बड़े बाजारों में बंदी, छोटे बंद कराने में मशक्कत

जागरण संवाददाता, कानपुर : पेट्रोल-डीजल की बढ़ती कीमतों और महंगाई समेत अन्य मुद्दों पर कांग्रेस के भारत बंद का असर शहर में मिला-जुला रहा। शहर के बड़े बाजार बंद थे जबकि छोटे बाजारों को बंद कराने में कांग्रेसियों को खासी मशक्कत करनी पड़ी। शहर के बाहरी क्षेत्रों में बाजार बंद कराने की जिम्मेदारी वार्ड अध्यक्षों को दी गई थी जिन्होंने टोली बनाकर बाजार बंद कराई। हालांकि कई बाजारों की दुकानें कार्यकर्ताओं के जाते ही खुल गई।

शहर कांग्रेस कमेटी के नेतृत्व में परेड स्थित शिक्षक पार्क से कांग्रेसियों ने वाहन जुलूस निकाला। पूर्व केंद्रीय मंत्री श्रीप्रकाश जायसवाल अपनी कार में तो पूर्व केंद्रीय मंत्री एवं सांसद राजीव शुक्ला कार्यकर्ताओं के साथ बाइक पर निकले। पार्टी के बड़े नेताओं की उपस्थिति ने कार्यकर्ताओं का जोश बढ़ा दिया था। नवीन मार्केट में खुली कुछ दुकानों को हाथ जोड़कर बंद कराने के बाद जुलूस परेड होते हुए साइकिल मार्केट पहुंचा। यहां दुकानें सजी थीं जिन्हें दो बजे तक बंद करने की अपील कार्यकर्ताओं ने की। इस अपील पर कुछ दुकानदारों ने सामान समेटना शुरू किया लेकिन जुलूस के आगे बढ़ते ही फिर दुकानें खुल गई। यतीमखाना से होते हुए कांग्रेसी परेड किताब मार्केट पहुंचे। सरकार विरोधी नारेबाजी कर दुकानें बंद करने की मनुहार की। यहां भी कांग्रेसियों की सुनने वाले बहुत कम दुकानदार थे। अस्पताल रोड पर कई शोरूम जबरन बंद कराए गए जो कांग्रेसियों के आगे बढ़ते ही फिर खुल गए। कार्यकर्ताओं की दुकानें बंद कराने की जद्दोजहद शिवाला पर खत्म हुई। दरअसल यहां लोगों ने स्वत: दुकानें बंद कर रखी थीं। बड़ा चौराहा से कांग्रेसी मालरोड होते हुए बिरहाना रोड पहुंचे तो सर्राफा समेत अधिकतर दुकानें और छोटे बड़े शोरूम बंद मिले। इक्का दुक्का दुकानों को बंद कराने के लिए कांग्रेसियों ने दुकानदारों को महंगाई का वास्ता देकर दुकानें बंद कराई। नयागंज की किराना मार्केट में अधिकतर दुकानें बंद थीं। यहां एक किराना दुकानदार से दुकान बंद करने की विनय करने पहुंचे शहर कांग्रेस अध्यक्ष हरप्रकाश अग्निहोत्री से उसकी तू तू मैं मैं हो गई। अन्य कांग्रेसी भी पहुंचे और बहस शुरू हुई तो दुकानदार ने कुछ सामान समेटना शुरू किया पर दुकान बंद नहीं की। इसके चलते सड़क पर जाम लग गया जिसमे जिलाधिकारी का काफिला फंस गया हालांकि कांग्रेसियों के आगे बढ़ते ही यातायात सामान्य हो गया। कांग्रेसी जुलूस लेकर एक्सप्रेस रोड और फिर मेस्टन रोड पहुंचे। अब तक दोपहर के सवा एक बज चुके थे। पूरी तरह खुली मेस्टन रोड, चौक और चौक सराफा को बंद कराने में कांग्रेसियों को काफी मशक्कत करनी पड़ी। कांग्रेसी दो बजे तक बंद करने का आह्वान कर रहे थे, दुकानदार बोले एक घंटे के लिए क्या बंद करें। मजबूरन, कांग्रेसी वापस तिलक हाल पहुंचे जहां जुलूस समाप्त हो गया। जुलूस में शंकर दत्त मिश्र, पूर्व विधायक भूधर नारायण मिश्र, कुलदीप सिंह, शरद मिश्र, अशोक धानविक, आलोक मिश्रा, केके तिवारी, इकबाल अहमद, कृपेश त्रिपाठी, कमल जायसवाल, निजामुद्दीन खां, ग्रीनबाबू सोनकर, अभिनव तिवारी, अनूप श्रीवास्तव, बबलू त्रिपाठी आदि कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

--------

कड़ी सुरक्षा व्यवस्था

कानपुर : कांग्रेस के भारत बंद को देखते हुए जिलाधिकारी और एसएसपी खुद लाव लश्कर के साथ शहर के विभिन्न क्षेत्रों में भ्रमण करते रहे। उधर, बड़ा चौराहा पर पुलिस व प्रशासनिक अफसर दो बजे तक आरएएफ, पीएससी और पुलिस बल के साथ मुस्तैद रहे। शहर के दूसरे बाजारों में भी पुलिस चौकन्ना थी।

This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.