भूमि पूजन, आमान परिवर्तन की राह पर एक और कदम

ब्रिटिश शासनकाल में बिछाए गए दोहरीघाट-इंदारा रेल मार्ग के आमान परिवर्तन की चिरप्रतीक्षित आस को रविवार को एक संबल मिला है। ठेका लेने वाली कंपनी जयशक्ति इंफ्राकान एवं कैलाश इंटरप्राइजेज के तत्वावधान में नगर के रेलवे स्टेशन पर भूमि पूजन से रेलवे ने इस राह में एक और कदम बढ़ाया है।

JagranPublish:Sun, 02 Dec 2018 05:43 PM (IST) Updated:Sun, 02 Dec 2018 09:42 PM (IST)
भूमि पूजन, आमान परिवर्तन की राह पर एक और कदम
भूमि पूजन, आमान परिवर्तन की राह पर एक और कदम

जागरण संवाददाता, घोसी (मऊ) : ब्रिटिश शासनकाल में बिछाए गए दोहरीघाट-इंदारा रेल मार्ग के आमान परिवर्तन की चिरप्रतीक्षित आस को रविवार को एक संबल मिला है। ठेका लेने वाली कंपनी जयशक्ति इंफ्राकान एवं कैलाश इंटरप्राइजेज के तत्वावधान में नगर के रेलवे स्टेशन पर भूमि पूजन से रेलवे ने इस राह में एक और कदम बढ़ाया है।

दरअसल ब्रिटिश जमाने की इस रेल लाइन पर कभी भटनी, शाहगंज एवं हावड़ा सहित दोहरीघाट-इंदारा के बीच ट्रेन चलती थी। नब्बे के दशक में इंदारा जंक्शन के ब्राड गेज हो जाने से उक्त ट्रेनें बंद कर दी गई। इस मार्ग पर कई वर्ष बाद रेलबस सेवा प्रारंभ हुई पर वह भी फरवरी 18 से बंद हो गई। ऐसे में घोसी संघर्ष समिति के नेतृत्व में तमाम सामाजिक संगठन एवं राजनीतिक दल रेलबस चलाए जाने या गेज परिवर्तन की मांग को लेकर धरना प्रदर्शन करते रहे हैं। कारण यह कि आमान परिवर्तन की घोषणा के अनुसार रेल राज्य मंत्री मनोज सिन्हा ने इंदारा में इंदारा-दोहरीघाट रेल मार्ग का 20 अक्टूबर 2016 को शिलान्यास किया था। बावजूद इसके कार्य प्रारंभ नहीं हो सका। इस मुद्दे को लेकर गंभीर सांसद हरिनरायन राजभर ने 26 अगस्त 2018 को ही बजट स्वीकृत होने के बावजूद टेंडर की प्रक्रिया पूरी न किए जाने का मुद्दा रेल मंत्रालय एवं रेलवे बोर्ड के समक्ष उठाया। दोनों ही दरवाजे कई बार खटखटाने का प्रयास काम आया और बोर्ड ने गेज परिवर्तन हेतु 130.81 करोड़, सिग्नल एवं ट्रैफिक नियंत्रण हेतु 25.48 करोड़ एवं विद्युतीकरण कार्य हेतु 57.06 करोड़ रुपये की लागत से होने वाले कार्य के टेंडर की प्रक्रिया पूरी हो की। उधर संघर्ष समिति दोहरीघाट से लेकर जिला मुख्यायल तक धरना देती रही। परिणाम यह कि रविवार को टेंडर लेने वाली कंपनी जयशक्ति इंफ्राकान के अमितेश ¨सह एवं शिवानंद ¨सह एवं कैलाश इंटरप्राइजेज के आलोक ¨सह अंशू, राना नागेश प्रताप ¨सह एवं आनंद शेखर ¨सह ने यजमान की भूमिका अदा करते हुए वैदिक रीति से भूमि पूजन किया। इन्होंने शीघ्र ही कार्य प्रारंभ होने का दावा किया है। उधर संघर्ष समिति के अध्यक्ष अर¨वद कुमार पांडेय, संरक्षक अब्दुल मन्नन, खुर्शीद खान, सुदर्शन, अनिल कुमार मिश्रा, मुन्नू वर्मा एवं भाजपा नेता नागेंद्र मद्धे्िशया, रवींद्र उपाध्याय आदि ने शीघ्र कार्य प्रारंभ न होने पर दोबारा आंदोलन चलाए जाने की बात कही है।