सियासी दलों ने उपचुनाव जीतने को लगाई पूरी ताकत

जागरण संवाददाता, रामपुर : शहर विधानसभा सीट पर हो रहे उपचुनाव में सियासी दलों ने पूरी ताकत लगा दी है। प्रचार बंद होने के बावजूद रविवार को प्रत्याशी लोगों के घरों की कुंडी बजाते रहे। पहले इस सीट पर अधिकतर चुनाव में कांग्रेस और समाजवादी पार्टी के नेता ही चुनाव जीतते रहे हैं। बहुजन समाज पार्टी और भारतीय जनता पार्टी रामपुर में कभी विधानसभा चुनाव नहीं जीत सकी है। लेकिन, इस बार भाजपा पूरे दमखम से चुनाव जीतने के लिए प्रयासरत है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ समेत भाजपा के कई नेता रामपुर में जनसभाएं कर चुके हैं।

रामपुर विधानसभा सीट पर पिछले लंबे समय से समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव आजम खां विधायक बनते रहे हैं। इस बार सांसद का चुनाव लड़े और जीत गए। इसके बाद उन्होंने विधानसभा की सदस्यता से इस्तीफा दे दिया। अब यहां उपचुनाव हो रहा है। इस चुनाव में सात प्रत्याशी मैदान में हैं। सपा से आजम खां की पत्नी राज्यसभा सदस्य डॉ. तजीन फात्मा, भाजपा से भारत भूषण गुप्ता, कांग्रेस से अरशद अली खां गुड्डू और बसपा से जुबैर मसूद खां प्रत्याशी हैं। चारों ही प्रत्याशियों ने अपनी जीत के लिए पूरा दमखम लगाया है। प्रत्याशी बनने के बाद से ही प्रचार में जुट गए। रविवार को प्रचार बंद था, लेकिन खामोशी के साथ लोगों से मिलते रहे और अपने समर्थन में वोट की अपील करते रहे।

रामपुर विधानसभा सीट के इतिहास पर नजर डालें तो यहां आजादी के बाद 1951 में हुए पहले चुनाव में कांग्रेस के फजलुल हक विजयी रहे। इसके बाद स्वतंत्र प्रगतिशील विधान मंडलीय दल के असलम खां चुनाव जीते। तीसरे चुनाव में कांग्रेस की किश्वर आरा बेगम और चौथे चुनाव में स्वतंत्र पार्टी के अख्तर अली खां विधायक बने और प्रदेश सरकार में मंत्री रहे। पांचवीं विधानसभा में नवाब सैयद मुर्तजा अली खां विजयी रहे। इसके बाद छठे व सातवें चुनाव में विधानसभा चुनाव में कांग्रेस के शन्नू खां विजयी रहे। आठवीं विधान सभा के लिए 1980 में हुए चुनाव में आजम खां जनता पार्टी से और नौंवे चुनाव में लोकदल से चुनाव जीते। 1989 में जनता दल से तीसरी बार विधायक चुने गए और मंत्री बने। इसके बाद फिर आजम 1991 व 93 में समाजवादी पार्टी से चुनाव जीते, लेकिन 1996 में हार गए। तब कांग्रेस के अफरोज अली खां चुनाव जीते। इसके बाद से 2002, 2007, 2012, 2017 में भी आजम खां ही चुनाव जीते। अब उनके इस्तीफे के बाद उपचुनाव हो रहा है। सियासी दलों को 2017 में मिले वोट

सपा 102100

भाजपा 55258

बसपा 54248

नोटा 1191

मतदान के लिए 11 विकल्प रामपुर : विधानसभा उपचुनाव में मतदान के लिए मतदाताओं को 11 विकल्प दिए गए हैं। जिलाधिकारी आन्जनेय कुमार सिंह ने बताया कि मतदान सुबह सात बजे से शाम छह बजे तक होगा। इस दौरान मतदाता को वोट डालने के लिए मतदाता फोटो पहचान पत्र, पासपोर्ट, ड्राइविग लाइसेंस, राज्य अथवा केन्द्र सरकार के सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रम, पब्लिक लिमिटेड कम्पनियों द्वारा अपने कर्मचारियों को जारी किए गए फोटोयुक्त सेवा पहचान पत्र, बैंकों व डाकघरों द्वारा जारी की गई फोटोयुक्त पासबुक, पैन कार्ड, स्मार्ट कार्ड, मनरेगा जॉब कार्ड, श्रम मंत्रालय की योजना के अन्तर्गत जारी स्वास्थ्य बीमा स्मार्ट कार्ड, फोटोयुक्त पेंशन दस्तावेज, सांसदों विधायकों और विधान परिषद सदस्यों को जारी किए गए शासकीय पहचान पत्र और आधार कार्ड में से कोई एक पहचान पत्र प्रस्तुत करना होगा।

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