जल निगम ने किया कई बीघे जमीन पर कब्जा, एलडीए की लापरवाही का नतीजा भुगत रहे मालिक

लखनऊ में जल निगम के कब्जे की वजह से जमीन मालिक पिछले कई सालों से परेशान।

लविप्रा ने एक बीघे अर्जित करके चुन्नी देवी का मुआवजा दिया था और जल निगम को कब्जा। जल निगम ने अधिकांश जमीन पर कब्जा कर लिया। पीड़ित ने मांग की है कि या तो जमीन वापस कर दी जाए या फिर जमीन का मुआवजा वर्तमान रेट की दर से दें।

Rafiya NazSun, 11 Apr 2021 01:09 PM (IST)

लखनऊ, जेएनएन। लखनऊ विकास प्राधिकरण (लविप्रा की ढिलाई के कारण चुन्नी देवी पिछले कई सालों से परेशान है। उनकी अधिकांश जमीन पर जल निगम ने अपना कब्जा ले रखा है, वहीं कुछ जमीन पर अन्य लोगों ने कब्जा कर लिया है। लविप्रा के पास शिकायत पहुंची तो टीम ने निरीक्षण करके मामला सही पाया। लविप्रा ने एक बीघे अर्जित करके चुन्नी देवी का मुआवजा दिया था और जल निगम को कब्जा। वहीं जल निगम ने अधिकांश जमीन पर कब्जा कर लिया। वर्तमान में जमीन की कीमत पांच से आठ करोड़ रुपये बीघे है। पीड़ित ने लविप्रा उपाध्यक्ष से पत्राचार करके मांग की है कि या तो जमीन वापस कर दी जाए या फिर जमीन का मुआवजा वर्तमान रेट की दर से दिया जाए।

लविप्रा के नजूल अधिकारी आनंद कुमार सिंह ने बताया कि टीम ने मौके का निरीक्षण किया है। निरीक्षण में जल निगम द्वारा जमीन पर कब्जा पाया गया है। यह भूलवश हुआ यह शारात, यह जांच का विषय है। उन्होंने बताया कि जमीन संबंधित विभाग से खाली कराकर लेने की बात चल रही है। अगर उन्हें जमीन चाहिए होगी तो जमीन मालिक चुन्नी देवी को मुआवजे की रकम देनी हाेगी, जो वतमान दर के हिसाब से पचास से साठ करोड़ के आसपास बैठेगी। दो दिन पहले लखनऊ विकास प्राधिकरण की पूरी टीम ने मौके का मुआयना किया और टीम ने जांच में पाया कि चुन्नी देवी का दावा बिल्कुल ठीक है। क्योंकि जो खसरा संख्या दर्ज है उसमें चुन्नी देवी के नाम जमीन दर्ज है।

लविप्रा के नजूल अधिकारी, आनंद कुमार सिंह ने बताया कि नियमानुसार जो कार्रवाई होगी, उसे ही किया जाएगा। मौके का निरीक्षण किया जा चुका है, जमीन को लेकर अभी स्थिति और स्पष्ट हो जाएगी। जल्द ही फैसला होगा। 

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