कानपुर में तीन वर्ष से नहीं बन सका गोविंद नगर वाल्व का लीकेज, अधिकारी नहीं सुनते जनता की शिकायत

मरम्मत के लिए जलकल को पत्राचार किया गया

पानी सड़क व पुल के रिस-रिस कर जाता है। इसमें सबसे ज्यादा प्रभाव सड़क पर पड़ता है। सड़क में हिचकौले गड्ढे हो गए हैं। पुल से चढऩे पर वाहन सवार फर्राटा भरते हुए आता है। जैसे ही वाहन सवार पुल पर पहुंचते हैं

Publish Date:Tue, 12 Jan 2021 03:29 PM (IST) Author: Akash Dwivedi

कानपुर, जेएनएन। पुराने गोविंदपुरी पुल किनारे लगा जलकल के वाल्व में पिछले तीन वर्ष से लीेकेज है। इस वजह से सड़क उखड़ती जा रही है। इसका खमियाजा जनता को भुगतना पड़ रहा है। सर्वोदय नगर, फजलगंज, मरियमपुर, नरेंद्र मोहन सेतु की ओर से गोविंदनगर, बर्रा, कर्रही, साकेत नगर, चावला मार्केट, नंदलाल चौराहा समेत अन्य इलाकों में जाने के लिए लोग पुराने गोविंदपुरी पुल से होकर जाते हैं। पुल में रेलवे व पीडब्ल्यूडी के हिस्से के बीच में जलकल का वाल्व लगा हुआ है। इससे 24 घंटे पानी का रिसाव होता है। पानी सड़क व पुल के रिस-रिस कर जाता है। इसमें सबसे ज्यादा प्रभाव सड़क पर पड़ता है। सड़क में हिचकौले गड्ढे हो गए हैं। पुल से चढऩे पर वाहन सवार फर्राटा भरते हुए आता है। जैसे ही वाहन सवार पुल पर पहुंचते हैं तो उन्हेंं वाहन को रोकना पड़ता और धीरे-धीरे पुल को पार करते हैं। वही, पीडब्लयूडी अधीशाषी अभियंता मुकेश चंद्र शर्मा ने बताया कि वाल्व मरम्मत के लिए जलकल को पत्राचार किया गया है।

पुल पर सजने लगी मंडी

फोरलेन पुल पर चढ़ते ही फुटपाथ पर सब्जी मंडी लगती है। इस वजह से पुल पर जाम की स्थिति बन जाती है।

जाल होने लगें कमजोर, फुटपाथ भी बदहाल

पुल के किनारे लगे जाल कमजोर हो चुके हैं। कई जगह तो लोहा गल गया है। इसके साथ ही फुटपाथ में गड्ढे हो गए हैं। यह पैदल सवार लोगों के लिए खतरनाक है।

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.