आइटीआइ के छात्रों की मेहनत पर फिर रहा पानी

जागरण संवाददाता, मीरजापुर : आइटीआइ परीक्षा में कड़ी मेहनत के बाद भी छात्रों को रिजल्ट में शून्य अंक मिल रहा है। आइटीआइ के छात्र-छात्राएं विभागीय कारगुजारी से त्रस्त हो चुके है। आइटीआइ कालेज व उच्चाधिकारियों से शिकायत के बाद भी समस्या का समाधान नहीं हो सका। थक हारकर मजबूरन आइटीआइ छात्र-छात्राओं को जिला मुख्यालय पर गुरुवार को प्रदर्शन करना पड़ा। आइटीआइ छात्र संघ समिति के तत्वावधान में छात्रों ने जिला मुख्यालय पर जोरदार प्रदर्शन कर समस्या समाधान की मांग की। साथ ही छात्रों ने जिलाधिकारी के माध्यम से मुख्यमंत्री को पत्रक भेजकर समस्या समाधान की मांग की। आइटीआइ छात्रों ने आनलाइन परीक्षा का विरोध करते हुए स्थगित करने और पुन: लिखित परीक्षा कराने की मांग की।

छात्र राहुल प्रजापति ने कहा कि बीते चार वर्ष से घोषित हो रहे परीक्षा परिणाम की त्रुटियों को दुरुस्त कराया जाए। छात्रों की समस्या का समाधान न होने पर छात्र आंदोलन करने को बाध्य होंगे। श्याम नारायण ने कहा कि अभी तक द्वितीय वर्ष के छात्रों का रिजल्ट घोषित नहीं किया गया है, जिसके चलते द्वितीय वर्ष के छात्रों का छात्रवृत्ति फार्म अग्रसारित नहीं हो पा रहा है। इसके चलते छात्रों को विभागीय लापरवाही के चलते छात्रवृत्ति से वंचित होना पड़ सकता है। शिव सागर यादव ने कहा कि कई छात्रों के अंकपत्र में माता-पिता, जन्मतिथि आदि में त्रुटियां है। बीते छह वर्ष से विभाग द्वारा इन त्रुटियों को दुरुस्त नहीं कराया गया है। इस दौरान अरूण प्रजापति, अरविद कुमार, मनोज कुमार, राज कुमार सिंह, विवेक चौबे, शिव यादव आदि ने समस्याओं के निराकरण की मांग की।

1952 से 2020 तक इन राज्यों के विधानसभा चुनाव की हर जानकारी के लिए क्लिक करें।

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.