UP 69000 Sarkari Shikshak Bharti: सहायक शिक्षकों को 30 अक्टूबर तक आवंटित हो जाएंगे विद्यालय

सहायक अध्यापकों को विद्यालय आवंटित करने के लिए 26 से 28 अक्टूबर तक जिलों में काउंसिलिंग आयोजित की जाएगी।
Publish Date:Thu, 22 Oct 2020 12:21 AM (IST) Author: Umesh Tiwari

लखनऊ, जेएनएन। UP 69000 Sarkari Shikshak Bharti: उत्तर प्रदेश के परिषदीय प्राथमिक स्कूलों में 69 हजार शिक्षकों की भर्ती के सापेक्ष चयनित 31,277 सहायक अध्यापकों को नियुक्ति पत्र सौंपे जाने के बाद शासन ने अब उन्हें विद्यालयों में तैनात करने के लिए समय सारिणी जारी कर दी है। चयनित सहायक अध्यापकों को विद्यालय आवंटित करने के लिए 26 से 28 अक्टूबर तक जिलों में काउंसिलिंग आयोजित की जाएगी। विद्यालय आवंटन की कार्यवाही 29 और 30 अक्टूबर को होगी। सहायक अध्यापकों को 31 अक्टूबर से तीन नवंबर तक आवंटित विद्यालय में कार्यभार ग्रहण करना होगा।

बेसिक शिक्षा विभाग की अपर मुख्य सचिव रेणुका कुमार ने बुधवार को इस बारे में शासनादेश जारी कर दिया। गौरतलब है कि चयनित सहायक अध्यापकों को बीती 16 अक्टूबर को नियुक्ति पत्र दिये गए थे और संबंधित जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी कार्यालय में ज्वाइन करने के लिए कहा गया था। शासनादेश में कहा गया है कि चयनित सहायक अध्यापकों की तैनाती अध्यापक तैनाती नियमावली और इस बारे में समय-समय पर जारी शासनादेशों के अनुसार विद्यालयों में की जाए।

सहायक अध्यापकों की तैनाती में निश्शुल्क एवं अनिवार्य बाल शिक्षा का अधिकार नियमावली, 2011 में निर्धारित छात्र-शिक्षक अनुपात का खास ध्यान रखा जाए। किसी भी हालत में नवचयनित अध्यापकों की तैनाती ऐसे स्कूलों में नहीं की जाएगी जहां पहले से ही नियमावली, 2011 के मानकों के अनुसार शिक्षक तैनात हों। विद्यालय आवंटन के लिए जिला स्तर पर होने वाली काउंसिलिंग में नवचयनित सहायक अध्यापक का व्यक्तिगत रूप से मौजूद रहना जरूरी है। किसी भी स्थिति में प्रतिस्थानी को शामिल नहीं कराया जाएगा। काउंसिलिंग में उपस्थित हुए बिना किसी भी सहायक अध्यापक को विद्यालय आवंटित नहीं किया जाएगा।

सहायक अध्यापकों को विद्यालय आवंटन से जुड़ी सभी कार्यवाही जिलाधिकारी के निर्देशन में अध्यापक तैनाती नियमावली में दी गई व्यवस्था के अनुसार तैनाती समिति संपन्न कराएगी। काउंसिलिंग और विद्यालय आवंटन की कार्यवाही पूरी पारदर्शिता व शुचितापूर्ण तरीके से कराने के लिए जिलाधिकारी को काउंसिलिंग स्थल पर किसी वरिष्ठ अधिकारी को नामित करना होगा, जिसकी देखरेख में इसे संपन्न किया जाएगा। काउंसिलिंग स्थल पर कोविड-19 से सुरक्षा के सभी प्रोटोकॉल का पालन कराने का निर्देश दिया गया है। तैनाती से संबंधित सभी कार्यवाही सुप्रीम कोर्ट में विचाराधीन विशेष अनुज्ञा याचिका में पारित होने वाले अंतिम निर्णय के अधीन होगी।

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.