया। ज्ञापन में किसान आंदोलन में शहीद हुए किसानों के परिजनों को 15-15 लाख रुपये मुआवजा और एमएसपी पर कानून बनाए जाने की मांग की गई। इसके अलावा गन्ने का भाव 450 रुपये प्रति कुंतल किए जाने, गन्ना आपूर्ति हेतु समयानुसार पर्ची दिलाए जाने, सुप्रीम कोर्ट के आदेश के मुताबिक गन्ना भुगतान कराए जाने, गांव थीतकी में गन्ना सेंटर बनाने, देवबंद-बरला मार्ग से मुजफ्फरनगर जाने वाले रास्ते पर दिन के समय भारी वाहनों पर रोक लगाने, गांव सांपला बक्काल में जर्जर बिजली के तारों को बदलवाने और लेखपालों द्वारा नकल निकालने के नाम पर किसानों से की जा रही अवैध वसूली को रोकने की मांग की गई है। इस मौके पर रामकुमार, सुशील चौधरी, अनुप चौधरी, अहसान, फरमान अली, अथर नकवी, अब्दुल कलीम गौर, मोनिश गौर, कलीम गुलबहार, नासिर, शीशपाल प्रधान और महबूब हसन आदि मौजूद रहे। नहीं हो रही डीलर की जांच

तीतरों : गांव रादौर में ग्रामीणों ने कुछ दिन पूर्व आपूर्ति निरीक्षक को राशन डीलर पर राशन वितरण में अनियमितता बरतने का आरोप लगाते हुए शिकायत की थी। ग्राम प्रधान प्रतिनिधि नाथीराम, भाकियू नेता रामकुमार वर्मा, महिला कलावती आदि का कहना है कि विभागीय अधिकारी जानबूझकर जांच करने से कतरा रहे हैं। इसलिए वे अब इस मामले को जिलाधिकारी के समक्ष रखेंगे। उधर आपूर्ति निरीक्षक दीपांकर शर्मा का कहना है विभागीय कार्यों की व्यस्तता के चलते समय नहीं मिल पाया एक-दो दिन में मामले की जांच की जाएगी।