Moradabad Coronavirus News : मुरादाबाद में भर्ती बिजनौर का कोरोना संक्रम‍ित मरीज, क‍िया जाएगा ट्रांसफर

जिले में अब एक भी कोरोना एक्टिव मरीज नहीं है। रविवार को बिजनौर से एक कोरोना मरीज शहर के निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। ये अपने जिले का नहीं है। इस लिहाज से इस कोरोना एक्टिव मरीज को बिजनौर में ही शिफ्ट कराया जाएगा।

Narendra KumarMon, 02 Aug 2021 09:37 AM (IST)
कोरोना एक्टिव मरीज को बिजनौर में ही शिफ्ट कराया जाएगा।

मुरादाबाद, जागरण संवाददाता। जिले में अब एक भी कोरोना एक्टिव मरीज नहीं है। रविवार को बिजनौर से एक कोरोना मरीज शहर के निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है। ये अपने जिले का नहीं है। इस लिहाज से इस कोरोना एक्टिव मरीज को बिजनौर में ही शिफ्ट कराया जाएगा।

सीएमओ डा. एमसी गर्ग ने बताया कि हमें अपने जिले में कोरोना केस शून्य रखने के लिए बहुत सतर्क रहना है। शारीरिक दूरी के नियम का कड़ाई से पालन करना है और बिना मास्क के घर से बाहर नहीं निकलना है। 

रामपुर में बनाए पांच पीके वार्ड : रामपुर में कोरोना की तीसरी लहर को लेकर स्वास्थ्य विभाग अलर्ट है। तीसरी लहर में एक माह से 15 वर्ष तक के बच्चों के वायरस की चपेट में आने की आशंका जताई जा रही है, जिसको लेकर शासन से गाइड लाइन जारी होने पर जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग तैयारियों में जुट गया है। ब्लाक स्तर पर सरकारी अस्पतालों में पीकू (पीडियाट्रिक इंटेंसिव केयर यूनिट) वार्ड तैयार किए जा रहे हैं। अभी तक जिले में पांच पीकू वार्ड बनाए जा चुके हैं। इसके अलावा बिलासपुर में आक्सीजन प्लांट लगाया गया है। जिला महिला अस्पताल में भी आक्सीजन प्लांट बनाया जा रहा है, जो 15 अगस्त तक चालू हो जाएगा, जबकि जिला अस्पताल में पहले से ही आक्सीजन प्लांट लगा है।

जिला अस्पताल में सबसे ज्यादा 40 बेड का पीकू वार्ड : बच्चों को कोरोना से बचाव के लिए जिले में 80 बेड के पांच पीकू वार्ड बनाए गए हैं। इनमें अकेले जिला अस्पताल में ही 40 बेड का पीकू वार्ड बनाया गया है। यहां 20 बेड आक्सीजन युक्त और 20 आइसीयू बेड हैं। शाहबाद सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, बिलासपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र और स्वार सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर भी 10-10 बेड का पीकू वार्ड बनाया है। इसके अलावा जौहर यूनिवर्सिटी में भी 10 बेड का अलग पीकू वार्ड तैयार किया गया है। इन सभाी में आठ बेड आक्सीजन युक्त होंगे, जबकि दो-दाे आइसीयू बेड हैं।

24 घंटे चिकित्सक की निगरानी में रहेंगे बच्चे : कोरोना के नोडल अधिकारी का कार्य देख रहे जिला मलेरिया अधिकारी पंकज द्विवेदी ने बताया कि पीकू वार्डाें में बाल रोग विशेषज्ञ के साथ चिकित्सकों की 24 घंटे तैनाती की जाएगी। साथ ही संबंधित चिकित्सीय संसाधन और दवाएं उपलब्ध रहेंगी। इसके अलावा कोरोना से बड़ों को बचाने के लिए जिला अस्पताल में 100 बेड का एल-टू हास्पिटल बना है। जौहर यूनिवर्सिटी में एल-वन हास्पिटल है।

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