Amroha Coronavirus News : संक्रमण में लोगों का सहारा बना कोरोना वॉरियर्स हेल्प ग्रुप, पूरी हो रही प्लाज्मा-ऑक्सीजन और बेड की जरूरत
Amroha Corona Warriors help Group मुरादाबाद मंडल के अमरोहा का कोरोना वॉरियर्स हेल्प ग्रुप महामारी में लोगों की जरूरतें पूरी कर रहा है। कारोना संक्रमितों को ऑक्सीजन बेड प्लाज्मा एंबुलेंस आदि की सुविधाएं मुहैया कराने में मदद की जा रही है।
मुरादाबाद [जगजीत सिंह]। बढ़ते कोरोना संक्रमण के दौरान कुछ लोग मानवता की मिसाल पेश कर रहे हैं। इनमें कोरोना वॉरियर्स हेल्प के नाम से बने ग्रुप में शामिल लोग भी हैं जो ऑक्सीजन, प्लाज्मा, एंबुलेंस और अन्य जरूरी चीजें उपलब्ध करा रहे हैं। इस माह बने इस ग्रुप से अभी तक 40 से अधिक मरीजों की मदद हो चुकी है।
ग्रुप में संभ्रांत लोग, चिकित्सक एवं निस्वार्थ सेवा करने वाले 157 लोग जुड़े हैं। यदि किसी संक्रमित के स्वजन को अस्पताल में बेड, प्लाज्मा, ऑक्सीजन या कहीं जाने के लिए एंबुलेंस आदि की जरूरत होती है तो इस ग्रुप के लोग एक-दूसरे की मदद के लिए मैसेज का आदान-प्रदान करते हैं। इसके बाद ग्रुप में शामिल लोग जरूरतमंदों की मदद करने में जुट जाते हैं। तत्काल ही संबंधित अस्पताल, व्यक्ति, एंबुलेंस चालक, ऑक्सीजन निश्शुल्क देने वाले का नंबर शेयर कर दिया जाता है। इस ग्रुप से जुड़े अरुण दीक्षित ने बताया कि कोरोना वॉरियर्स के ग्रुप की पहल को देखकर चिकित्सक व मेडिकल क्षेत्र के लोग भी जुड़ गए, जो जितनी मदद करता है वह करता है। नहीं तो नंबर ही उपलब्ध करवा देता है।
मेरे परिवार के सदस्य को ऑक्सीजन की जरूरत थी, मैंने ग्रुप से जुड़े अरूण से संपर्क किया। उन्होंने ऑक्सीजन सिलेंडर दिलाने में मदद की।
ललित, धनौरा
कोरोना महामारी के चलते बेड, ऑक्सीजन की किल्लत बनी हुई है। ऐसे में मुझे अपने मरीज के लिए बेड की जरूरत पड़ी थी। मुझे बेड दिलाने के लिए ग्रुप के सदस्यों ने मेरी मदद की।
मनीष, धामपुर, बिजनौर
कोरोना को हराने वाले भी जुड़े
अरूण दीक्षित ने बताया कि कोरोना से ठीक हो चुके लोग भी जुड़े हैं। वह भी अपने अनुभव ग्रुप में साझा करते हैं। यदि किसी को प्लाज्मा चाहिए तो संबंधित व्यक्ति अस्पताल पहुंच जाता है। कोरोना संक्रमण के समय में युवाओं द्वारा शुरू की गई यह पहल चर्चा का केंद्र बनी हुई है। लोग इसकी सराहना कर रहे हैं। अरुण दीक्षित का मानना है कि मानवता से बड़ा कोई धर्म नहीं है। इस संकट की घड़ी में यदि हम किसी के कुछ काम आ सकते हैं तो यह ईश्वर की सेवा के समान है।