top menutop menutop menu

पावर ट्रांसफार्मर खराब होने से सात हजार इकाइयों का उत्पादन ठप

जागरण संवाददाता, कानपुर: दादानगर ट्रांसमिशन सबस्टेशन का 63 एमवीए पावर ट्रांसफार्मर खराब होने से शहर की सात हजार से अधिक औद्योगिक इकाइयों में कामकाज ठप हो गया। इन इकाइयों की बिजली गुल होने से एक दिन में 70 करोड़ रुपये के नुकसान का अनुमान है। ट्रांसफार्मर खराब होने के बाद 40 एमवीए ट्रांसफार्मर से रोस्टर के मुताबिक बिजली आपूर्ति की जाएगी। उत्पादन ठप होने से नाराज उद्यमियों का कहना है कि सबसे ज्यादा राजस्व देने के बाद भी उनके लिए विद्युत सप्लाई की कोई वैकल्पिक व्यवस्था नहीं है।

दादानगर ट्रांसमिशन सबस्टेशन का 63 एमवीए के पावर ट्रांसफार्मर ने सुबह 8.20 बजे काम करना बंद कर दिया। पावर ट्रांसफार्मर बंद होने से इस्पातनगर सबस्टेशन के एडीसी ओल्ड, जी-29 फीडर, मीता सराय सबस्टेशन के जी-34, एलपीजी 1, 2 व 3, जी-27, जी-29, 11 केडी, बी ब्लाक, वीके पेकवेल, मेन-177, मेन 207, दादानगर ईस्ट, एवॉन, स्पेयर, इनमें अपट्रान स्टेट व पनकी-1,2,3,4 व 5 स्थित उद्योग का उत्पादन रूक गया है। नया पावर ट्रांसफार्मर लगने में एक सप्ताह का समय लगेगा। उद्यमियों का कहना है कि भले ही इस दौरान 40 एमवीए पावर ट्रांसफार्मर से रोस्टर के मुताबिक आपूर्ति की जाए लेकिन सात दिन में एक फैक्ट्री को सिर्फ दो दिन आपूर्ति हो सकेगी। बाकी दिन जनरेटर से बिजली का इस्तेमाल करना होगा। जनरेटर चलाने में पूरे दिन में लगभग एक लाख रुपये का खर्च एक फैक्ट्री पर आएगा। इसके अलावा उत्पादन पर भी गहरा असर पड़ेगा।

------

पावर ट्रांसफार्मर खराब होने से सात हजार फैक्ट्रियों की की बिजली आपूर्ति ठप हो गई है। हर फैक्ट्री को एक लाख रुपये का प्रतिदिन नुकसान होगा। जब तक नया ट्रांसफार्मर नहीं लगता है उद्योगपतियों को नुकसान उठाना पड़ेगा। 40 एमवीए ट्रांसफार्मर से रोस्टर के मुताबिक बिजली से बहुत कम उत्पादन हो सकेगा। सबसे ज्यादा राजस्व देने के बाद भी ट्रांसफार्मर की वैकल्पिक व्यवस्था नहीं है।

मनोज बंका, प्रांतीय अध्यक्ष, प्राविशियल इंडस्ट्रीज एसोसिएशन

--

ट्रांसफार्मर खराब होने से हजारों उद्योगों में हर दिन लगभग 60 करोड़ रुपये का डीजल इस्तेमाल होगा। उत्पादन भी आधा होगा। पहले 63 एमवीए तथा 40 एमवीए के ट्रांसफार्मर से फैक्ट्रियों को आपूर्ति होती थी। अब सिर्फ 40 एमवीए ट्रांसफार्मर से रोस्टर के मुताबिक बिजली मिलेगी। इससे हर फैक्ट्री को सिर्फ दो दिन ही बिजली मिल सकेगी। बाकी के दिन जनरेटर पर निर्भर रहना पड़ेगा। नए ट्रांसफार्मर के लगने व आपूर्ति शुरू होने में लगभग 10 दिन का समय लगेगा।

सुमित चावला, चावला इलेक्ट्रोड कंपनी

--

लॉकडाउन ने पहले ही उद्योगों का बुरा हाल कर रखा है, उत्पादन शुरु हुआ तो पावर ट्रांसफार्मर दगा दे गया। पैकिग मैटीरियल के उत्पादन के लिए बिजली बहुत जरूरी है। बिजली उपलब्ध न होने से इससे जुड़े दूसरे उद्योग भी प्रभावित होंगे। एक सप्ताह में उद्योगों को काफी नुकसान उठाना पड़ेगा। केस्को को जितने दिन आपूर्ति नहीं हो, उतने दिनों का फिक्स्ड व अन्य चार्ज माफ करने चाहिए। उत्पादन न होने से आवश्यक वस्तुओं की पूर्ति भी बंद हो जाएगी।

बृजेश अवस्थी, प्रिट फ्लेक्स लेमिनेटर

---

ढाई करोड़ रुपये का था 63 एमवीए पावर ट्रांसफार्मर:

दादानगर ट्रांसमिशन सबस्टेशन का पावर ट्रांसफार्मर ढाई करोड़ रुपये का था। ट्रांसमिशन सबस्टेशन पर दो पावर ट्रांसफार्मर लगे हैं। एक 63 एमवीए तथा दूसरा 40 एमवीए का। रात को 63 ट्रिप हो गया। इसकी जांच की गई तो यह क्षतिग्रस्त हो चुका था। ट्रांसफार्मर को ठीक करने का कोई विकल्प न होने पर इसे बदलने का फैसला लिया गया। कन्नौज से पावर ट्रांसफार्मर मंगाया गया है। फिलहाल रोस्टर के मुताबिक बिजली आपूर्ति की जाएगी। ट्रांसफार्मर आने व इससे आपूर्ति किए जाने में एक सप्ताह का वक्त लगेगा।

---

दादा नगर डिवीजन में विद्युत आपूर्ति का रोस्टर

आपूर्ति रात 8 बजे से अगले दिन सुबह 8 बजे तक

7 जुलाई

दादा नगर सबस्टेशन, आंशिक इस्पात नगर सबस्टेशन, सभी स्वतंत्र फीडर

8 जुलाई

पालीमर सबस्टेशन, आंशिक इस्पात नगर सबस्टेशन, सभी स्वतंत्र फीडर

9 जुलाई

मीता सराय सबस्टेशन, उद्योगकुंज सबस्टेशन, सभी स्वतंत्र फीडर

10 जुलाई

दादा नगर सबस्टेशन, आंशिक इस्पात नगर सबस्टेशन, सभी स्वतंत्र फीडर

11 जुलाई

पालीमर सबस्टेशन, आंशिक इस्पात नगर सबस्टेशन, सभी स्वतंत्र फीडर

12 जुलाई

मीता सराय सबस्टेशन, उद्योगकुंज सबस्टेशन, सभी स्वतंत्र फीडर

इसके अतिरिक्त शेष सभी सबस्टेशनों पर आपूर्ति बाधित रहेगी। रात में भार की उपलब्धता होती है तो आवश्यकतानुसार अन्य फीडरों पर भी विद्युत आपूर्ति उपलब्ध कराई जा सकती है

---

उद्यमी संगठनों की सहमति के बाद रोस्टर बनाया गया है। मंगलवार से यही रोस्टर लागू होगा। नया पावर ट्रांसफार्मर कन्नौज से मंगाया जा रहा है। इसे लेने के लिए ट्रांसमिशन के एसडीओ भय्या लाल गए हैं। 40 एमवीए ट्रांसफार्मर से घरेलू व स्वतंत्र फीडरों को आपूर्ति दी जाएगी। बाकी रोस्टर के मुताबिक आपूर्ति होगी।

संतोष तिवारी, एसडीओ दादानगर

---

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.