अवैध निर्माण के दोषी अभियंताओं पर कार्रवाई की तैयारी

शहर में अवैध निर्माण होने से केडीए के अभियंताओं की कमाई हो रही है।

JagranWed, 23 Jun 2021 02:08 AM (IST)
अवैध निर्माण के दोषी अभियंताओं पर कार्रवाई की तैयारी

जागरण संवाददाता, कानपुर : शहर में अवैध निर्माण होने से केडीए के अभियंताओं की कमाई हो रही है, लेकिन राजस्व की क्षति नगर निगम उठा रहा है। नगर निगम सदन में पार्षदों ने यह बात कही। उन्होंने बताया कि न तो बिल्डर मलबा शुल्क दे रहे हैं और न ही मूलभूत सुविधाओं का ध्यान रखा जा रहा है। बिना पार्किंग निर्माण होने से यातायात व्यवस्था ध्वस्त हो रही है। इस पर महापौर प्रमिला पांडेय ने सदन को आदेश दिए कि पिछले दस साल में बने अवैध निर्माण की जांच कराके दोषी तत्कालीन अधिशाषी अभियंता, सहायक अभियंता और अवर अभियंता के खिलाफ कार्रवाई के लिए शासन को पत्र लिखा जाए।

कांग्रेस पार्षद दल के नेता कमल शुक्ल बेबी ने कहा कि केडीए अभियंताओं की मिलीभगत से बिना मानकों के स्वरूप नगर जैसे पॉश इलाके में बेसमेंट बन रहे हैं। नवीन पंडित ने मानकों का पालन न होने का मुद्दा उठाया। कहा कि निगम को मलबा शुल्क नहीं मिल रहा है। जनता को भी परेशानी हो रही है। ऐसी इमारतों पर कार्रवाई की जाए। केडीए के अधिशासी अभियंता अतुल मिश्र ने कहा कि कार्रवाई की जा रही है। इस पर पार्षदों ने कहा कि शहर में अवैध सैकड़ों इमारतें बन रही हैं। पार्षद अभिषेक गुप्ता, अरविद यादव सौरभ देव, संजय यादव ने कहा कि ऐसी इमारतों को चिह्नित कर नगर निगम अपने अभियंताओं से जांच कराए। नगर आयुक्त ने बताया कि मलबा शुल्क केडीए से लिया जा रहा है। इस पर महापौर ने पूछा कि अवैध निर्माणों का मलबा शुल्क कहां जमा होता है।

डाउनलोड करें हमारी नई एप और पायें अपने शहर से जुड़ी हर जरुरी खबर!

रोमांचक गेम्स खेलें और जीतें
एक लाख रुपए तक कैश अभी खेलें

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.