बिजनौर में पानी से भरी बाल्टी में गिरने से मासूम की दर्दनाक मौत, परिजनों में मची चीख-पुकार

बिजनौर में पानी से भरी बाल्टी में गिर कर डेढ़ वर्षीय मासूम बच्ची की दर्दनाक मौत हो गई। बच्ची की मौत से परिजनों में चीख-पुकार मच गई। दो भाइयों की अकेली बहन थी नव्या। बच्ची की मौत के बाद परिजनों का रो रो कर बुरा हाल है।

Taruna TayalPublish:Sun, 28 Nov 2021 07:48 PM (IST) Updated:Sun, 28 Nov 2021 07:48 PM (IST)
बिजनौर में पानी से भरी बाल्टी में गिरने से मासूम की दर्दनाक मौत, परिजनों में मची चीख-पुकार
बिजनौर में पानी से भरी बाल्टी में गिरने से मासूम की दर्दनाक मौत, परिजनों में मची चीख-पुकार

बिजनौर, जेएनएन। पानी से भरी बाल्टी में गिर कर डेढ़ वर्षीय मासूम बच्ची की दर्दनाक मौत हो गई। बच्ची की मौत से परिजनों में चीख-पुकार मच गई। दो भाइयों की अकेली बहन थी नव्या।

यह है मामला 

क्षेत्र के ग्राम तुख्मापुर निवासी भीम सिंह की डेढ़ वर्षीया पुत्री नव्या को घर में अकेला छोड़कर परिजन रविवार की दोपहर तीन बजे पास में ही स्थित खेत पर काम करने चले गए थे। बताया जाता है कि नव्या घर के आंगन में पानी से भरी रखी बाल्टी के पास पहुंच गई और पानी में खेलते समय में बाल्टी के अंदर सिर के बल गिर गई, जिससे मासूम की मौके पर ही दर्दनाक की हो गई। घर पहुंचे मासूम के माता पिता ने किया बेटी को पानी की बाल्टी में पड़े देखा तो चीख-पुकार मच गई। परिजन आनन-फानन में बच्चे को सीएचसी लाए जहां डा. कुनाल ने उसे मृत घोषित कर दिया। बच्ची की मौत के बाद परिजनों का रो रो कर बुरा हाल है। मौके पर मौजूद हर शख्स मासूम की मौत पर गमगीन दिखाई दिया।

डा. कुनाल ने दर्द महसूस करते हुए बताया कि क्षेत्र में छोटे बच्चों के साथ इस तरह की घटनाएं सर्वाधिक सामने आ रही है। आखिर छोटे बच्चों के परिजन इस प्रकार की लापरवाही क्यों वरत रहे हैं। परिजनों को चाहिए कि वह अपने छोटे बच्चों का ध्यान रखें। जिस घर में छोटे बच्चे हो उस घर में पानी से भरी बाल्टी कदापि न रखें और कीटनाशक दवाइयां भी उनकी पहुंच से दूर रखें। क्योंकि छोटे बच्चे शरारती होते हैं। वह खेल खेल में घर के अंदर कहीं भी पहुंच सकते हैं।

चार माह पूर्व भी हुई थी, एक मासूम की मौत

इधर इससे पूर्व भी क्षेत्र में 12 जुलाई 2021 को इसी प्रकार की झकझोर देने वाली एक और घटना पूर्व में घटित हो चुकी है, जिसमें नगर के मोहल्ला अकाबरान निवासी शानू शम्सी का एक वर्षीय पुत्र रोहन दोपहर के समय आंगन में खेल रहा था। खेलते-खेलते वह बाथरूम में पहुंच गया था और वहां रखी पटरी के सहारे खड़ा होने की कोशिश में पानी से भरी बाल्टी में जा गिरा था। कुछ देर बाद मां ने तलाश की तो बच्चा बाल्टी में सिर के बल पड़ा मिलाथा। बालक को बाल्टी से निकालकर देखा तो उसकी मौत हो चुकी थी। हादसे के बाद से स्‍वजन बच्चे की यादों को अपने मन में संजोए गमजदा हैं।